बांग्लादेश में सोमवार (21 जुलाई) को एक बड़ा हादसा हुआ। ढाका के उत्तरा में स्थित एक स्कूल-कॉलेज के परिसर में लड़ाकू विमान गिर गया। इस घटना के बाद बांग्लादेश की सेना की तरफ से बयान जारी किया गया है, जिसमें बताया गया है कि फाइटर जेट स्कूल की बिल्डिंग से टकरा गया। इस हादसे में कम से कम 19 लोगों की मौत हुई, जबकि 150 से ज्यादा लोग घायल हो गए। बांग्लादेशी मीडिया के मुताबिक, यह हादसा एक ट्रेनिंग विमान के माइलस्टोन स्कूल एंड कॉलेज की दो मंजिला बिल्डिंग में घुसने से हुआ। जो लोग घायल हुए उनमें 60 से ज्यादा छात्र-छात्राएं हैं। इसके अलावा कुछ शिक्षक भी गंभीर रूप से जख्मी हुए हैं। बताया गया है कि हादसे में ट्रेनिंग विमान के पायलट की भी मौत हो गई। हालांकि, जब लड़ाकू विमान क्रैश हुआ था, तब पायलट जिंदा था और उसे बचाने की काफी कोशिशें की गईं।
बांग्लादेश के इंटर सर्विसेज पब्लिक रिलेशन विभाग की तरफ से जारी प्रेस रिलीज में बताया गया है कि जिस ट्रेनिंग एयरक्राफ्ट से हादसा हुआ, वह चीन का एफ-7बीजीआई लड़ाकू विमान था। इसे बांग्लादेश में नए पायलटों को प्रशिक्षित करने और छोटी-मोटी कॉम्बैट भूमिकाओं के लिए तय किया गया था। सोमवार को इस ट्रेनिंग जेट को फ्लाइट लेफ्टिनेंट तौकीर इस्लाम सागर उड़ा रहे थे। वे मौजूदा समय में बांग्लादेश वायुसेना की 35वीं स्क्वाड्रन का हिस्सा थे।
बांग्लादेश की मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, सागर ने इसी साल फ्लाइट ट्रेनिंग में पीटी-6 एयरक्राफ्ट के साथ अपने 100 घंटे पूरे किए थे। इसके बाद वे 15वीं स्क्वाड्रन का हिस्सा बने थे, जहां वे 60 घंटे तक प्रशिक्षण ले चुके थे। 35वीं स्क्वाड्रन में रहते हुए वे सोमवार को एक सहायक पायलट के साथ पहले ही उड़ान भर चुके थे। इसके बाद वे दोपहर में करीब 1.06 बजे अपने पहले सोलो मिशन पर ढाका के कुर्मीटोला इलाके में स्थित बांग्लादेश वायुसेना के बंगबंधु बेस से निकले थे। लेकिन, रूटीन ट्रेनिंग मिशन के दौरान रास्ते में ही उनका लड़ाकू विमान तकनीकी गड़बड़ी का शिकार हो गया। अभी यह साफ नहीं है कि यह गड़बड़ी किस तरह की थी।