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Iran Israel War: Uttar Pradesh on alert after Khamenei's death, security tightened!
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Iran Israel War: खामनेई की मौत के बाद अलर्ट पर उत्तर प्रदेश, सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई!
वीडियो डेस्क/ अमर उजाला डॉट कॉम Published by: Bhaskar Tiwari Updated Mon, 02 Mar 2026 03:21 AM IST
ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली ख़ामनेई की मौत की खबर ने न सिर्फ अंतरराष्ट्रीय परिदृश्य में हलचल मचा दी है बल्कि भारत के कुछ राज्यों में भी सुरक्षा चिंताओं को बढ़ा दिया है। ख़ामनेई की मौत की पुष्टि ईरानी राज्य मीडिया ने की है और उसके बाद ईरान में 40 दिनों की राष्ट्रीय शोक अवधि की घोषणा की गई है। ख़ामनेई 1989 से ईरान के सर्वोच्च नेता थे और इनकी मौत क्षेत्रीय राजनीति पर गहरा प्रभाव डाल सकती है।
उत्तर प्रदेश में इस खबर के बाद राज्य सरकार ने हाई अलर्ट घोषित कर दिया है। लखनऊ सहित प्रदेश के कई जिलों में प्रशासन ने सुरक्षा और शांतिपूर्ण माहौल बनाए रखने के लिए सभी श्रेणियों के अधिकारियों को सतर्क रहने को कहा है और DRONE कैमरों, सीसीटीवी निगरानी तथा मोबाइल टावरों पर नजर बढ़ा दी गई है ताकि किसी भी अप्रत्याशित प्रदर्शन या अराजक गतिविधि को तुरंत रोका जा सके।
लखनऊ में ख़ामनेई की मौत की खबर फैलते ही शिया समुदाय में गहरी हलचल देखने को मिली है। कुछ हिस्सों में लोगों ने सड़क पर इकट्ठा होना शुरू कर दिया तथा सार्वजनिक स्थानों पर वे अपने नेता के निधन पर शोक प्रकट कर रहे हैं। कुछ गुटों द्वारा प्रदर्शन करने तथा अमेरिका-इजराइल के ख़िलाफ़ नारे लगाने जैसी गतिविधियाँ सामने आई हैं, जिसके चलते प्रशासन ने बजरंग चौक, इमामबाड़ा और अन्य संवेदनशील स्थानों के आसपास अतिरिक्त पुलिस तैनात कर दी।
सोशल मीडिया और संदेशों की भी लगातार निगरानी की जा रही है ताकि संभावित फेक खबरें या उकसावे वाली पोस्ट को रोक कर साम्प्रदायिक भावनाओं को भड़कने से रोका जा सके। प्रशासन ने स्थानीय नेताओं और समुदाय को भी शांत रहने, कानून का पालन करने और किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न देने का आग्रह किया है।
इसके अलावा कुछ स्थानों पर शोक सभाएँ और कैंडल मार्च की योजना भी बन रही है, जिसके कारण पुलिस ने उन कार्यक्रमों के लिए भी अनुमति प्रक्रिया और सुरक्षा इंतजामों पर कड़ी निगरानी रखी है। सरकार का उद्देश्य है कि किसी भी भीड़-भाड़ वाली घटना में शांति और सार्वजनिक सुरक्षा को प्राथमिकता दी जाए और किसी भी तरह की हिंसा या दंगा की स्थिति उत्पन्न न हो।
कुल मिलाकर उत्तर प्रदेश सरकार की प्रतिक्रिया अलर्ट मोड में सुरक्षा बढ़ाना, निगरानी कड़ी करना, समुदायों से संवाद बनाए रखना और सोशल मीडिया पर नियंत्रण रखना रही है ताकि किसी भी अप्रिय घटना को नियंत्रित किया जा सके और प्रदेश में कानून-व्यवस्था बनाए रखी जा सके।
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