President Visit: राष्ट्रपति के आगमन पर पांच किलोमीटर रहेगा नो-फ्लाइंग जोन, सुरक्षा में तैनात रहेगी इतनी फोर्स
राष्ट्रपति के आने-जाने वाले रास्तों पर ड्रोन जैमर से निगरानी की जाएगी। ड्रोन जैमर हवा में दो किलोमीटर दूर से ही उड़ रही चीजों को डिटेक्ट कर लेता है। इसकी मदद से हर गतिविधि पर पुलिस अफसर नजर रखेंगे।
विस्तार
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद की सुरक्षा में 2307 पुलिस कर्मी और दस कंपनी पीएसी की ड्यूटी लगाई गई हैं। हर गली-मोहल्ले में पुलिसकर्मियों की तैनाती शुक्रवार से ही कर दी गई है। त्रिस्तरीय सुरक्षा घेरे के बीच राष्ट्रपति कार्यक्रमों में शामिल होंगे। रामगढ़ताल झील में एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीम भी लगा दी गई है। इसके अलावा जिन रास्तों से राष्ट्रपति गुजरेंगे वहां पर ड्रोन से निगरानी की जाएगी। छतों पर भी पुलिसकर्मी तैनात होंगे। आला अफसरों ने सुरक्षा के इंतजाम को कई बार परखकर अंतिम रूप दे दिया है।
जानकारी के मुताबिक, राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद का सुरक्षा खाका तैयार कर लिया गया है। गीताप्रेस और गोरखनाथ मंदिर के आसपास बने सभी मकान में रहने वालों का पुलिस-एलआईयू सत्यापन कर ली है। इसके अलावा वहां पर बने धर्मशाला, होटल वालों से भी जानकारी मांगी गई है। त्रिस्तरीय में से पहले घेरे में पुलिस और पैरामिलिट्री की तैनात होगी।
दूसरे लेयर में एटीएस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां होगी। तीसरे घेरे में राष्ट्रपति सिक्योरिटी और पुलिस अफसर मौजूद रहेंगे। कार्यक्रम को देखते हुए एलआईयू सक्रिय हो गई है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए इमरजेंसी रूट बनाया गया है। इस रूट के सभी जगहों सुरक्षा कर्मचारियों की तैनाती होगी।
पांच किलोमीटर नो-फ्लाइंग जोन
राष्ट्रपति के आने और जाने के पंद्रह-पंद्रह मिनट पहले पांच किलोमीटर का इलाका नो-फ्लाइंग जोन रहेगा। ड्रोन, पतंग, गुब्बारे को उड़ाने पर प्रतिबंध रहेगा। इस दौरान फ्लाइटें भी उड़ान नहीं भर सकेंगी। राष्ट्रपति के आने-जाने वाले रास्तों पर ड्रोन जैमर से निगरानी की जाएगी। ड्रोन जैमर हवा में दो किलोमीटर दूर से ही उड़ रही चीजों को डिटेक्ट कर लेता है। इसकी मदद से हर गतिविधि पर पुलिस अफसर नजर रखेंगे।
सुरक्षा में रहेगी इतनी फोर्स
एसपी - 11
एएसपी - 11
डीएसपी - 35
कांस्टेबल - 2000
पीएसी - 10 कंपनी
ट्रैफिक पुलिस - 250
फायर ब्रिगेड, बीपी व्हीकल सहित अन्य सुरक्षा उपकरण
एटीएस सहित अन्य सुरक्षा एजेंसियां