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विरासत गलियारा : पानी भरे गड्ढे में गिरी युवती, लोगों ने डूबने से बचाया
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- पाइप लाइन रिसने से गड्ढे में भरा पानी, बैरिकेडिंग और संकेतक न होने से बढ़ा खतरा
- गड्ढे में फंसी थी बोलेरो, किनारे से निकलने में पानी में डूबने लगी युवती
गोरखपुर। पांडेयहाता से धर्मशाला तक बन रहे विरासत गलियारे के निर्माण कार्य में गंभीर लापरवाही सामने आई है। बृहस्पतिवार को देर शाम करीब आठ बजे आर्यनगर और दीवान बाजार रोड पर नाला निर्माण के लिए खोदे गए गड्ढे में पाइप लाइन रिसने से पानी भर गया और उसमें एक युवती फिसलकर गिर गई। यह हादसा तब हुआ जब वहां फंसी एक बोलेरो को निकालने का प्रयास किया जा रहा था। गड्ढा गहरा होने के कारण युवती पानी में डूबने लगी। गनीमत रही कि, मौके पर मौजूद लोगों की तत्परता से युवती की जान बच गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विरासत गलियारे में सड़क के किनारे खोदाई की गई है लेकिन सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए हैं। न तो गड्ढों के आसपास बैरिकेडिंग की गई है और न ही चेतावनी बोर्ड या संकेतक लगाए गए हैं जिससे राहगीरों को खतरे का अंदेशा हो सके। बृहस्पतिवार को जलकल की ओर से डाली जा रही पाइप लाइन में लिकेज हो गया और गड्ढे में पानी भर गया। आर्यनगर के पास पानी भर जाने के कारण गड्ढा दिखाई नहीं दे रहा था। इसी दौरान एक बोलेरो वहां फंस गई। गाड़ी निकालने के लिए आसपास के लोग जुटे हुए थे, तभी वहां से गुजर रही एक युवती अचानक फिसलकर पानी से भरे गड्ढे में जा गिरी।
इस हादसे के दौरान मौके पर लोगों की भीड़ का ध्यान तुरंत उसकी ओर ध्यान गया और कुछ लोगों ने तत्परता दिखाते हुए उसे बाहर निकाल लिया। हादसे के बाद महिला काफी सहमी हुई नजर आई। वह कुछ बोले बिना ही आंखों में आंसू लिए वहां से चली गई। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर उस समय वहां लोग मौजूद न होते, तो बड़ा हादसा हो सकता था।इधर, इस हादसे के बाद क्षेत्रीय लोगों में प्रशासन और संबंधित विभागों के प्रति आक्रोश बढ़ गया है। लोगों का आरोप है कि निर्माण कार्य में भारी लापरवाही बरती जा रही है। जब तक निर्माण कार्य में पारदर्शिता और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम नहीं किए जाएंगे, ऐसे हादसे होते रहेंगे। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि तत्काल गड्ढों को ढंका जाए, रिसाव बंद कराया जाए और जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे से बचा जा सके।
दिन भर खोज नहीं सके कहां से हो रहा रिसाव
स्थानीय लोगों ने बताया कि लोक निर्माण विभाग की ओर से विरासत गलियारे का निर्माण कराया जा रहा है जबकि नगर निगम के जलकल विभाग द्वारा पाइपलाइन डाली जा रही है। पाइपलाइन में रिसाव होने के कारण गड्ढों में लगातार पानी भर रहा है, जिससे स्थिति और खतरनाक हो गई है। दिन में रिसाव का स्थान खोजने का प्रयास किया गया लेकिन सफलता नहीं मिली। मौके पर मौजूद लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि सड़क निर्माण में लगे एक बुलडोजर चालक से बोलेरो निकालने में मदद मांगी गई तो उसने पांच हजार रुपये की मांग कर दी। इस पर लोगों में नाराजगी बढ़ गई, लोगों की नाराजगी देख बुलडोजर चालक वहां से चला गया।
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पाइपलाइन में रिसाव के कारण पानी भरने की समस्या सामने आई है। रिसाव का स्थान तलाशने की कोशिश की गई लेकिन पता नहीं चल सका है। जल्द ही समस्या का समाधान करा दिया जाएगा ताकि लोगों को किसी तरह की दिक्कत न हो।
- प्रदीप यादव, जूनियर इंजीनियर, लोक निर्माण विभाग
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- गड्ढे में फंसी थी बोलेरो, किनारे से निकलने में पानी में डूबने लगी युवती
गोरखपुर। पांडेयहाता से धर्मशाला तक बन रहे विरासत गलियारे के निर्माण कार्य में गंभीर लापरवाही सामने आई है। बृहस्पतिवार को देर शाम करीब आठ बजे आर्यनगर और दीवान बाजार रोड पर नाला निर्माण के लिए खोदे गए गड्ढे में पाइप लाइन रिसने से पानी भर गया और उसमें एक युवती फिसलकर गिर गई। यह हादसा तब हुआ जब वहां फंसी एक बोलेरो को निकालने का प्रयास किया जा रहा था। गड्ढा गहरा होने के कारण युवती पानी में डूबने लगी। गनीमत रही कि, मौके पर मौजूद लोगों की तत्परता से युवती की जान बच गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विरासत गलियारे में सड़क के किनारे खोदाई की गई है लेकिन सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए हैं। न तो गड्ढों के आसपास बैरिकेडिंग की गई है और न ही चेतावनी बोर्ड या संकेतक लगाए गए हैं जिससे राहगीरों को खतरे का अंदेशा हो सके। बृहस्पतिवार को जलकल की ओर से डाली जा रही पाइप लाइन में लिकेज हो गया और गड्ढे में पानी भर गया। आर्यनगर के पास पानी भर जाने के कारण गड्ढा दिखाई नहीं दे रहा था। इसी दौरान एक बोलेरो वहां फंस गई। गाड़ी निकालने के लिए आसपास के लोग जुटे हुए थे, तभी वहां से गुजर रही एक युवती अचानक फिसलकर पानी से भरे गड्ढे में जा गिरी।
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इस हादसे के दौरान मौके पर लोगों की भीड़ का ध्यान तुरंत उसकी ओर ध्यान गया और कुछ लोगों ने तत्परता दिखाते हुए उसे बाहर निकाल लिया। हादसे के बाद महिला काफी सहमी हुई नजर आई। वह कुछ बोले बिना ही आंखों में आंसू लिए वहां से चली गई। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर उस समय वहां लोग मौजूद न होते, तो बड़ा हादसा हो सकता था।इधर, इस हादसे के बाद क्षेत्रीय लोगों में प्रशासन और संबंधित विभागों के प्रति आक्रोश बढ़ गया है। लोगों का आरोप है कि निर्माण कार्य में भारी लापरवाही बरती जा रही है। जब तक निर्माण कार्य में पारदर्शिता और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम नहीं किए जाएंगे, ऐसे हादसे होते रहेंगे। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि तत्काल गड्ढों को ढंका जाए, रिसाव बंद कराया जाए और जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे से बचा जा सके।
दिन भर खोज नहीं सके कहां से हो रहा रिसाव
स्थानीय लोगों ने बताया कि लोक निर्माण विभाग की ओर से विरासत गलियारे का निर्माण कराया जा रहा है जबकि नगर निगम के जलकल विभाग द्वारा पाइपलाइन डाली जा रही है। पाइपलाइन में रिसाव होने के कारण गड्ढों में लगातार पानी भर रहा है, जिससे स्थिति और खतरनाक हो गई है। दिन में रिसाव का स्थान खोजने का प्रयास किया गया लेकिन सफलता नहीं मिली। मौके पर मौजूद लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि सड़क निर्माण में लगे एक बुलडोजर चालक से बोलेरो निकालने में मदद मांगी गई तो उसने पांच हजार रुपये की मांग कर दी। इस पर लोगों में नाराजगी बढ़ गई, लोगों की नाराजगी देख बुलडोजर चालक वहां से चला गया।
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पाइपलाइन में रिसाव के कारण पानी भरने की समस्या सामने आई है। रिसाव का स्थान तलाशने की कोशिश की गई लेकिन पता नहीं चल सका है। जल्द ही समस्या का समाधान करा दिया जाएगा ताकि लोगों को किसी तरह की दिक्कत न हो।
- प्रदीप यादव, जूनियर इंजीनियर, लोक निर्माण विभाग

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