Lucknow: खुद को विदेश मंत्रालय का अधिकारी बता होटल स्टाफ और ग्राहकों को एक घंटे बनाया बंधक
मैनेजर ने जब पुलिस को सूचना दी तो आरोपी रजिस्टर और दस्तावेज लेकर भाग निकले। पुलिस ने होटल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज और सर्विलांस के जरिये दो को कुछ ही देर में गिरफ्तार कर लिया।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
गोमतीनगर के विकासखंड-3 स्थित होटल क्रिस्टेलिया में 15 अगस्त की रात कार से पहुंचे तीन लोगों ने वहीं स्टाफ और ग्राहकों को एक घंटे तक बंधक बना लिया। आरोपियों ने खुद को विदेश मंत्रालय का सेक्शन ऑफिसर बताया। तीनों तुर्कमेनिस्तान निवासी महिला की तलाश में होटल पहुंचे थे। होटल मैनेजर सर्वोत्तम पाठक की तहरीर पर 16 अगस्त को तीन आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। वहीं, दो को गिरफ्तार भी कर लिया।
एडीसीपी पूर्वी अमोल मुर्कुट ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी वाराणसी के मलदईया निवासी अभिनव सिंह और मेरठ के भावनपुर का रहने वाला शिवम चौहान है। वहीं, इसके भागे चल रहे तीसरे साथी की तलाश में पुलिस की टीमें दबिश दे रही हैं। अभिनव नोएडा में रहकर निजी साइबर सिक्योरिटी कंपनी में काम करता है, जबकि शिव सीसीटीवी कैमरे लगाता है।
ये भी पढ़ें - यूपी में पूरा सप्ताह रहेगा मानसूनी बारिश के नाम, कहीं-कहीं बहुत भारी वर्षा की चेतावनी
ये भी पढ़ें - भाजपा की नई टीम: यूपी से आठ नेताओं को राष्ट्रीय टीम में मिली जगह, पूर्व मंत्री स्मृति ईरानी राष्ट्रीय महामंत्री बनीं
एडिशनल इंस्पेक्टर ने बताया कि 15 अगस्त की रात करीब एक बजे अभिनव, शिवम और उसका एक साथी कार से होटल पहुंचे थे। तीनों ने होटल का गेट अंदर से बंद कर लिया और रिसेप्शन के पास पड़े सोफे पर बैठ गए थे। मैनेजर सर्वोत्तम ने कारण पूछा तो तीनों ने खुद को अफसर बताया। मैनेजर ने जब उनसे आईडी कार्ड मांगा तो वे गाली-गलौज करने लगे। उनके और स्टाफ के मोबाइल कब्जे में ले लिए। रिस्पेशन पर रखे सारे दस्तावेज और इंट्री रजिस्टर भी कब्जे में ले लिया। तीनों स्टाफ और ग्राहकों से पूछताछ करने लगे।
पुलिस को सूचना मिलते ही भागे आरोपी
एक घंटा बीतने पर मैनेजर ने जब किसी तरह से पुलिस को सूचना दी तो आरोपी वहां से रजिस्टर और दस्तावेज लेकर भाग निकले। पुलिस ने होटल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज और सर्विलांस के जरिये अभिनव और शिवम को कुछ ही देर में गिरफ्तार कर लिया।
आरोपियों ने किराये पर ली थी कार
पुलिस को अभिनव ने पूछताछ में बताया कि करीब डेढ़ साल पहले नौकरी के दौरान उसकी तुर्कमेनिस्तान निवासी दुनिया नाम की लड़की से दोस्ती हुई थी। दुनिया ने उसे बताया था कि तुर्क की रहने वाली रोजा उसे और अन्य लड़कियों को अपने साथ भारत लाई थी। कुछ दिन ठहरने के बाद रोजा ने उसका और अन्य के पासपोर्ट कब्जे में ले लिए थे, जिस कारण वह भारत नहीं छोड़ पा रही हैं। दुनिया ने कुछ दिन पहले यह भी बताया था कि रोजा गोमतीनगर स्थित होटल क्रिस्टेलिया में ठहरी हुई है। अभिनव ने बताया कि दुनिया की मदद के लिए उसने शिवम व एक और साथी के साथ मिलकर योजना बनाई थी। उन्होंने लखनऊ पहुंचने पर पहले कार किराये पर ली थी। इसके बाद वे रोजा को पकड़ने होटल गए थे।
ये सामान हुआ बरामद
एडिशनल इंस्पेक्टर गोमतीनगर विनोद ने बताया कि आरोपियों के पास से पुलिस को विदेश मंत्रालय संबंधी 478 फर्जी आईडी कार्ड, एक चेक, तीन फर्जी आधार कार्ड, एक विदेश मंत्रालय का आईडी कार्ड, 14 डेबिट और क्रेडिट कार्ड, दो चेकबुक, तीन मोबाइल बरामद हुए हैं।