{"_id":"60b762e38bfc927a856c76ef","slug":"gorakhpur-murder-case-villegers-traffic-jam-against-miscreants-due-to-shoot-real-brothers-in-belghat","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"गोरखपुर: बदमाशों ने सगे भाइयों को घर से बुलाकर चौराहे पर मारी थी गोली, हत्या के विरोध में जाम, पुलिस ने भांजी लाठियां","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
गोरखपुर: बदमाशों ने सगे भाइयों को घर से बुलाकर चौराहे पर मारी थी गोली, हत्या के विरोध में जाम, पुलिस ने भांजी लाठियां
Wed, 02 Jun 2021 04:34 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Wed, 02 Jun 2021 04:34 PM IST
विज्ञापन
बेलघाट हत्याकांड।
- फोटो : अमर उजाला।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के बेलघाट इलाके में सगे भाइयों को गोली मारने और एक की मौत से नाराज लोगों ने गांव के बाहर जाम लगा दिया। शव आने पर दोबारा भड़के लोगों पर पुलिस ने लाठियां भांजी और रास्ते को खाली कराया। पुलिस ने इस मामले में गोली लगने से मरे बड़े भाई संजय के साले की तहरीर पर चार नामजद और अज्ञात लोगों पर हत्या, हत्या की कोशिश की धारा में केस दर्ज किया है। उधर, छोटे भाई रंजय ने अस्पताल से सोशल मीडिया पर वीडियो डालकर पांच नामजद और 15 अज्ञात लोगों पर घटना में शामिल होने का आरोप लगाया है। पुलिस ने मुख्य आरोपी शिवम को हिरासत में ले लिया है और जांच के आधार पर नाम बढ़ाने की बात कही है। जानकारी के मुताबिक, चुनावी रंजिश में बेलघाट कस्बे के बेलदारी टोला निवासी संजय और उसके सगे भाई रंजय को सोमवार रात घर से बुलाकर दबंगों ने चौराहे पर गोली मार दी थी। जिला अस्पताल में संजय की मौत हो गई थी। रंजय का मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा है।
पुलिस छावनी में तब्दील हुआ बेलघाट कस्बा व रोते बिलखते परिजन।
- फोटो : अमर उजाला।
संजय के साले बेलघाट के पिपरसंडी निवासी विशाल तहरीर पर बेलघाट पुलिस ने सोमवार देर रात बेलघाट निवासी कृष्णा अग्रहरि, आसिफ और सोपई निवासी मानवेंद्र सिंह के भाई तथा बेलघाट के विधनापार निवासी शिवम सिंह के खिलाफ हत्या का प्रयास, हत्या और एससीएसटी की धारा केस दर्ज किया था। नाराज लोगों ने मंगलवार की सुबह ही जाम लगा दिया था। इस सूचना पर आए विधायक संत प्रसाद को भी विरोध झेलना पड़ा था। बाद में पुलिस की मौजूदगी में कड़ी कार्रवाई का आश्वासन देकर जाम खत्म कराया गया था लेकिन देर शाम शव आने के बाद नाराज ग्रामीणों ने एक बार फिर जाम लगा दिया था तब पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा।
बेलघाट हत्याकांड।
- फोटो : अमर उजाला।
सटरिंग का काम करता था संजय
संजय तीन भाई हैं। संजय मकान की शटरिंग का काम करता था। वह दो साल के एक बेटे का पिता था। पत्नी गर्भवती है। वहीं रंजय मजदूरी करता है। एक भाई मानसिक रूप से बीमार है। इनके पिता धुरई ताड़ी उतारने का काम करते हैं। जबकि मां का पहले देहांत हो चुका है। संजय की मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया है। उसकी पत्नी का रो-रो कर बुरा हाल है। घटना को लेकर बेलदारी टोला के लोगों में काफी गुस्सा है।
संजय तीन भाई हैं। संजय मकान की शटरिंग का काम करता था। वह दो साल के एक बेटे का पिता था। पत्नी गर्भवती है। वहीं रंजय मजदूरी करता है। एक भाई मानसिक रूप से बीमार है। इनके पिता धुरई ताड़ी उतारने का काम करते हैं। जबकि मां का पहले देहांत हो चुका है। संजय की मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया है। उसकी पत्नी का रो-रो कर बुरा हाल है। घटना को लेकर बेलदारी टोला के लोगों में काफी गुस्सा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
बेलघाट हत्याकांड।
- फोटो : अमर उजाला।
बीडीसी चुनाव को लेकर हो गई थी रंजिश
कृष्णा और संजय दोनों बीडीसी चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे थे। कृष्णा के चुनाव लड़ने पर संजय ने पर्चा नहीं भरा। बाद में कृष्णा ने अपना पर्चा वापस ले लिया। यह बात संजय का काफी खराब लगी। संजय इसे अपने खिलाफ साजिश की तरह देखता था। उसी बात को लेकर इनके बीच मनमुटाव था।
सोमवार शाम को कृष्णा के दोस्त शिवम की दुकान पर संजय और शिवम में कृष्णा के पर्चा वापस लेने को लेकर कहासुनी हुई थी। उस दौरान थाने के दो सिपाही भी मौके पर पहुंचे और शिवम को थाने पर लेकर चले गए। हालांकि बाद में उसे छोड़ दिया।
कृष्णा और संजय दोनों बीडीसी चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे थे। कृष्णा के चुनाव लड़ने पर संजय ने पर्चा नहीं भरा। बाद में कृष्णा ने अपना पर्चा वापस ले लिया। यह बात संजय का काफी खराब लगी। संजय इसे अपने खिलाफ साजिश की तरह देखता था। उसी बात को लेकर इनके बीच मनमुटाव था।
सोमवार शाम को कृष्णा के दोस्त शिवम की दुकान पर संजय और शिवम में कृष्णा के पर्चा वापस लेने को लेकर कहासुनी हुई थी। उस दौरान थाने के दो सिपाही भी मौके पर पहुंचे और शिवम को थाने पर लेकर चले गए। हालांकि बाद में उसे छोड़ दिया।
विज्ञापन
बेलघाट हत्याकांड।
- फोटो : अमर उजाला।
बेहोश हो गई थी पत्नी, धटनास्थल पर ही इलाज
पति की मौत के विरोध में सुबह जाम लगने के दौरान ही संजय की गर्भवती पत्नी पूजा बेहोश हो गईं थीं। हालत खराब होने पर पुलिस ने एंबुलेंस बुलाया था लेकिन ग्रामीणों ने नहीं जाने दिया। मौके पर ही उनका उपचार किया गया।
पति की मौत के विरोध में सुबह जाम लगने के दौरान ही संजय की गर्भवती पत्नी पूजा बेहोश हो गईं थीं। हालत खराब होने पर पुलिस ने एंबुलेंस बुलाया था लेकिन ग्रामीणों ने नहीं जाने दिया। मौके पर ही उनका उपचार किया गया।