मानसून की पहली बारिश में ही शहर के नाले-नालियों के सफाई की पोल खुल गई। कई इलाकों में जलभराव हो गया। शहर के प्रमुख और पॉश इलाके विजय चौक जैसे प्रमुख बाजार में सड़क पर एक फीट से ज्यादा पानी जमा हो गया। इसी तरह गलियों और मोहल्लों में भी जलभराव से लोगों को मुश्किलों का सामना करना पड़ा। शहर के बिछिया, पादरी बाजार, रुस्तमपुर समेत के अलावा कुछ अन्य इलाकों में जलभराव की समस्या बनी रही।
गोरखपुर में पहली बारिश: आम बचा न कोई खास, शहर के सभी इलाके लबालब
दोपहर 12.40 बजे तिवारीपुर के घोषीपुर मोहल्ले में सूरजकुंड जाने वाले रास्ते पर करीब 200 मीटर तक पानी भरा हुआ था। लोग पानी में चलकर ही आ जा रहे थे। चार पहिया सवारों को कोई दिक्कत नहीं थी, लेकिन बाइक और साइकिल सवार बच निकल रहे थे। यदि कोई पैदल आया तो अगल-बगल से वाहनों के गुजरने पर कपड़ों पर छींटे पड़ना तय था। घोषीपुर मोहल्ले के सलीम अहमद किराना स्टोर पर सामान लेने जा थे। उनके कपड़े पर छींटा पड़ गया तो वह परेशान हो गए। नगर निगम की व्यवस्था को खरीखोटी सुनाते हुए बुदबुदाए अभी तो यह आगाज है, आगे देखिए अंजाम क्या होता है।
इलाहीबाग में हर जगह जलभराव
दोपहर के एक बजे थे। इलाहीबाग चौराहे की ओर जाने वाले रास्ते पर जलभराव मिला। करीब 100 मीटर सड़क टूटी हुई थी। इस सड़क से गुजरने वाले बाइक सवार काफी संभल संभलकर निकल रहे थे। फिर भी सामने से किसी वाहन के आने पर उनको परेशान होना पड़ रहा था। 10 मिनट में छह बाइक सवार, चार कारें और तीन साइकिलें गुजरीं। हर कोई बच बचाकर चल रहा था। उधर से जा रही तब्बसुम ने कहा कि बरसात आ गई है। ऐसी मुश्किलों का सामना तो करना ही पड़ेगा।
50 मीटर चलने में लग गए 10 मिनट
जफर कॉलोनी में बरसात से सड़कों पर जलभराव हो गया है। दोपहर 01.07 बजे गोरखनाथ की रहने वाली बुजुर्ग महिला सकीला अपने रिश्तेदार से मिलकर लौट रही थीं। मोहम्मद रफीक के घर के पास सड़क पर करीब एक फीट पानी भरे होने की वजह से उनको 50 मीटर चलने में 10 मिनट लग गए। वह काफी संभलकर चल रही थीं। बात करने पर सकीला ज्यादा तो नहीं बोली। लेकिन इतना जरूर कहा कि पानी की निकासी की व्यवस्था होनी चाहिए। अभी तो हल्की बारिश हुई है। ज्यादा बरसात होने पर राह चलना मुश्किल हो जाएगा। इसी प्रकार कान्हा उपवन नगर, रुस्तमपुर नहर रोड, तारामंडल बुद्ध विहार कॉलोनी में सड़कों पर पानी भरा था।
ये तो कुछ भी नहीं है। ज्यादा बरसात हुई तो करीब 20 घरों के लोगों का निकलना मुश्किल हो जाएगा। यहां पर पानी निकलने की व्यवस्था नहीं की जा रही है।- सलीम अहमद, घोषीपुर
बारिश होने पर मोहल्ले की सड़कों पर पानी भर जाता है। इससे राहत नहीं मिल पा रही है। नाला तो बनाया जा रहा है, लेकिन जब तक काम नहीं पूरा होगा। तब हालत ऐसे ही रहेंगे। -अभिषेक कुमार, बुद्ध विहार काॅलोनी
बारिश होने के बाद से ऐसे हालात बने हुए हैं। नालों की सफाई तो हुई है, लेकिन इसका कोई फायदा नहीं नजर आ रहा है।-सुग्रीव कुमार, कान्हा उपवन नगर
हमारे मोहल्ले में जलभराव से राहत नहीं मिल पा रही है। अभी तेज बरसात होगी तो लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। -आलोक सिंह, दाउदपुर