ईद-उल-अजहा यानी बकरीद पर कुर्बानी के लिए राजधानी में सजे बकरा बाजार में एक लाख 10 हजार रुपये कीमत की खूबसूरत जोड़ी लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। वहीं, तोता परी नस्ल का 80 हजार रुपये का बकरा भी मंडी की शान बना हुआ है। इसके अलावा सात से 12 हजार रुपये कीमत के बकरों की मांग अभी बरकरार है।
खूबसूरती की वजह से लाखों में बिकता है यह बकरा
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ईद-उल-अजहा 13 सितंबर को मनाया जाएगा। बकरीद पर कुर्बानी के लिए तमाम नस्ल और कीमत के बकरों से बाजार सज चुका है। मंडी में बकरों के वजन और खूबसूरती से उनके दाम भी तय हो रहे हैं। मंडी में इस समय 14 हजार से सवा लाख तक के बकरे मौजूद है।
औसत दर्जे का बकरा 9 से 20 हजार रुपये का है। इस बार बकरा मंडी नींबू पार्क से स्थानांतरित होकर घैला पुल कर दी गई है। मंडी के ठेकेदार असलम के मुताबिक मंडी शहर से थोड़ा दूर होने की वजह से बकरों के शौकीन अभी यहां तक नहीं पहुंचे हैं। वहीं दूरदराज के जिलों से आने वाले व्यापारी भी इस बार काफी कम आएं हैं।
बकरा मंडी में व्यापारी मोहम्मद फरहान खान के पास तोता परी नस्ल का बकरा 80 हजार रुपये में मौजूद है। अपनी ऊंची कद काठी होने की वजह से इस बकरे की शान लोगों को बरबस ही अपनी ओर खींच रही है। उन्होंने बताया कि एक खरीदार ने इसके 60 हजार रुपये लगा दिए, लेकिन 80 हजार रुपये से कम पर नही बेचना है।