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मायावती के इस दांव से अखिलेश हुए चित, सपा का नुकसान तो बसपा को हुआ फायदा, अब मुलायम को सता रहा ये डर
Mon, 03 Jun 2019 07:16 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
यूपी डेस्क, अमर उजाला, औरैया
यूपी डेस्क, अमर उजाला, औरैया
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Mon, 03 Jun 2019 07:16 PM IST
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अखिलेश यादव, मायावती, मुलायम सिंह यादव (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला
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लोकसभा चुनाव में सपा के नुकसान और बसपा के फायदे पर एक भाजपा नेता ने दावा किया है कि मायावती के एक दांव में फंस कर अखिलेश यादव यूपी में चारों खाने चित हो गए। इस सब के बीच मायावती ने बसपा को एक बार फिर से उत्तर प्रदेश की राजनीति में खड़ा कर फायदा पहुंचाया है।
डिंपल यादव, अखिलेश यादव, मायावती
- फोटो : ट्विटर
उत्तर प्रदेश सरकार के श्रम एवं सेवायोजन मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने कहा कि पूरे देश की जनता ने प्रधानमंत्री मोदी के काम व विकास में विश्वास जताकर मतदान किया। इससे भाजपा तीन सौ के पार पहुंची है। गठबंधन पर कटाक्ष करते हुए कहा कि पहले मुलायम सिंह चरखा दांव चलते थे जिसमें विरोधी परस्त हो जाते थे।
अखिलेश और मायावती की आजमगढ़ में संयुक्त रैली
- फोटो : Twitter
इस बार मायावती के चरखा दांव में अखिलेश फंस गए और परास्त हो गए। कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य बिधूना में विधायक विनय शाक्य के स्वास्थ्य का हाल जानने आए थे। इस दौरान उन्होंने पत्रकारों से कहा कि यदि सपा बसपा का गठबंधन नहीं होता तो दोनों दलों का सूपड़ा साफ हो जाता।
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कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य
- फोटो : अमर उजाला
गठबंधन का लाभ बसपा ने उठा लिया। वह शून्य से 10 पर पहुंच गयी और सपा पांच पर ही रही। सपा जिन्हें अपना गढ़ कहती थी, वह कन्नौज हो या बदायूं या फिरोजबाद सभी जगह अखिलेश के परिवारीजन तक हार गए। अखिलेश को गठबंधन महंगा पड़ा। खुद उनकी किसी तरह आजमगढ़ में इज्जत बची।
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मुलायम सिंह यादव ने मायावती को किया नमस्कार तो डिंपल ने छू लिए थे पैर
- फोटो : अमर उजाला
मुलायम सिंह भी आखिरी चुनाव की बात कहकर किसी तरह चुनाव जीते। अखिलेश यादव मायावती के दांव का शिकार हुए। कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के काम व विकास कार्यों को देखते हुये जनता ने एकतरफा भाजपा के पक्ष में मतदान किया। इससे भाजपा और राजग को इतनी बड़ी जीत मिली।