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जानिए एसपी सुरेंद्र और रवीना के मिलन का किस्सा, बात उस हरियाणवी लड़की की भी, बिन कोचिंग बने आईपीएस

Mon, 10 Sep 2018 06:11 PM IST
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Updated Mon, 10 Sep 2018 06:11 PM IST
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Surendra Kumar Das breathed last on sunday noon
सुरेंद्र कुमार दास ने 12 बजकर 19 मिनट पर अंतिम सांस ली - फोटो : अमर उजाला
दोपहर 12.25 ...रीजेंसी के डॉक्टर राजेश अग्रवाल ने कंपकपाती आवाज और रूंधे गले से मीडिया से कहा, बड़े दुख के साथ आपको समाचार दे रहा हूं कि एसपी सुरेंद्र कुमार दास जिनके लिए हम लोगों ने अथक प्रयास किया, वो अब नहीं रहे। उन्होंने 12:19 बजे आखिरी सांस ली। सदा रहने को जहां में आता नहीं कोई, जैसे तुम गए मगर ऐसे जाता नहीं कोई। सीधे साधे, ईमानदार मानवीय संवेदनाओं से भरे, रिश्तो को संजो कर रखने वाले सुरेंद्र कुमार दास के लिए वह आंखें भी रोर्इं, जो गुस्से से भरी होने के लिए जानी जाती हैं। कमिश्नर, डीएम, एसएसपी, तमाम आईपीएस, पीपीएस, पीसीएस जिनकी पहचान ही कड़क अफसरों के रूप में होती है, वे सभी पिघले से खड़े थे। भरी आंखेें, निढाल कंधे, मन में कौंधते हजारों सवाल और एक मलाल। मलाल यह कि जमीन-आसमान एक कर दिया पर सुरेंद्र को नहीं बचा पाए।
Surendra Kumar Das breathed last on sunday noon
सुरेंद्र कुमार दास ने 12 बजकर 19 मिनट पर अंतिम सांस ली
रीजेंसी अस्पताल में सुबह 10:20 बजे से माहौल गमगीन होने लगा था। सुरेंद्र की सांसें वेंटीलेटर पर उखड़ने लगी थीं। डाक्टरों ने स्थिति भांप कर आला अफसरों को सूचना दी। पहले एडीजी अविनाश चंद्र पत्नी के साथ अस्पताल पहुंचे। इसके बाद कमिश्नर, डीएम और फिर एसएसपी के बाद एक-एक कर पुलिस और प्रशासनिक अफसरों का वहां आना शुरू हो गया। सभी के मायूस चेहरे झुके थे, बोल नहीं फूट रहे थे। कोई किसी के कान में कुछ कहता तो कोई फोन पर बुदबुताता। हजारों सवाल, जवाब एक ही कि अब मुश्किल है।

 
Surendra Kumar Das breathed last on sunday noon
सुरेंद्र कुमार दास ने 12 बजकर 19 मिनट पर अंतिम सांस ली - फोटो : अमर उजाला
एसएसपी काफी देर तक कार में ही बैठे रहे तो सीएमएस डॉ. राजेश अग्रवाल वहां पहुंचे और एसएसपी को कार से उतार कर अस्पताल के भीतर ले गए। दोपहर 12:25 बजे सीएमएस बाहर आए और सुरेंद्र के निधन की जानकारी दी। इसके बाद एसएसपी, सुरेंद्र कुमार की मां, भाई व बहन को आईसीयू में ले गए, फिर चीख-पुकार मच गई। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम हाउस ले जाया गया। सारे अफसर वहां जमे रहे। शाम करीब 4:00 बजे पोस्टमार्टम हाउस से उनका शव पुलिस लाइन ले जाया गया। करीब 5:30 बजे सुरेंद्र कुमार का पार्थिव शरीर शव वाहन से लखनऊ रवाना किया गया। 

 
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Surendra Kumar Das breathed last on sunday noon
सुरेंद्र कुमार दास ने 12 बजकर 19 मिनट पर अंतिम सांस ली - फोटो : अमर उजाला
रीजेंसी हॉस्पिटल में 102 घंटे और 19 मिनट तक भर्ती रहने के दौरान एसपी सुरेंद्र दास की हालत एक क्षण के लिए भी स्थिर नहीं हो पाई। सल्फास का असर इतना तेज रहा है कि हर क्षण कोशिकाओं का पावर हाउस कहा जाने वाला हिस्सा माइट्रोकांड्रिया नष्ट होता रहा। रविवार दोपहर 12:19 बजे एसपी की धड़कनें थम गईं। इसके बाद रीजेंसी के मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. राजेश अग्रवाल ने उनके निधन की घोषणा की।
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Surendra Kumar Das breathed last on sunday noon
सुरेंद्र कुमार दास ने 12 बजकर 19 मिनट पर अंतिम सांस ली - फोटो : अमर उजाला
सल्फास खाने के बाद एसपी सुरेंद्र दास को बुधवार सुबह छह बजे रीजेंसी अस्पताल में भर्ती किया गया था। डॉक्टरों की टीम उनकी जान बचाने में जुट गई थी। मुंबई से भी विशेषज्ञों की टीम विशेष लाइफ सपोर्ट सिस्टम लेकर आई। हालांकि सल्फास से निकलने वाली फास्फीन गैस शरीर में अपना दुष्प्रभाव छोड़ती रही। इसका असर शरीर की प्रत्येक कोशिका पर पड़ता रहा और उनकी मौत हो गई।


 
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