हरदोई जिले में पचदेवरा थाना क्षेत्र के मैकपुर गांव में खनन से हुए गड्ढे में डूबकर चार मासूमों की मौत के बाद गांव में मातम पसर गया। मृतकों और इनके पड़ोसियों के घरों में चूल्हे नहीं जले। उधर, दूसरी ओर डीएम ने पूरे मामले की जांच कराने का निर्णय लिया है।
खनन से हुआ गड्ढा, छिन गईं चार जिंदगियां: बच्चों के शव देख कांप गए मां-बाप, DM बोले- गहराई की होगी जांच पड़ताल
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ली जाती है उधार क्षेत्र अनुमोदन और एनओसी
राजस्व विभाग से जुड़े विश्वस्त सूत्र बताते हैं कि गंगा एक्सप्रेस-वे का निर्माण करने वाली कंपनी को निर्माण कार्यों में मिट्टी की आवश्यकता पड़ती है। इसके लिए किसानों से बात कर उधार क्षेत्र अनुमोदन और एनओसी ली जाती है। कुरारी में गाटा संख्या 40,32 और 149 (मी) में खनन की अनुमति ली गई थी।
खनन का कार्य 16 जून 2023 से 14 अगस्त 2023 के बीच किए जाने की अनुमति दी गई थी। जिन लोगों के खेतों में अनुमति दी थी उनमें शेर बहादुर, ओमदेवी, हरिहर सिंह, मुखराम और शब्बीर अहमद हैं। जारी अनुमति के मुताबिक संबंधित कार्यदायी संस्था 1.8 मीटर (लगभग छह फीट) गहराई तक ही खनन किया जा सकता है।
जांच होगी कि कितने फिट गहरा खनन हुआ
अब यही जानकारी जुटाई जाएगी कि जिन गड्ढों में भरे पानी में डूबकर बच्चों की मौत हुई है वह किस गाटा संख्या में है। अगर अनुमति प्राप्त उधार क्षेत्र में यह आता है, तो कितने फिट गहरा खनन हुआ इसकी जांच की जाएगी। इसके अलावा अगर खनन संबंधित गाटा संख्या से अलग मिलेगा तो भी पूरे मामले से शासन को अवगत कराया जाएगा।
बच्चों के शव देख कांप गए मां बाप
मैकपुर निवासी शौकीन के घर में तीन दिन पहले ही खुशियां आई थीं। उसकी पत्नी सलमा बानो ने एक बच्ची को जन्म दिया था। बच्ची का जन्म परिवार के लिए खुशी का सबब था। दरअसल, कुछ समय पहले शौकीन के एक बेटे की मौत बीमारी के कारण हो गई थी। इससे परिजन आहत थे। कौन जानता था कि दुख का पहाड़ फिर टूट पड़ेगा।