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चुनावी नतीजों का इंतजार: चौराहों पर हो रहा हार-जीत के समीकरणों पर मंथन, चाय की चुस्कियों संग बन और बिगड़ रही सरकार

Wed, 16 Feb 2022 02:34 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ Published by: Dimple Sirohi Updated Wed, 16 Feb 2022 02:34 PM IST
सार

चुनाव के नतीजे भले ही 10 मार्च को आएंगे पर इन दिनों शहर के चौराहों और नुक्कड़ों पर चाय की चुस्कियों के बीच सरकारें बन-बिगड़ रही हैं। किस सीट पर किसको किस जाति के वोट मिले इसका हिसाब-किताब हो रहा है। सीटों पर वोटों के बिखराव पर भी चर्चा की गई। 
 

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Election results 2022: discussion of defeat and victory at the tea points in meerut
चाय पर चर्चा करते लोग - फोटो : अमर उजाला

विधानसभा चुनाव के लिए हुए मतदान के नतीजे जानने के लिए अभी 10 मार्च तक का इंतजार करना होगा लेकिन इन दिनों पश्चिमी यूपी में हुए मतदान को लेकर शहर के नुक्कड़, चौराहों पर बने चाय के अड्डों पर चुनावी गरमा गरम चाय के साथ चुनावी चर्चाएं भी गर्म हैं। सीटों के समीकरण से लेकर जातीय गणित पर गुणा भाग के साथ यहां चाय की चुस्कियों के साथ सरकारें बन और बिगड़ रही हैं। आगे पढ़ें ये रिपोर्ट-



मेरठ के बाउंड्री रोड पर टेलीफोन एक्सचेंज के पास मोनू गंभीर की चाय की दुकान पर बैठे लोग शाम पांच बजे भी चुनावी चर्चा में मशगूल दिखे। यहां बैठे वेदपाल तोमर ने कहा कि देखो भाई इस बार हवा पूरी तरह बदल गई है। उनकी बात काटते हुए दुष्यंत शर्मा ने तर्क रखा कि कोई बदलाव नहीं हुआ,  मेरठ में इस बार भी 2017 वाली ही तस्वीर रहेगी। वेदपाल और दुष्यंत की बहस में कूदे अनुराग मलिक ने कहा सत्ता के खिलाफ लोगों में गुस्सा है। इसी लाइन को आगे बढ़ाते हुए अरुण तोमर बोले  चुनाव में महंगाई, पलायन, बेरोजगारी बड़े सवाल हैं। कोरोना में लोग सैकड़ों किलोमीटर पैदल चले हैं और किसानों ने 13 महीने पीड़ा सही है। 

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Election results 2022: discussion of defeat and victory at the tea points in meerut
UP election 2022 - voting in Bijnor - फोटो : अमर उजाला

राहुल शर्मा ने इनकी बात को काटते हुए कहा कि मैने पूरे चुनाव को बहुत नजदीक से देखा है। लोग विकास, अपराध पर लगाम से खुश हैं। सूर्य प्रकाश ने कहा जिन समुदायों को तंग किया गया है उन्होंने विरोध में मतदान किया है। सुदेश चौधरी और वीरेंद्र तोमर ने भी इनका समर्थन किया। दुष्यंत शर्मा ने कहा लोगों ने विकास और सुरक्षा के साथ जाना पसंद किया है। 

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Election results 2022: discussion of defeat and victory at the tea points in meerut
UP Election 2022 : Phase-1 Voting शाहिद मंजूर - फोटो : अमर उजाला

चुनाव में बेरोजगारी, महंगाई कोई मुद्दा नहीं रहा। लोगों को योगी-मोदी पर पूरा विश्वास है। इसकी काट आमिल जफर और मनोज राणा ने करते हुए कहा कि ये तो वक्त ही बताएगा कि लोगों ने बाबा पर कितना विश्वास किया है। इस बार तो कैंट की सीट पर भी भाजपा को पसीना आ रहा है। सरधना और हस्तिनापुर में भी  परेशानी है। इस बीच पहुंचे आरिफ और जितेंद्र ने भी  इनके सुर में  सुर मिलाया। इस पर दुष्यंत शर्मा और राहुल शर्मा ने कहा कि भाजपा ने जाटों की भरपाई दलित वोटों के जरिये की है। 

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Election results 2022: discussion of defeat and victory at the tea points in meerut
UP Election 2022 : Phase-1 Voting - फोटो : अमर उजाला

हाथी बिगाड़ेगा सबकी चाल 
मेरठ कॉलेज के पास कुटिया के नाम से मशूहर चाय की दुकानों पर भी इन दिनों सुबह से शाम तक सरकारें बन बिगड़ रही हैं। यहां बैठे अश्वनी शर्मा ने कहा कि इस बार सब हाथी की चाल को कम आंक रहे हैं पर कैंट में बसपा ने सबका गणित बिगाड़ दिया है। पहली बार बसपा ने यहां ब्राह्मण प्रत्याशी उतारा है जिसका असर दिखाई दिया है।

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UP Election 2022 : Phase-1 Voting - फोटो : अमर उजाला

कुलदीप कुमार शर्मा ने प्रतिवाद करते हुए कहा कि अपने पत्ते मत खोलो। चुनाव तो योगी-मोदी के चेहरे पर ही हुआ है। करन शर्मा ने कहा कि आम आदमी परेशान है। रोजगार हैं नहीं और महंगाई बेतहाशा बढ़ी है। यही सबसे बड़ा फैक्टर है। राजेश शर्मा ने कहा कि जहां बसपा के प्रत्याशी कमजोर थे वहां दलितों की पहली पसंद गठबंधन ही दिखाई दिया। दलितों का रुख ही इस चुनाव में निर्णायक रहेगा। 

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