{"_id":"6a44c58c4d16552ca1044ff2","slug":"beyond-treatment-agra-doctors-inspire-through-blood-donation-cancer-awareness-and-sports-2026-07-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"ये डॉक्टर हैं बेमिसाल: इलाज करने से अलग भी है इनकी दुनिया, रक्तदान, समाजसेवा और खेलों में भी रच रहे मिसाल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ये डॉक्टर हैं बेमिसाल: इलाज करने से अलग भी है इनकी दुनिया, रक्तदान, समाजसेवा और खेलों में भी रच रहे मिसाल
Wed, 01 Jul 2026 01:15 PM IST
Dhirendra Singh
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: Dhirendra Singh
Updated Wed, 01 Jul 2026 01:15 PM IST
सार
आगरा के कई चिकित्सक इलाज तक सीमित नहीं हैं, बल्कि रक्तदान, कैंसर और तंबाकू के खिलाफ जागरूकता अभियान तथा खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन से समाज के लिए प्रेरणा बन रहे हैं। इनमें डॉ. केएस दिनकर 53 बार रक्तदान कर चुके हैं, जबकि 68 वर्षीय डॉ. अरुण तिवारी राष्ट्रीय स्तर पर 70 से अधिक शूटिंग पदक जीत चुके हैं।
विज्ञापन
ये डॉक्टर हैं बेमिसाल
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
डॉक्टर...मरीज की जान ही नहीं बचा रहे। जरूरत पर समाजसेवा से भी पीछे नहीं हैं। मरीजों के लिए रक्तदान कर रहे हैं। यहां तक कि बीमारी से होने वाली मौत से विचलित होकर तंबाकू के खिलाफ लोगों को जागरूक कर रहे हैं। शहर में ऐसे भी चिकित्सक हैं, जो खेलकूद में दम दिखा रहे हैं। मेडल जीतकर शहर का नाम रोशन कर रहे हैं। ऐसे ही चिकित्सक समाज के लिए प्रेरक का कार्य कर रहे हैं।
सर्वाइकल कैंसर-तंबाकू के खिलाफ छेड़ी जंग
कैंसर मरीजों को तिल-तिल मरते देख एसएन मेडिकल कॉलेज के कैंसर रोग विभाग की डॉ. सुरभि गुप्ता ने कैंसर और तंबाकू के खिलाफ जंग छेड़ दी। सामाजिक संगठनों के सहयोग से बेटियों को एंटी सर्वाइकल वैक्सीन लगवा रही हैं। इन्होंने बताया कि 2006 में एसएन में नियुक्त हुईं। देखा कि कैंसर से जान ही नहीं आर्थिक रूप से भी लोग बर्बाद हो रहे हैं। ऐसे में लोगों को तंबाकू छोड़ने के लिए अभियान चलाया।
...रक्त की जरूरत, डॉ. केएस दिनकर बढ़ा देते कदम
मरीज के लिए रक्त की जरूरत तो एसएन मेडिकल कॉलेज के हड्डी रोग विभाग के डॉ. केएस दिनकर कदम बढ़ा देते हैं। इन्होंने बताया कि 2009 में मरीज के ऑपरेशन के लिए रक्त की जरूरत थी, दो-तीन में जरूरी यूनिट नहीं हो पाईं। एक की कमी पड़ी तो मैंने पहली बार रक्तदान किया। इसके बाद ऐसा जुनून जागा कि अभी तक 53 बार रक्तदान कर चुका हूं। इलाज के साथ रक्तदान से मन को प्रसन्नता मिलती है।
विज्ञापन
68 की उम्र में डॉ. अरुण तिवारी लगा रहे सटीक निशाना
यूरोलॉजिस्ट एंड एंड्रोलॉजिस्ट शूटर डॉ. अरुण तिवारी का युवाओं जैसा जोश है। ये 68 की उम्र में भी सटीक निशाना लगा रहे हैं। इन्होंने राष्ट्रीय, प्रदेश स्तरीय शूटिंग चैंपियनशिप में 70 से अधिक मेडल हासिल किए हैं। इसमें राष्ट्रीय चैंपियनशिप में 7 स्वर्ण और एक रजत मेडल हैं। बताया कि चिकित्सकीय कार्य के थकान को वे खेलकूद से दूर करते हैं। आज भी वे तीन घंटे शूटिंग का अभ्यास भी करते हैं।
विज्ञापन
सर्वाइकल कैंसर-तंबाकू के खिलाफ छेड़ी जंग
कैंसर मरीजों को तिल-तिल मरते देख एसएन मेडिकल कॉलेज के कैंसर रोग विभाग की डॉ. सुरभि गुप्ता ने कैंसर और तंबाकू के खिलाफ जंग छेड़ दी। सामाजिक संगठनों के सहयोग से बेटियों को एंटी सर्वाइकल वैक्सीन लगवा रही हैं। इन्होंने बताया कि 2006 में एसएन में नियुक्त हुईं। देखा कि कैंसर से जान ही नहीं आर्थिक रूप से भी लोग बर्बाद हो रहे हैं। ऐसे में लोगों को तंबाकू छोड़ने के लिए अभियान चलाया।
विज्ञापन
...रक्त की जरूरत, डॉ. केएस दिनकर बढ़ा देते कदम
मरीज के लिए रक्त की जरूरत तो एसएन मेडिकल कॉलेज के हड्डी रोग विभाग के डॉ. केएस दिनकर कदम बढ़ा देते हैं। इन्होंने बताया कि 2009 में मरीज के ऑपरेशन के लिए रक्त की जरूरत थी, दो-तीन में जरूरी यूनिट नहीं हो पाईं। एक की कमी पड़ी तो मैंने पहली बार रक्तदान किया। इसके बाद ऐसा जुनून जागा कि अभी तक 53 बार रक्तदान कर चुका हूं। इलाज के साथ रक्तदान से मन को प्रसन्नता मिलती है।
विज्ञापन
68 की उम्र में डॉ. अरुण तिवारी लगा रहे सटीक निशाना
यूरोलॉजिस्ट एंड एंड्रोलॉजिस्ट शूटर डॉ. अरुण तिवारी का युवाओं जैसा जोश है। ये 68 की उम्र में भी सटीक निशाना लगा रहे हैं। इन्होंने राष्ट्रीय, प्रदेश स्तरीय शूटिंग चैंपियनशिप में 70 से अधिक मेडल हासिल किए हैं। इसमें राष्ट्रीय चैंपियनशिप में 7 स्वर्ण और एक रजत मेडल हैं। बताया कि चिकित्सकीय कार्य के थकान को वे खेलकूद से दूर करते हैं। आज भी वे तीन घंटे शूटिंग का अभ्यास भी करते हैं।