Magh Mela : एंबुलेंस के इंतजार में गई श्रद्धालु की जान, संगम में स्नान के बाद बिगड़ गई थी हालत
गंगा स्नान के बाद रविवार सुबह हर्षवर्धन चौराहे पर धूप सेंक रहे संत कबीर नगर के अकबरपुर थाना के मेहदावल गांव निवासी रवींद्र पाठक (48) अचानक बेहोश हो गए। पत्नी संजन व साढू अखिलेश ने बैरियर पर मौजूद पुलिसकर्मियों से एंबुलेंस बुलाने के लिए कहा।
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गंगा स्नान के बाद रविवार सुबह हर्षवर्धन चौराहे पर धूप सेंक रहे संत कबीर नगर के अकबरपुर थाना के मेहदावल गांव निवासी रवींद्र पाठक (48) अचानक बेहोश हो गए। पत्नी संजन व साढू अखिलेश ने बैरियर पर मौजूद पुलिसकर्मियों से एंबुलेंस बुलाने के लिए कहा।
कई बार फोन लगाने के बाद भी एंबुलेंस नहीं पहुंची। करीब आधे घंटे बाद स्थानीय निवासी ने बाइक से श्रद्धालु को एसआरएन अस्पताल पहुंचाया। जहां डॉक्टरों ने रवींद्र को मृत घोषित कर दिया। संजन और साढू अखिलेश का कहना है कि अगर उन्हें मौके पर एंबुलेंस मिल गई होती, तो जान बच जाती। पेशे से चालक रवींद्र पत्नी, साढू सहित गांव के 40 अन्य लोगों के साथ शुक्रवार को मेला पहुंचे थे।
वहीं, संगम स्नान करने के बाद बहराइच के थाना विशेश्वर के गांव गंगु डेरवार निवासी श्रद्धालु महेंद्र प्रताप सिंह (37) को सांस लेने में तकलीफ हुई। साथ आए दोस्त उन्हें एसआरएन अस्पताल ले गए। इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। दोस्तों ने बताया कि उन्हें रक्तचाप की समस्या थी। -----
मौनी अमावस्या पर लगाई गई 95 एंबुलेंस
वहीं दूसरी तरफ मौनी अमावस्या पर्व पर स्वास्थ्य विभाग की तरफ से 95 एंबुलेंस की तैनाती की गई थी। इनमें 80 एंबुलेंस पहले से स्वास्थ्य विभाग के पास थी। इसके अलावा मौनी अमावस्या को देखते हुए निजी चिकित्सालयों से 15 अतिरिक्त एंबुलेंस ली गई थी।
मेरे पास ऐसी कोई जानकारी नहीं है। एंबुलेंस हर मिनट लोगों की सेवा में लगी थी। मौके पर एंबुलेंस न मिलना आश्चर्य की बात है। - डॉ. एके तिवारी, सीएमओ
