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Railway News : भीषण गर्मी में राहत, ट्रेनों के जनरल कोच में ही मिलेगा ठंडा पानी
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Wed, 08 Apr 2026 03:48 PM IST
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सार
उत्तर मध्य रेलवे (एनसीआर) ने तपती गर्मी के बीच रेल यात्रियों को बड़ी राहत देने की तैयारी कर ली है। अब लंबी दूरी की ट्रेनों के जनरल कोच में सफर करने वाले यात्रियों को पीने के पानी के लिए प्लेटफॉर्म पर उतरकर भटकना नहीं पड़ेगा।
यात्रियों को पानी पिलाते एनजीओ को लोग। सांकेतिक चित्र
- फोटो : एआई।
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विस्तार
उत्तर मध्य रेलवे (एनसीआर) ने तपती गर्मी के बीच रेल यात्रियों को बड़ी राहत देने की तैयारी कर ली है। अब लंबी दूरी की ट्रेनों के जनरल कोच में सफर करने वाले यात्रियों को पीने के पानी के लिए प्लेटफॉर्म पर उतरकर भटकना नहीं पड़ेगा। रेलवे प्रशासन ने स्वयंसेवी संस्थाओं के साथ मिलकर एक विशेष योजना तैयार की है, जिसके तहत ट्रेन के प्लेटफॉर्म पर रुकते ही रेलकर्मी और वालंटियर सीधे डिब्बे के भीतर ही यात्रियों तक ठंडा पानी पहुंचाएंगे।
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उत्तर मध्य रेलवे के महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह के निर्देश पर यह व्यवस्था आगामी 15 अप्रैल से प्रभावी होने जा रही है। इस मानवीय पहल को सफल बनाने के लिए रेलवे ने विभिन्न सामाजिक संगठनों और एनजीओ के साथ हाथ मिलाया है। योजना के अनुसार, प्रयागराज जंक्शन, कानपुर सेंट्रल, अलीगढ़, आगरा, झांसी, मथुरा, ग्वालियर, टूंडला, मिर्जापुर और प्रयागराज छिवकी जैसे महत्वपूर्ण स्टेशनों पर रेलकर्मियों के साथ लायंस क्लब, रेडक्रास, भारत विकास परिषद आदि संगठन की टीमें तैनात रहेंगी। इन स्टेशनों पर जैसे ही कोई लंबी दूरी की ट्रेन प्लेटफॉर्म पर आकर रुकेगी, ये टीमें पाइप और घड़ों के माध्यम से सीधे जनरल बोगियों की खिड़कियों और दरवाजों से यात्रियों को ठंडा जल उपलब्ध कराएंगी।
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इस व्यवस्था का सबसे बड़ा लाभ उन यात्रियों को मिलेगा जो भीड़भाड़ वाले जनरल कोच में अपनी सीट छूटने या सामान चोरी होने के डर से नीचे नहीं उतर पाते थे। अक्सर पानी के लिए आपाधापी में यात्रियों के बीच नोकझोंक और दुर्घटना की आशंका बनी रहती थी, जिसे देखते हुए रेलवे ने पाइप के जरिए कोच के अंदर ही सेवा देने का निर्णय लिया है। प्रशासन का मानना है कि इस प्रयास से न केवल यात्रियों का सफर सुगम होगा, बल्कि चिलचिलाती धूप में निर्जलीकरण जैसी समस्याओं से भी बचाव हो सकेगा। स्वयंसेवी संस्थाओं के सहयोग से शुरू हो रही यह सेवा पूरे ग्रीष्मकाल तक जारी रहने की उम्मीद है।