{"_id":"6966956023d890755b009fb4","slug":"bhakiyu-staged-a-sit-in-at-the-mandi-gate-amethi-news-c-96-1-ame1022-156471-2026-01-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"Amethi News: भाकियू ने मंडी गेट पर दिया धरना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Amethi News: भाकियू ने मंडी गेट पर दिया धरना
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
Updated Wed, 14 Jan 2026 12:26 AM IST
विज्ञापन
जगदीशपुर की जाफरगंज मंडी गेट पर धरने पर बैठे भाकियू कार्यकर्ता।-संवाद
विज्ञापन
जगदीशपुर। भारतीय किसान यूनियन (टिकैत गुट) ने मंगलवार को नवीन जाफरगंज मंडी परिसर में धान खरीद में व्यापक अनियमितता और किसानों की अनदेखी का आरोप लगाते हुए गेट पर धरना दिया। किसान यूनियन ने मांग की है कि केंद्र प्रभारी, विपणन शाखा और संबंधित अधिकारियों की जांच कराई जाए और दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की जाए।
जाफरगंज नवीन मंडी गेट पर पहुंचे भारतीय किसान यूनियन अमेठी के जिलाध्यक्ष नफीस चंदेल कार्यकर्ताओं के साथ धरने पर बैठ गए। इससे गेट से आवागमन बंद हो गया। संगठन का कहना है कि धान क्रय केंद्रों पर नियमों की अनदेखी की जा रही है। जाफरगंज मंडी परिसर में धान खरीद के लिए चार कांटे लगाए गए, लेकिन वर्तमान में केवल दो कांटों पर ही तौल कराई जा रही है। इससे खरीद प्रक्रिया प्रभावित हो रही है।
आरोप है कि किसानों के धान में नमी बताकर लौटा दिया जाता हैं या फिर बार-बार दौड़ाया जाता है। किसानों को एमएसपी यानी न्यूनतम समर्थन मूल्य का लाभ देने के बजाय बिचौलियों को फायदा पहुंचाया जा रहा है। किसान यूनियन ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो किसान बड़े स्तर पर धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। मंडी सचिव संजय चौहान ने बताया कि आरोप निराधार हैं।
Trending Videos
जाफरगंज नवीन मंडी गेट पर पहुंचे भारतीय किसान यूनियन अमेठी के जिलाध्यक्ष नफीस चंदेल कार्यकर्ताओं के साथ धरने पर बैठ गए। इससे गेट से आवागमन बंद हो गया। संगठन का कहना है कि धान क्रय केंद्रों पर नियमों की अनदेखी की जा रही है। जाफरगंज मंडी परिसर में धान खरीद के लिए चार कांटे लगाए गए, लेकिन वर्तमान में केवल दो कांटों पर ही तौल कराई जा रही है। इससे खरीद प्रक्रिया प्रभावित हो रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
आरोप है कि किसानों के धान में नमी बताकर लौटा दिया जाता हैं या फिर बार-बार दौड़ाया जाता है। किसानों को एमएसपी यानी न्यूनतम समर्थन मूल्य का लाभ देने के बजाय बिचौलियों को फायदा पहुंचाया जा रहा है। किसान यूनियन ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो किसान बड़े स्तर पर धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। मंडी सचिव संजय चौहान ने बताया कि आरोप निराधार हैं।