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Amethi News: गाय को मिले राज्य माता का दर्जा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
Updated Sat, 07 Mar 2026 11:55 PM IST
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गौरीगंज कस्बे में शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का स्वागत करते लोग।-संवाद
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अमेठी सिटी। वाराणसी से निकली गोरक्षा प्रतिष्ठा यात्रा शनिवार शाम गौरीगंज पहुंची। रघुपुर वार्ड में व्यवसायी कृष्णानंद पांडेय के घर पहुंचे शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती का श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों ने स्वागत किया। पश्चिमी देशों में चल रहे युद्ध पर टिप्पणी करते हुए शंकराचार्य ने कहा कि विश्व में स्थायी शांति तभी संभव है, जब गाय और ब्राह्मण सुखी होंगे।
शंकराचार्य ने कहा कि गाय की रक्षा और प्रतिष्ठा के लिए यह यात्रा निकाली गई है। उन्होंने कहा कि गाय हमारी माता है। वह पशु नहीं है। इसलिए गोहत्या को अपराध घोषित किया जाना चाहिए और गाय को पशु सूची से हटाकर राज्य माता का दर्जा दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राजनीति और धर्म का कार्य अलग-अलग है। समस्या तब पैदा होती है जब कोई व्यक्ति एक वेश धारण करता है और कार्य कुछ और करता है। राजनीतिक दल चुनाव के समय गोहत्या बंद कराने का वादा करते हैं और जनता से समर्थन मांगते हैं, लेकिन सत्ता में आने के बाद उस दिशा में उचित कदम नहीं उठाते, तब लोगों की भावनाएं आहत होती हैं।
शंकराचार्य ने कहा कि जो भी हिंदू है, वह गोहत्या बंद करने के पक्ष में खड़ा हो। जिन्होंने गोहत्या रोकने का वादा किया है, उन्हें वेद, शास्त्र, परंपरा और इतिहास का हवाला देकर अपने वचन की याद दिलाई जाएगी। उन्होंने बताया कि फिलहाल यह यात्रा उत्तर प्रदेश में चल रही है। इसके बाद यह यात्रा देश के अन्य राज्यों में भी जाएगी। उनका कहना है कि करोड़ों हिंदू इस बात से आहत हैं कि जिस देश में वे रहते हैं, वहीं उनकी माता के रूप में पूजित गाय की हत्या कर मांस विदेशों तक भेजा जाता है। इस मौके पर राकेश तिवारी, चंद्रकांत तिवारी, अंकुर शुक्ल, राजेंद्र मिश्र आदि मौजूद रहे।
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शंकराचार्य ने कहा कि गाय की रक्षा और प्रतिष्ठा के लिए यह यात्रा निकाली गई है। उन्होंने कहा कि गाय हमारी माता है। वह पशु नहीं है। इसलिए गोहत्या को अपराध घोषित किया जाना चाहिए और गाय को पशु सूची से हटाकर राज्य माता का दर्जा दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राजनीति और धर्म का कार्य अलग-अलग है। समस्या तब पैदा होती है जब कोई व्यक्ति एक वेश धारण करता है और कार्य कुछ और करता है। राजनीतिक दल चुनाव के समय गोहत्या बंद कराने का वादा करते हैं और जनता से समर्थन मांगते हैं, लेकिन सत्ता में आने के बाद उस दिशा में उचित कदम नहीं उठाते, तब लोगों की भावनाएं आहत होती हैं।
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शंकराचार्य ने कहा कि जो भी हिंदू है, वह गोहत्या बंद करने के पक्ष में खड़ा हो। जिन्होंने गोहत्या रोकने का वादा किया है, उन्हें वेद, शास्त्र, परंपरा और इतिहास का हवाला देकर अपने वचन की याद दिलाई जाएगी। उन्होंने बताया कि फिलहाल यह यात्रा उत्तर प्रदेश में चल रही है। इसके बाद यह यात्रा देश के अन्य राज्यों में भी जाएगी। उनका कहना है कि करोड़ों हिंदू इस बात से आहत हैं कि जिस देश में वे रहते हैं, वहीं उनकी माता के रूप में पूजित गाय की हत्या कर मांस विदेशों तक भेजा जाता है। इस मौके पर राकेश तिवारी, चंद्रकांत तिवारी, अंकुर शुक्ल, राजेंद्र मिश्र आदि मौजूद रहे।
