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Amethi News: श्रद्धालुओं ने किया गायत्री महामंत्र का जाप
Fri, 31 Jul 2026 12:58 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
Updated Fri, 31 Jul 2026 12:58 AM IST
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गायत्री शक्तिपीठ अमेठी में आयोजित कार्यक्रम में जप करते श्रद्धालु। स्रोत: स्थानीय
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अमेठी। गायत्री शक्तिपीठ में बृहस्पतिवार से 40 दिवसीय सामूहिक 24 लाख गायत्री महामंत्र जप अनुष्ठान का शुभारंभ हुआ। पहले दिन बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने सामूहिक रूप से गायत्री महामंत्र का जप कर राष्ट्र, समाज और विश्व कल्याण की कामना की।
परिव्राजक इंद्रदेव शर्मा ने कहा कि साधना व्यक्ति के व्यक्तित्व को परिष्कृत करने का सबसे प्रभावी माध्यम है। नियमित साधना से जीवन अनुशासित, जागरूक और प्रभावशाली बनता है। उन्होंने कहा कि साधना ही सामान्य व्यक्ति को असाधारण बनाने का मार्ग प्रशस्त करती है और सिद्धि का आधार भी यही है।
उन्होंने कहा कि चतुर्मास आत्मचिंतन, आत्मसंयम और आध्यात्मिक उन्नयन का श्रेष्ठ काल है। इस दौरान की गई साधना व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाती है। प्रत्येक व्यक्ति को अपने दैनिक जीवन में नियमित साधना को स्थान देना चाहिए। अनुष्ठान में अशोक शर्मा, राम बहादुर पांडेय, सुयोधन सिंह, कविता शर्मा, सुनीता सिंह, शकुंतला पांडेय, कुसुम शर्मा, दिनेश सिंह, संगीता शर्मा, सुधा गुप्ता और शीला जायसवाल आदि शामिल हुए। आयोजकों ने बताया कि अगले 40 दिनों तक प्रतिदिन सामूहिक गायत्री महामंत्र जप के साथ विभिन्न आध्यात्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
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परिव्राजक इंद्रदेव शर्मा ने कहा कि साधना व्यक्ति के व्यक्तित्व को परिष्कृत करने का सबसे प्रभावी माध्यम है। नियमित साधना से जीवन अनुशासित, जागरूक और प्रभावशाली बनता है। उन्होंने कहा कि साधना ही सामान्य व्यक्ति को असाधारण बनाने का मार्ग प्रशस्त करती है और सिद्धि का आधार भी यही है।
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उन्होंने कहा कि चतुर्मास आत्मचिंतन, आत्मसंयम और आध्यात्मिक उन्नयन का श्रेष्ठ काल है। इस दौरान की गई साधना व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाती है। प्रत्येक व्यक्ति को अपने दैनिक जीवन में नियमित साधना को स्थान देना चाहिए। अनुष्ठान में अशोक शर्मा, राम बहादुर पांडेय, सुयोधन सिंह, कविता शर्मा, सुनीता सिंह, शकुंतला पांडेय, कुसुम शर्मा, दिनेश सिंह, संगीता शर्मा, सुधा गुप्ता और शीला जायसवाल आदि शामिल हुए। आयोजकों ने बताया कि अगले 40 दिनों तक प्रतिदिन सामूहिक गायत्री महामंत्र जप के साथ विभिन्न आध्यात्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
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