{"_id":"6a52a30cc324231bec041f06","slug":"justice-is-my-duty-the-guiding-principle-for-nation-building-by-young-advocates-jpnagar-news-c-284-1-smbd1013-167975-2026-07-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"न्याय मम धर्म युवा अधिवक्ताओं के राष्ट्र निर्माण का मूल मंत्र : डी. भारत कुमार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
न्याय मम धर्म युवा अधिवक्ताओं के राष्ट्र निर्माण का मूल मंत्र : डी. भारत कुमार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमरोहा। अखिल भारतीय अधिवक्ता परिषद की ओर से शनिवार को न्याय मम धर्म युवा अधिवक्ताओं के राष्ट्र निर्माण का मूल मंत्र विषय पर युवा सम्मेलन आयोजित किया गया। मुख्य वक्ता परिषद के राष्ट्रीय महामंत्री डी. भारत कुमार ने कहा कि युवा अधिवक्ता यदि न्याय एवं धर्म के आदर्शों को अपनाएं तो राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं।
कार्यक्रम का शुभारंभ वंदे मातरम् के सामूहिक गायन तथा भारत माता एवं स्वामी विवेकानंद के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया। राष्ट्रीय महामंत्री डी. भारत कुमार ने कहा कि संगठन का उद्देश्य केवल विस्तार नहीं, बल्कि मजबूत संबंध स्थापित करना, सफलता को साझा करना और सभी को साथ लेकर आगे बढ़ना है। उन्होंने आपातकाल के दौरान अनुच्छेद-21 से जुड़े ऐतिहासिक फैसले का उल्लेख करते हुए न्यायमूर्ति एचआर खन्ना के साहस को न्यायपालिका की स्वतंत्रता का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि अधिवक्ताओं को मधुमक्खी की तरह समाज से अच्छाइयों को ग्रहण कर राष्ट्र निर्माण में योगदान देने का आह्वान भी किया।
राष्ट्रीय मंत्री चरण सिंह त्यागी ने कहा कि युवा अधिवक्ताओं की भूमिका न्याय व्यवस्था और समाज दोनों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। परिषद का उद्देश्य केवल अधिवक्ताओं का संगठन बनाना नहीं, बल्कि चरित्रवान, राष्ट्रनिष्ठ और समाज हितैषी अधिवक्ताओं का निर्माण करना है।
विज्ञापन
बार एसोसिएशन अमरोहा के अध्यक्ष कपिल चिकारा ने कहा कि अधिवक्ता परिषद अनुशासन, स्वाध्याय और निरंतर अध्ययन की भावना विकसित करने वाला संगठन है। अधिवक्ता को कानून की जानकारी के साथ-साथ अपने व्यक्तित्व और व्यवहार को भी निरंतर बेहतर बनाना चाहिए।
अधिवक्ता परिषद ब्रज के अध्यक्ष सुभाष चंद्र गुप्ता ने कहा कि देश के लगभग 65 प्रतिशत अधिवक्ता युवा हैं और यदि वे न्याय एवं धर्म के आदर्शों को अपनाएं तो राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं। वहीं, संरक्षक नरोत्तम गर्ग ने कहा कि भारतीय संस्कृति में धर्म का अर्थ किसी पंथ से नहीं, बल्कि अपने कर्तव्यों का निष्ठापूर्वक पालन करना है।
क्षेत्रीय संयोजक विपिन कुमार त्यागी, महामंत्री प्रमोद कुमार त्यागी, युवा अधिवक्ताओं नमन वर्मा, पुलकित शर्मा और स्पर्श रस्तोगी ने भी अपने विचार व्यक्त किए।
कार्यक्रम में अमरोहा इकाई के अध्यक्ष राहुल माहेश्वरी ने सभी अतिथियों एवं विभिन्न जिला इकाइयों के कार्यकर्ताओं का स्वागत किया। संचालन महामंत्री राजपाल सिंह ने किया। इस दौरान बसंत सिंह सैनी, राकेश मिश्रा, सतीश त्यागी, हरपाल सिंह, गुरबचन सिंह सिद्धू, नरेंद्र पोसवाल मौजूद रहे।
विज्ञापन
कार्यक्रम का शुभारंभ वंदे मातरम् के सामूहिक गायन तथा भारत माता एवं स्वामी विवेकानंद के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया। राष्ट्रीय महामंत्री डी. भारत कुमार ने कहा कि संगठन का उद्देश्य केवल विस्तार नहीं, बल्कि मजबूत संबंध स्थापित करना, सफलता को साझा करना और सभी को साथ लेकर आगे बढ़ना है। उन्होंने आपातकाल के दौरान अनुच्छेद-21 से जुड़े ऐतिहासिक फैसले का उल्लेख करते हुए न्यायमूर्ति एचआर खन्ना के साहस को न्यायपालिका की स्वतंत्रता का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि अधिवक्ताओं को मधुमक्खी की तरह समाज से अच्छाइयों को ग्रहण कर राष्ट्र निर्माण में योगदान देने का आह्वान भी किया।
विज्ञापन
राष्ट्रीय मंत्री चरण सिंह त्यागी ने कहा कि युवा अधिवक्ताओं की भूमिका न्याय व्यवस्था और समाज दोनों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। परिषद का उद्देश्य केवल अधिवक्ताओं का संगठन बनाना नहीं, बल्कि चरित्रवान, राष्ट्रनिष्ठ और समाज हितैषी अधिवक्ताओं का निर्माण करना है।
विज्ञापन
बार एसोसिएशन अमरोहा के अध्यक्ष कपिल चिकारा ने कहा कि अधिवक्ता परिषद अनुशासन, स्वाध्याय और निरंतर अध्ययन की भावना विकसित करने वाला संगठन है। अधिवक्ता को कानून की जानकारी के साथ-साथ अपने व्यक्तित्व और व्यवहार को भी निरंतर बेहतर बनाना चाहिए।
अधिवक्ता परिषद ब्रज के अध्यक्ष सुभाष चंद्र गुप्ता ने कहा कि देश के लगभग 65 प्रतिशत अधिवक्ता युवा हैं और यदि वे न्याय एवं धर्म के आदर्शों को अपनाएं तो राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं। वहीं, संरक्षक नरोत्तम गर्ग ने कहा कि भारतीय संस्कृति में धर्म का अर्थ किसी पंथ से नहीं, बल्कि अपने कर्तव्यों का निष्ठापूर्वक पालन करना है।
क्षेत्रीय संयोजक विपिन कुमार त्यागी, महामंत्री प्रमोद कुमार त्यागी, युवा अधिवक्ताओं नमन वर्मा, पुलकित शर्मा और स्पर्श रस्तोगी ने भी अपने विचार व्यक्त किए।
कार्यक्रम में अमरोहा इकाई के अध्यक्ष राहुल माहेश्वरी ने सभी अतिथियों एवं विभिन्न जिला इकाइयों के कार्यकर्ताओं का स्वागत किया। संचालन महामंत्री राजपाल सिंह ने किया। इस दौरान बसंत सिंह सैनी, राकेश मिश्रा, सतीश त्यागी, हरपाल सिंह, गुरबचन सिंह सिद्धू, नरेंद्र पोसवाल मौजूद रहे।