{"_id":"6a625a90f480e5647202c2ea","slug":"teenager-hangs-himself-in-depression-after-elder-brother-asks-for-money-for-medical-treatment-auraiya-news-c-211-1-aur1009-148607-2026-07-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Auraiya News: बड़े भाई ने मांगे इलाज के रुपये तो अवसाद में फंदे से लटका किशोर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Auraiya News: बड़े भाई ने मांगे इलाज के रुपये तो अवसाद में फंदे से लटका किशोर
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बेला (औरैया)। थाना क्षेत्र के गांव मढ़ादासपुर में बड़े भाई की ओर से इलाज के लिए रुपये मांगने से परेशान 17 वर्षीय किशोर ने बृहस्पतिवार सुबह नीम के पेड़ पर फंदे से लटक कर जान देने का प्रयास किया। ग्रामीणों ने फंदा काटकर उसे उतार लिया। गंभीर हालत में सीएचसी लेकर पहुंचे। आरोप है कि पीड़ित को कोई डॉक्टर नहीं मिला, जिसके बाद ट्रेनी छात्र और नर्स ने फोन पर डॉक्टर से परामर्श लेकर उसका प्राथमिक उपचार किया। इससे उसकी जान बच सकी।
गांव मढ़ादासपुर निवासी रघुनाथ प्रसाद के 17 वर्षीय बेटे शोभित कुमार से उसके बड़े भाई देवेश ने इलाज के लिए चार लाख रुपये की मांग की थी। इस पर शोभित ने असमर्थता जताई तो दोनों भाइयों में कहासुनी हो गई। परिजन के समझाने पर मामला शांत तो हो गया लेकिन शोभित रातभर इसी बात को लेकर तनाव में रहा।
बृहस्पतिवार सुबह करीब सात बजे शोभित घर से दूर खेतों की ओर चला गया और नीम के पेड़ पर दुपट्टे के सहारे फंदे से लटक गया। इसी दौरान गांव के छह वर्षीय मासूम अनुराग ने उसे लटकते देख शोर मचा दिया। चीख-पुकार सुनकर पास के खेतों में काम कर रहे ग्रामीण मौके पर पहुंचे और दुपट्टा काटकर उसे नीचे उतारा।
विज्ञापन
बाद में उसे सीएचसी ले जाया गया। अस्पताल में डीफार्मा छात्र अंशू और स्टाफ नर्स हेमवती ही मिले। दोनों ने फोन पर डॉक्टर से सलाह लेकर किशोर का प्राथमिक उपचार किया। हालत में सुधार होने पर कुछ घंटों बाद उसे घर भेज दिया गया। थाना प्रभारी निरीक्षक ललितेश नारायन त्रिपाठी ने बताया कि मामले की जानकारी हुई है। कोई तहरीर नहीं मिली है।
विज्ञापन
गांव मढ़ादासपुर निवासी रघुनाथ प्रसाद के 17 वर्षीय बेटे शोभित कुमार से उसके बड़े भाई देवेश ने इलाज के लिए चार लाख रुपये की मांग की थी। इस पर शोभित ने असमर्थता जताई तो दोनों भाइयों में कहासुनी हो गई। परिजन के समझाने पर मामला शांत तो हो गया लेकिन शोभित रातभर इसी बात को लेकर तनाव में रहा।
विज्ञापन
बृहस्पतिवार सुबह करीब सात बजे शोभित घर से दूर खेतों की ओर चला गया और नीम के पेड़ पर दुपट्टे के सहारे फंदे से लटक गया। इसी दौरान गांव के छह वर्षीय मासूम अनुराग ने उसे लटकते देख शोर मचा दिया। चीख-पुकार सुनकर पास के खेतों में काम कर रहे ग्रामीण मौके पर पहुंचे और दुपट्टा काटकर उसे नीचे उतारा।
विज्ञापन
बाद में उसे सीएचसी ले जाया गया। अस्पताल में डीफार्मा छात्र अंशू और स्टाफ नर्स हेमवती ही मिले। दोनों ने फोन पर डॉक्टर से सलाह लेकर किशोर का प्राथमिक उपचार किया। हालत में सुधार होने पर कुछ घंटों बाद उसे घर भेज दिया गया। थाना प्रभारी निरीक्षक ललितेश नारायन त्रिपाठी ने बताया कि मामले की जानकारी हुई है। कोई तहरीर नहीं मिली है।