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UP: हाईकोर्ट के आदेश पर नहीं दाखिल किया प्रति शपथ पत्र, प्रधान सहायक के खिलाफ FIR; निलंबन की संस्तुति

अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़। Published by: अमन विश्वकर्मा Updated Sat, 31 Jan 2026 05:55 AM IST
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सार

Azamgarh News: डीआईओएस ने शहर कोतवाली प्रभारी को पत्र भेजकर प्रधान सहायक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने के लिए कहा है। इस आधार पर शहर कोतवाली में दिनेश मौर्य के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।

FIR registered against principal assistant for failing to file counter-affidavit as per High Court order
इलाहाबाद हाईकोर्ट। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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UP News: शिब्ली इंटर कॉलेज में विद्यार्थियों की फीस संबंधी शिकायत के लिए इलाहाबाद हाईकोर्ट में वाद दाखिल किया गया था। इस संबंध में दिए गए आदेश पर प्रति शपथ पत्र दाखिल नहीं करने पर डीआईओएस ने प्रधान सहायक के निलंबन की संस्तुति के लिए पत्र संयुक्त शिक्षा निदेशक आजमगढ़ मंडल को भेज दिया है। 

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उच्च न्यायालय इलाहाबाद में निसार अहमद बनाम उत्तर प्रदेश राज्य व अन्य के संबंध में 19 दिसंबर 2025 को आदेश दिया था कि प्रति शपथ-पत्र दाखिल करें। ऐसा नहीं किए जाने पर हाईकोर्ट ने इसे गंभीरता से लिया गया है। मामले में जिला विद्यालय निरीक्षक ने सरकारी सेवक नियमावली के विपरीत आचरण का हवाला देते हुए प्रधान सहायक दिनेश कुमार मौर्य को निलंबन करने की संस्तुति संयुक्त शिक्षा निदेशक आजमगढ़ मंडल को भेज दी है। 
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जिलाधिकारी ने 19 जनवरी को डीआईओएस को न्यायालय में प्रतिशपथ-पत्र दाखिल कराने के लिए कहा। आरोप है कि संबंधित प्रधान सहायक दिनेश कुमार मौर्य ने न तो उक्त पत्रावली का संज्ञान लिया और न समय से प्रतिशपथ-पत्र दाखिल कराया, इससे न्यायालय के आदेश की अवहेलना की स्थिति उत्पन्न हो गई। इसे विभागीय छवि के विपरीत माना गया है।

एक नजर पूरे प्रकरण पर
शिब्ली नेशनल इंटर कॉलेज यूपी बोर्ड से मान्यता प्राप्त और शासन से अनुदानित है। प्रबंधक मिर्जा महफूजुर्रहमान बेग ने 18 अगस्त 2022 को शहर कोतवाली में तहरीर दी थी। पूर्व प्रबंधक अब्दुल कैय्यूम एवं पूर्व प्रधानाचार्य निसार अहमद के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी। 

सत्र 2019-20 और 2020-21 से जुड़ा पूरा मामला। अंग्रेजी माध्यम के छात्रों से अवैध रूप से शुल्क वसूला गया। कक्षा6-8 तक 8800 प्रति छात्र, कक्षा 9-10 तक 10500 प्रति छात्र, कक्षा 11-12 तक 11700 रुपये प्रति छात्र फीस वसूली गई। कुल करीब 1.22 लाख रुपये की वसूली हुई थी। अतिरिक्त वसूली गई राशि कॉलेज के शुल्क पंजिका या आधिकारिक खातों में जमा नहीं हुई। राशि व्यक्तिगत रूप से हड़पने का आरोप था। छात्र उपस्थिति व शुल्क पंजिका में शासन निर्धारित न्यूनतम फीस भी जमा नहीं दर्शाई गई। 

2020 से 2022 तक जिला विद्यालय निरीक्षक एवं उपजिलाधिकारी स्तर की जांच समितियों द्वारा आरोपों की पुष्टि हुई। पूर्व अधिकारियों द्वारा जांच में अतिरिक्त वसूली स्वीकार करने का उल्लेख। वसूली गई राशि जमा न करने पर स्पष्ट जवाब नहीं दिया गया। निजी ऑडिटर से 2019-20 व 2020-21 की कथित फर्जी ऑडिट रिपोर्ट तैयार कराई। संबंधित अभिलेख विद्यालय में उपलब्ध नहीं थे। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद निसार अहमद हाईकोर्ट चले गए तब से मामला कोर्ट में चल रहा है।

मेरे ऊपर गलत तरीके से कार्रवाई की गई
दिनेश मौर्य ने बताया कि मुझे 15 नवंबर 2025 को सदर तहसील का प्रभार मिला था। 24 दिसंबर को सदर तहसील के प्रभार से मुझे हटाते हुए आशुलिपिक उमाकांत को प्रभार सौंप दिया गया। उसके बाद से मुझे यूपी बोर्ड परीक्षा का प्रभार दिया गया। उक्त मामले में कोर्ट ने पहला पत्र नौ जनवरी 2026 को भेजा। उसी मामले में दूसरा पत्र 13 जनवरी को भेजा। 

इसके बाद 16 जनवरी को तीसरा पत्र जारी किया गया। जब काउंटर नहीं लगा तो डीएम के माध्यम से कोर्ट ने चौथा पत्र 19 जनवरी 2026 को कार्यालय में भेजा गया। कार्यालय में तैनात डाक देख रहे कर्मचारी ने गलती से पत्र मुझे दे दिया। जबकि मैं सदर तहसील का प्रभार ही नहीं देख रहा था। परीक्षा की तैयारियों के दबाव में पत्र से ध्यान हट गया। जब तीन पत्र सदर तहसील प्रभारी को भेजा गया तो काउंटर उनको लगाना चाहिए था। मेरे ऊपर गलत तरीके से कार्रवाई की गई है।

शिब्ली में फीस का एक प्रकरण है, जो हाईकोर्ट में चल रहा है। काउंटर लगाने के लिए कोर्ट ने आदेश दिया था। काउंटर न लगने के कारण कोर्ट ने डीएम से डीआईओएस को पत्र भेजा। डीएम की ओर से भेजे गए पत्र को प्रधान सहायक दिनेश मौर्य को प्राप्त हुआ था। उक्त मामले में सुनवाई होनी थी लेकिन प्रधान सहायक की ओर से न तो मुझे संज्ञान में लाया गया न तो संबंधित पटल देख रहे उमाकांत यादव को। डीएम के निर्देश पर प्रधान सहायक के खिलाफ शहर कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। साथ ही निलंबन की संस्तुति कर जेडी को भेजा गया है। - वीरेंद्र प्रताप सिंह, प्रभारी डीआईओएस आजमगढ़।

 

डीआईओएस की तरफ से तहरीर मिली है। उक्त मामले में प्रधान सहायक दिनेश मौर्य के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। - यादवेंद्र पांडेय, कोतवाल आजमगढ़।

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