Bareilly News: सीएम ग्रिड योजना के कार्यों में लापरवाही, शर्मा कंस्ट्रक्शन को 10 लाख का जुर्माना, नोटिस जारी
बरेली में नगर निगम ने सीएम ग्रिड योजना के तहत कराए जा रहे कार्यों में लापरवाही पर निर्माण कंपनी पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। फर्म को कारण बताओ नोटिस भी जारी किया गया है।
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बरेली में मुख्यमंत्री ग्रीन रोड इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट योजना (सीएम ग्रिड) फेज 2 के कार्यों में लापरवाही बरतने और सुरक्षा मानकों को ताक पर रखने वाली फर्म के खिलाफ नगर निगम ने सख्त रख अपनाया है। नगर निगम प्रशासन ने कोहाड़ापीर पेट्रोल पंप से जीआरएम स्कूल होते हुए कुदेशिया पुल और सूद धर्म कांटे तक चल रहे विकास कार्य में लापरवाही बरतने पर मैसर्स शर्मा कंस्ट्रक्शन प्रोजेक्ट प्राइवेट लिमिटेड को कारण बताओ नोटिस जारी कर 10 लाख रुपये जुर्माना भी लगाया है।
दरअसल, मानसून सत्र के प्रभावी होने के बावजूद कार्यस्थल पर कंपनी द्वारा बेहद अनियोजित तरीके से सड़क के दोनों ओर खुदाई का काम कराया जा रहा है। सबसे गंभीर बात यह है कि इस दौरान ठेकेदार द्वारा सुरक्षा के लिहाज से कोई बैरिकेडिंग नहीं की गई है। इस लापरवाही की वजह से पूरे इलाके में जलभराव की गंभीर समस्या खड़ी हो गई है, जिससे स्थानीय नागरिकों और राहगीरों के लिए हर समय किसी हादसे का खतरा बना हुआ है। अमर उजाला ने छह जुलाई के अंक में लापरवाही को प्रमुखता के साथ प्रकाशित किया था और दिनभर जाम और बेतरतीब खोदाई की बात कही थी।
फर्म को सुरक्षा के इंतजाम करने का आदेश
नगर निगम के एक्सईएन राजीव राठी ने बताया कि इस संबंध में कार्यदायी संस्था को पहले भी कई बार सावधानीपूर्वक और व्यवस्थित तरीके से काम करने के निर्देश दिए गए थे। इसके बावजूद ठेकेदार द्वारा लगातार आदेशों की नहीं माना जा रहा है और मनमाने ढंग से काम कराया जा रहा है। बताया कि शासन स्तर पर लगातार इस वीआईपी प्रोजेक्ट की समीक्षा की जाती है, ऐसे में ठेकेदार के इस ढुलमुल रवैये और लापरवाही से नगर निगम की छवि भी धूमिल हो रही है। नगर निगम ने आदेश दिया है कि उक्त फर्म तुरंत सभी असुरक्षित स्थानों पर बैरिकेडिंग और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करे।
हादसे को दावत दे रही बिना बैरिकेडिंग की खुदाई
स्थानीय लोगों का कहना है कि मानसून के मौसम में बिना बैरिकेडिंग के गहरी खुदाई करना सीधे तौर पर लोगों की जान से खिलवाड़ है। बारिश के पानी के कारण खुदी हुई जगह का अंदाजा नहीं मिल पाता, जिससे वाहनों और पैदल यात्रियों के गिरने का डर बना रहता है। नगर निगम की इस सख्ती के बाद अब उम्मीद है कि ठेकेदार मौके पर सुरक्षा इंतजाम दुरुस्त करेगा।
नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य ने बताया कि फर्म के ओर से सीएम ग्रिड के काम में लगातार लापरवाही मिल रही थी। कई बार नोटिस के बाद भी सही जवाब नहीं दिया गया और न ही कार्यों में सुधार किया गया जिसमें बाद जुर्माना लगाया गया है।