{"_id":"69c6d98045efb01631034d1f","slug":"unable-to-handle-the-pressure-of-the-crowd-the-employees-are-distributing-cylinders-by-changing-locations-basti-news-c-207-1-bst1001-155642-2026-03-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Basti News: भीड़ का दबाव नहीं झेल पा रहे कर्मचारी, जगह बदलकर वितरित कर रहे सिलिंडर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Basti News: भीड़ का दबाव नहीं झेल पा रहे कर्मचारी, जगह बदलकर वितरित कर रहे सिलिंडर
विज्ञापन
बभनान में रसोई गैस सिलिंडर के लिए उपभोक्ताओं की लगी लाइन। संवाद
- फोटो : 1
विज्ञापन
बस्ती। रसोई गैस एजेंसियों पर उपभोक्ताओं का दबाव कम नहीं हो रहा है। भीड़ देख एजेंसियों के कर्मचारी टोकन और गैस वितरण से हाथ खड़े कर दे रहे हैं। उपभोक्ताओं ने बताया कि शुक्रवार को कुछ एजेंसियों ने जगह बदलकर चोरी चुपके सिलिंडरों का वितरण किया है। वहीं ज्यादा उपभोक्ताओं का भार झेल रही शहर की अधिकांश एजेंसियां बंद पड़ी थीं। ग्रामीण क्षेत्राें में भी अभी व्यवस्था नहीं सुधरी है, एजेंसियों के बाहर सुबह से ही लंबी कतार लग जा रही है।
बताया जा रहा है कि ऑयल कंपनियों की तरफ सिलिंडरों की आपूर्ति कम हो रही है। एक तरफ अधिकारियों का दावा है कि सिलिंडरों की आपूर्ति में कोई कमी नहीं है। दूसरी तरफ एजेंसियों पर ताला लटक रहा है। स्टेशन रोड स्थित गैस एजेंसी दो दिनों से बंद है। शुक्रवार को रौतापार गैस एजेंसी भी बंद रही। कटरा मूड़घाट एजेंसी के कर्मचारियों ने जगह बदलकर सिलिंडरों का वितरण किया। पटेल चौक स्थित एजेंसी पर उपभोक्ताओं की काफी भीड़ देखी गई।
यहां गैस सिलिंडर और केवाईसी के लिए उपभोक्ताओं ने हंगामा भी किया। लोगों ने आरोप लगाया है कि बुकिंग के बाद भी घर पर सिलिंडर नहीं पहुंच रहा है। जबकि, मोबाइल पर डिलीवरी का मैसेज आ रहा है। उपभोक्ता अभिषेक सिंह ने बताया कि तीन दिन से एजेंसी का चक्कर लगा रहे हैं। मोबाइल पर डिलीवरी का मैसेज आ गया है। मगर सिलिंडर का कुछ पता नहीं है। एजेंसी कर्मचारी सुबह लाइन लगाने को बोल रहे हैं।
महादेवा से आए मनीष ने बताया कि बृहस्पतिवार को सुबह करीब 10 बजे रौता पार गैस एजेंसी पर आए थे। लंबी लाइन होने की वजह से वापस लौट आए। शुक्रवार को एजेंसी ही बंद है, यहां सूचना चस्पा की गई हैं कि सिलिंडर की गाड़ी नहीं आई है। उपभोक्ताओं ने यह भी आरोप लगाया कि एजेंसी के कर्मचारी लाइन में लगे लोगों को सिलिंडर देने के बजाय ब्लैक भी कर दे रहे हैं। अनुज ने बताया कि उन्होंने एक माह पहले बुकिंग किया था। सिलिंडर अभी तक नहीं पहुंचा है। लकड़ी और उपले से घर पर खाना बन रहा है। घर पर मैं ही अकेला हूं। नौकरी छोड़कर एजेंसी दौड़कर आना पड़ रहा है।
-- -- -- -- -- -- -
उपभोक्ता भी कर रहे जमाखोरी
कुछ एजेंसी संचालक और प्रशासनिक जिम्मेदारों का कहना है कि जिस हिसाब से एजेंसियों पर भीड़ जुट रही हैं उतनी आवश्यकता नहीं है। भविष्य में संकट होने के अफवाह में लोग घरों में तीन से चार सिलिंडर डंप कर रहे हैं। इसी वजह से लाइन लग रही है। जिन घरों में पाइप लाइन से गैस की आपूर्ति हो रही है वह लोग सिलिंडर लेकर जमाखोरी कर रहे हैं। इस चक्कर में वास्तविक जरूरतमंद भी परेशान हो रहे हैं।
-- -- -- -- -- -
बभनान में 342 सिलिंड आए
बभनान कस्बे के बद्री एचपी गैस एजेंसी पर सिलिंडर की पर्याप्त उपलब्धता के बाद भी उपभोक्ताओं की भीड़ लगी रही। संबंधित एजेंसी पर 14434 कनेक्शन हैं। होली के बाद यहां लगभग 3500 से अधिक सिलेंडर वितरित हो चुके हैं। बावजूद इसके भीड़ कम नहीं हो रही है। कर्मचारियों ने बताया कि शुक्रवार को 342 सिलेंडर से भरी गाड़ी पहुंची है। उपभोक्ताओं की भीड़ होने के चलते होम डिलीवरी नहीं हो पा रही है।
कोट
उपभोक्ताओं से बार-बार धैर्य का परिचय देने के लिए अनुरोध किया जा रहा है। यदि दो-चार दिन लोग एजेंसी पर लाइन न लगाए तो आपूर्ति सुचारू हो जाएगी। होम डिलीवरी भी शुरू हो जाएगी। एजेंसी पर गाड़ी आते ही दोगुने से ज्यादा लोगों की लाइन लग जा रही है। लोग घरों में एक साथ चार-पांच सिलिंडर डंप करना चाह रहे हैं। इसी वजह से परेशानी हो रही है। -विपिन कुमार शुक्ल, डीएसओ।
Trending Videos
बताया जा रहा है कि ऑयल कंपनियों की तरफ सिलिंडरों की आपूर्ति कम हो रही है। एक तरफ अधिकारियों का दावा है कि सिलिंडरों की आपूर्ति में कोई कमी नहीं है। दूसरी तरफ एजेंसियों पर ताला लटक रहा है। स्टेशन रोड स्थित गैस एजेंसी दो दिनों से बंद है। शुक्रवार को रौतापार गैस एजेंसी भी बंद रही। कटरा मूड़घाट एजेंसी के कर्मचारियों ने जगह बदलकर सिलिंडरों का वितरण किया। पटेल चौक स्थित एजेंसी पर उपभोक्ताओं की काफी भीड़ देखी गई।
विज्ञापन
विज्ञापन
यहां गैस सिलिंडर और केवाईसी के लिए उपभोक्ताओं ने हंगामा भी किया। लोगों ने आरोप लगाया है कि बुकिंग के बाद भी घर पर सिलिंडर नहीं पहुंच रहा है। जबकि, मोबाइल पर डिलीवरी का मैसेज आ रहा है। उपभोक्ता अभिषेक सिंह ने बताया कि तीन दिन से एजेंसी का चक्कर लगा रहे हैं। मोबाइल पर डिलीवरी का मैसेज आ गया है। मगर सिलिंडर का कुछ पता नहीं है। एजेंसी कर्मचारी सुबह लाइन लगाने को बोल रहे हैं।
महादेवा से आए मनीष ने बताया कि बृहस्पतिवार को सुबह करीब 10 बजे रौता पार गैस एजेंसी पर आए थे। लंबी लाइन होने की वजह से वापस लौट आए। शुक्रवार को एजेंसी ही बंद है, यहां सूचना चस्पा की गई हैं कि सिलिंडर की गाड़ी नहीं आई है। उपभोक्ताओं ने यह भी आरोप लगाया कि एजेंसी के कर्मचारी लाइन में लगे लोगों को सिलिंडर देने के बजाय ब्लैक भी कर दे रहे हैं। अनुज ने बताया कि उन्होंने एक माह पहले बुकिंग किया था। सिलिंडर अभी तक नहीं पहुंचा है। लकड़ी और उपले से घर पर खाना बन रहा है। घर पर मैं ही अकेला हूं। नौकरी छोड़कर एजेंसी दौड़कर आना पड़ रहा है।
उपभोक्ता भी कर रहे जमाखोरी
कुछ एजेंसी संचालक और प्रशासनिक जिम्मेदारों का कहना है कि जिस हिसाब से एजेंसियों पर भीड़ जुट रही हैं उतनी आवश्यकता नहीं है। भविष्य में संकट होने के अफवाह में लोग घरों में तीन से चार सिलिंडर डंप कर रहे हैं। इसी वजह से लाइन लग रही है। जिन घरों में पाइप लाइन से गैस की आपूर्ति हो रही है वह लोग सिलिंडर लेकर जमाखोरी कर रहे हैं। इस चक्कर में वास्तविक जरूरतमंद भी परेशान हो रहे हैं।
बभनान में 342 सिलिंड आए
बभनान कस्बे के बद्री एचपी गैस एजेंसी पर सिलिंडर की पर्याप्त उपलब्धता के बाद भी उपभोक्ताओं की भीड़ लगी रही। संबंधित एजेंसी पर 14434 कनेक्शन हैं। होली के बाद यहां लगभग 3500 से अधिक सिलेंडर वितरित हो चुके हैं। बावजूद इसके भीड़ कम नहीं हो रही है। कर्मचारियों ने बताया कि शुक्रवार को 342 सिलेंडर से भरी गाड़ी पहुंची है। उपभोक्ताओं की भीड़ होने के चलते होम डिलीवरी नहीं हो पा रही है।
कोट
उपभोक्ताओं से बार-बार धैर्य का परिचय देने के लिए अनुरोध किया जा रहा है। यदि दो-चार दिन लोग एजेंसी पर लाइन न लगाए तो आपूर्ति सुचारू हो जाएगी। होम डिलीवरी भी शुरू हो जाएगी। एजेंसी पर गाड़ी आते ही दोगुने से ज्यादा लोगों की लाइन लग जा रही है। लोग घरों में एक साथ चार-पांच सिलिंडर डंप करना चाह रहे हैं। इसी वजह से परेशानी हो रही है। -विपिन कुमार शुक्ल, डीएसओ।