जीएसटी प्रकरण में बड़ी कार्रवाई: अधिवक्ता सहित तीन को पूछताछ के लिए संभल एसओजी ले गई, पढ़ें क्या है पूरा मामला
बिजनौर में जीएसटी चोरी और बोगस आईटीसी क्लेम के मामले में संभल एसओजी ने नजीबाबाद से एक अधिवक्ता सहित तीन लोगों को पूछताछ के लिए साथ लिया है। जिले में 44 फर्जी फर्म चिन्हित की गई हैं।
विस्तार
संभल एसओजी की दबिश, पूछताछ जारी
सूत्रों के अनुसार संभल एसओजी जीएसटी चोरी और बोगस आईटीसी क्लेम के मामलों की जांच कर रही है। टीम ने नजीबाबाद के कई स्थानों पर दबिश दी, जिसके बाद तीन लोगों को पूछताछ के लिए ले जाया गया। हालांकि सीओ नजीबाबाद नितेश प्रताप सिंह ने संभल एसओजी के आने की जानकारी से अनभिज्ञता जताई है।
जिले में 44 फर्जी फर्म चिन्हित
बिजनौर जिले में जीएसटी विभाग ने करोड़ों रुपये की बोगस आईटीसी क्लेम करने वाली कुल 44 फर्जी फर्मों को चिन्हित किया है। इनमें से 27 फर्मों के खिलाफ विभिन्न थानों में प्राथमिकी दर्ज की जा चुकी है, जबकि 17 फर्मों पर रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए तहरीर दी गई है।
पांच फर्मों पर करीब छह करोड़ का क्लेम
नजीबाबाद क्षेत्र में त्रिशूल इंटरप्राइजेज, आरबी ट्रेडर्स, शर्मा इंटरप्राइजेज, एसएस ट्रेडिंग कंपनी और अनमोल ट्रेडर्स समेत पांच फर्मों पर करीब छह करोड़ रुपये के बोगस आईटीसी क्लेम का मामला सामने आया है। जांच में इन फर्मों के पते पर कोई मौजूद नहीं मिला, जबकि कागजों में करोड़ों का कारोबार दर्शाया गया।
कई थानों में पहले से दर्ज हैं केस
जिले के बिजनौर, स्योहारा, मंडावर, धामपुर, शेरकोट, नजीबाबाद और नांगलसोती थानों में जीएसटी से जुड़े प्रकरणों में पहले ही प्राथमिकी दर्ज की जा चुकी है। अन्य थाना क्षेत्रों में भी फर्जी फर्मों के खिलाफ तहरीर दी गई है।
जीएसटी प्रकरण के लिए गठित है एसआईटी
संयुक्त आयुक्त (कार्यपालक) जीएसटी बिजनौर राजीव आर्थर ने बताया कि जिले में जीएसटी प्रकरण की जांच के लिए एसआईटी गठित की गई है। अब तक 27 फर्मों पर केस दर्ज हो चुके हैं और शेष 17 पर भी जल्द प्राथमिकी दर्ज की जाएगी।
