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Budaun News: रामगंगा किनारे गांवों को बाढ़ से बचाने के लिए 2.59 करोड़ मंजूर
संवाद न्यूज एजेंसी, बदायूं
Updated Thu, 28 May 2026 02:04 AM IST
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बदायूं। बरसात के मौसम में रामगंगा नदी के बढ़ते जलस्तर से प्रभावित होने वाले गांवों को राहत देने के लिए शासन ने बाढ़ निरोधक कार्यों को मंजूरी दे दी है। रामगंगा किनारे स्थित उरैना पुख्ता, गौटिया आदि गांवों में सुरक्षात्मक कार्य कराने के लिए 2.59 करोड़ रुपये जारी किए गए हैं। धनराशि मिलने के बाद विभाग ने तैयारियां तेज कर दी हैं।
जिले में हर वर्ष बरसात के दौरान रामगंगा नदी का जलस्तर बढ़ने से किनारे बसे गांवों के लोगों की चिंता बढ़ जाती है। कई स्थानों पर कटान और पानी गांवों की ओर बढ़ने का खतरा बना रहता है। ऐसे में ग्रामीणों को फसलों, मकानों और पशुधन को नुकसान होने की आशंका सताने लगती है। इसी को ध्यान में रखते हुए शासन ने बाढ़ सुरक्षा कार्यों को प्राथमिकता दी है।
विभागीय अधिकारियों के अनुसार, स्वीकृत धनराशि से तटबंधों को मजबूत करने, कटान रोकने और संवेदनशील स्थलों पर सुरक्षात्मक कार्य कराए जाएंगे। इससे बाढ़ के दौरान गांवों में पानी घुसने की आशंका कम होगी और ग्रामीणों को राहत मिलेगी। बाढ़ खंड के एक्सईएन उमेश चंद्रा का कहना है कि समय रहते कार्य पूरा होने से बरसात में होने वाले नुकसान को काफी हद तक रोका जा सकेगा। अब शासन से धनराशि जारी होने के बाद लोगों को उम्मीद है कि इस बार हालात पहले से बेहतर रहेंगे। एडीएम प्रशासन अरुण कुमार का कहना है कि बाढ़ संभावित क्षेत्रों पर लगातार नजर रखी जा रही है और जरूरत के हिसाब से काम कराए जा रहे है।
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जिले में हर वर्ष बरसात के दौरान रामगंगा नदी का जलस्तर बढ़ने से किनारे बसे गांवों के लोगों की चिंता बढ़ जाती है। कई स्थानों पर कटान और पानी गांवों की ओर बढ़ने का खतरा बना रहता है। ऐसे में ग्रामीणों को फसलों, मकानों और पशुधन को नुकसान होने की आशंका सताने लगती है। इसी को ध्यान में रखते हुए शासन ने बाढ़ सुरक्षा कार्यों को प्राथमिकता दी है।
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विभागीय अधिकारियों के अनुसार, स्वीकृत धनराशि से तटबंधों को मजबूत करने, कटान रोकने और संवेदनशील स्थलों पर सुरक्षात्मक कार्य कराए जाएंगे। इससे बाढ़ के दौरान गांवों में पानी घुसने की आशंका कम होगी और ग्रामीणों को राहत मिलेगी। बाढ़ खंड के एक्सईएन उमेश चंद्रा का कहना है कि समय रहते कार्य पूरा होने से बरसात में होने वाले नुकसान को काफी हद तक रोका जा सकेगा। अब शासन से धनराशि जारी होने के बाद लोगों को उम्मीद है कि इस बार हालात पहले से बेहतर रहेंगे। एडीएम प्रशासन अरुण कुमार का कहना है कि बाढ़ संभावित क्षेत्रों पर लगातार नजर रखी जा रही है और जरूरत के हिसाब से काम कराए जा रहे है।