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Chandauli News: नलकूप की टंकी ध्वस्त, गेहूं की फसल की सिंचाई के लिए संकट
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टांडाकला। क्षेत्र के पूरा गणेश गांव में सिंचाई के लिए स्थापित सरकारी नलकूप संख्या 191 एमजी की पानी टंकी करीब पांच दिन पहले धराशाई हो गई। टंकी टूटने के कारण नलकूप का संचालन पूरी तरह ठप हो गया है, जिससे लगभग 25 बीघा में लगी गेहूं की फसल की सिंचाई संकट में है।
ग्रामीणों ने कई बार सिंचाई विभाग को इसकी सूचना दी, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। इससे नाराज होकर रविवार को गांव के लोगों ने नलकूप के पास खड़े होकर प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। किसानों ने बताया कि टंकी टूटने की सूचना तत्काल विभाग को दी गई थी और अधिकारी मौके पर आकर मुआयना भी कर चुके हैं।
बावजूद इसके मरम्मत कार्य अब तक शुरू नहीं हुआ। ग्रामीणों का कहना है कि वर्तमान में गेहूं की फसल को पानी की सख्त जरूरत है और यदि समय पर सिंचाई नहीं हुई, तो उनकी पूरी मेहनत और लागत खराब हो जाएगी।
गांव में निजी पंपों की संख्या बहुत कम है और वे सभी खेतों की जरूरत पूरी करने में असमर्थ हैं। निजी पंप मालिक 100 रुपये प्रति घंटे के हिसाब से सिंचाई का शुल्क ले रहे हैं।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही नलकूप की मरम्मत कराकर इसे चालू नहीं किया गया, तो आंदोलन किया जाएगा।
प्रदर्शन में दीपचंद निषाद, रामा निषाद, राम अवध चौधरी, दिलीप, संतोष चंद्रशेखर सहित अन्य लोग शामिल रहे।
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ग्रामीणों ने कई बार सिंचाई विभाग को इसकी सूचना दी, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। इससे नाराज होकर रविवार को गांव के लोगों ने नलकूप के पास खड़े होकर प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। किसानों ने बताया कि टंकी टूटने की सूचना तत्काल विभाग को दी गई थी और अधिकारी मौके पर आकर मुआयना भी कर चुके हैं।
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बावजूद इसके मरम्मत कार्य अब तक शुरू नहीं हुआ। ग्रामीणों का कहना है कि वर्तमान में गेहूं की फसल को पानी की सख्त जरूरत है और यदि समय पर सिंचाई नहीं हुई, तो उनकी पूरी मेहनत और लागत खराब हो जाएगी।
गांव में निजी पंपों की संख्या बहुत कम है और वे सभी खेतों की जरूरत पूरी करने में असमर्थ हैं। निजी पंप मालिक 100 रुपये प्रति घंटे के हिसाब से सिंचाई का शुल्क ले रहे हैं।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही नलकूप की मरम्मत कराकर इसे चालू नहीं किया गया, तो आंदोलन किया जाएगा।
प्रदर्शन में दीपचंद निषाद, रामा निषाद, राम अवध चौधरी, दिलीप, संतोष चंद्रशेखर सहित अन्य लोग शामिल रहे।