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Farrukhabad News: महिला को आत्महत्या के लिए उकसाने में पति व देवरानी को पांच वर्ष की कैद
संवाद न्यूज एजेंसी, फर्रूखाबाद
Updated Wed, 21 Jan 2026 12:54 AM IST
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फर्रुखाबाद। महिला को आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में जनपद न्यायाधीश नीरज कुमार की अदालत ने सुनवाई पूरी कर पति व देवरानी को दोषी करार दिया। दोषियों को पांच वर्ष सश्रम कारावास की सजा सुनाई। दोनों पर 20-20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। अर्थदंड न देने पर छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
थाना कंपिल क्षेत्र के गांव सुल्तानपुर पलनापुर निवासी शाकिर अली ने छह नवंबर 2017 को थाने में तहरीर देकर आरोप लगाया कि पांच नवंबर की रात उसकी बेटी का झगड़ा पति जहरुद्दीन, जेठ बबलू, देवर अशफाक उर्फ फन्नू और देवरानी काढ़ी उर्फ रुकसाना के साथ हो गया था। उसी रात आरोपियों ने उसकी बेटी की हत्या कर उसे रस्सी के सहारे छप्पर में लटका दिया। पुलिस ने हत्या के मामले में प्राथमिकी दर्ज कर जांच की।
बताया कि विवेचना के दौरान पोस्टमार्टम रिपोर्ट, गवाहों के बयान व अन्य साक्ष्यों के आधार पर हत्या की धारा हटाकर आत्महत्या के लिए उकसाने की धारा में मामला परिवर्तित कर दिया। जांच में जेठ बबलू व देवर अशफाक की संलिप्तता नहीं पाई गई। विवेचक ने पति जहरुद्दीन व देवरानी काढ़ी उर्फ रुकसाना के विरुद्ध 15 मार्च 2018 को आरोप पत्र दाखिल किया। जिला एवं सत्र न्यायाधीश नीरज कुमार ने मामले में पति और देवरानी को दोषी करार दिया।
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बताया कि विवेचना के दौरान पोस्टमार्टम रिपोर्ट, गवाहों के बयान व अन्य साक्ष्यों के आधार पर हत्या की धारा हटाकर आत्महत्या के लिए उकसाने की धारा में मामला परिवर्तित कर दिया। जांच में जेठ बबलू व देवर अशफाक की संलिप्तता नहीं पाई गई। विवेचक ने पति जहरुद्दीन व देवरानी काढ़ी उर्फ रुकसाना के विरुद्ध 15 मार्च 2018 को आरोप पत्र दाखिल किया। जिला एवं सत्र न्यायाधीश नीरज कुमार ने मामले में पति और देवरानी को दोषी करार दिया।
