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Fatehpur News: एक 5 साल से जेल में..तीन साल बाद दो आरोपी छूटे, चार पुलिसकर्मियों पर प्राथमिकी

Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 03 Mar 2026 10:50 PM IST
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One in jail for 5 years...two accused released after three years, FIR against four policemen
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फतेहपुर। थाना पुलिस की प्रारंभिक लापरवाही का नतीजा रहा कि युवती पहुंच से दूर हो गई। जो काम थाना स्तर से हो सकता था उस काम में प्रदेश की पुलिस को दर-दर भटकना पड़ा। इसके बाद भी युवती की तलाश अधूरी रह गई। इस दौरान तीन लोगों को लंबी जेल काटनी पड़ी, जिनमें एक अभी भी बंद है। क्लोजर रिपोर्ट के बाद उसका ट्रायल शुरू होगा। पुलिस को अपनी गलती का भुगतान भी मुकदमा झेलकर भुगतना पड़ा।
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कल्यानपुर थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली एक अनुसूचित जाति 22 वर्षीय की युवती 23 फरवरी 2021 गायब हुई थी। कुछ दिन बाद हैप्पी गांव लौटा था। उसने कबूला था कि वह शादी की जिद पर युवती को छोड़कर आ गया है। पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज नहीं की थी। सिर्फ उसे गुमशुदा होना दर्ज किया था। हैबियस कॉपर्स पर करीब आठ माह बाद पुलिस ने 10 दिसंबर 2021 को अपहरण, एससी-एसटी एक्ट में प्राथमिकी दर्ज की। हाईकोर्ट में कार्रवाई दिखाने के लिए हैप्पी, राही और संजय को जेल भेज दिया। राही और संजय 23 फरवरी 2024 को सुप्रीम कोर्ट से जमानत पर छूटे। हैप्पी अभी भी जेल में बंद है। आरोपी परिवार के सदस्यों का कहना है कि अब शायद उन्हें कोर्ट से न्याय मिल सकेगा।
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तत्कालीन इंस्पेक्टर केशव वर्मा, विवेचक महेंद्र वर्मा, एसआई यशकरण सिंह समेत चार के खिलाफ आईजी के आदेश पर बिंदकी कोतवाली में एससी-एसटी व अपने दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही की प्राथमिकी दर्ज की गई। पुलिस कर्मियों का निलंबन हुआ। कई थाने से हटाए गए। हाईकोर्ट के चक्कर काटने में थानाध्यक्ष के करीब साढ़े तीन लाख रुपये खर्च भी हो गए। एसआईटी को भी महाराष्ट्र, बिहार और गुजरात में रहने के दौरान मोटी रकम खर्च करनी पड़ी।

परिवार के कई सदस्यों का नार्को टेस्ट
पूर्व में परिवार के करीब-करीब सभी सदस्यों को नार्को टेस्ट कराया गया था। गुजरात के गांधीनगर में टेस्ट हुआ था। युवती के भाई और भाभी मुंबई में रहते हैं। सीबीआई ने युवती के मां व पिता के दमा रोगी होने की वजह से नार्को टेस्ट के लिए मुनासिब नहीं समझा था। इसी वजह से भाई और भाभी को चुना था। युवती की भाभी के नार्को टेस्ट से करीब तीन माह पहले भाई का नार्को टेस्ट हो चुका है। नार्को टेस्ट के सवाल-जवाब में टीम को कुछ खास नहीं मिला था।
जांच दौरान मिले महिला के अधजले शव की नहीं हुई पहचान
युवती के लापता होने के बाद 11 मार्च 2021 को कल्यानपुर थानांतर्गत कंसपुर रेलवे स्टेशन के पास महिला का एक हाथ कटा अधजला शव बरामद हुआ। इस शव की कोई पहचान नहीं हो सकी। परिजनों ने पुलिस से दावा था कि उनकी बेटी का शव हो सकता है। पुलिस ने परिजनों का डीएनए टेस्ट कराया। डीएनए का मिलान नहीं हो सका। घटना की जांच जस की तस पड़ी है।
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