{"_id":"6a6f92b592073ee3dd029237","slug":"security-guards-could-not-be-deployed-in-schools-even-after-six-months-fatehpur-news-c-217-1-srv1001-159677-2026-08-03","type":"story","status":"publish","title_hn":"Fatehpur News: विद्यालयों में छह माह बाद भी नहीं तैनात हो सके सुरक्षा गार्ड","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Fatehpur News: विद्यालयों में छह माह बाद भी नहीं तैनात हो सके सुरक्षा गार्ड
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फतेहपुर। करीब छह माह पहले जिले के 20 पीएमश्री विद्यालयों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए दो-दो सुरक्षा गार्ड तैनात करने के आदेश जारी हुए थे। विभाग ने प्रक्रिया भी शुरू की लेकिन छह माह बाद भी विद्यालयों में सुरक्षा कर्मियों की तैनाती नहीं हो सकी है।
विद्यालय परिसरों और वहां उपलब्ध संसाधनों की सुरक्षा के लिए प्रत्येक विद्यालय में दो सुरक्षा कर्मियों की 12-12 घंटे की शिफ्ट में ड्यूटी लगनी थी। इसके लिए 400 रुपये प्रतिदिन यानी 12 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय निर्धारित किया गया है।
शासनादेश के अनुसार नियुक्ति में पीआरडी जवानों को प्राथमिकता दी जानी है। विभाग ने कई बार संबंधित अधिकारियों को पीआरडी जवान उपलब्ध कराने के लिए पत्र भेजे लेकिन अब तक पर्याप्त जवान नहीं मिल सके। कम मानदेय भी तैनाती में बाधा माना जा रहा है। इसके चलते सभी 20 पीएमश्री विद्यालय अभी भी सुरक्षा गार्ड से वंचित हैं।
विज्ञापन
डीसी निर्माण एमएल वर्मा ने बताया कि सुरक्षा गार्डों की तैनाती के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। पीआरडी जवान उपलब्ध कराने के लिए एक बार फिर संबंधित विभाग को पत्र भेजा गया है।
सुरक्षा गार्ड की तैनाती से मिलते लाभ
विद्यालयों में सुरक्षा गार्ड तैनात होने से चोरी, तोड़फोड़ और अनधिकृत प्रवेश जैसी घटनाओं पर प्रभावी रोक लगती है। आपात स्थिति में तत्काल सहायता मिलती है। गार्ड की मौजूदगी से छात्र-छात्राएं और शिक्षक सुरक्षित माहौल में पढ़ाई और शिक्षण कार्य कर पाते हैं। साथ ही विद्यालय प्रशासन और स्थानीय तंत्र के बीच बेहतर समन्वय भी बना रहता है।
विज्ञापन
विद्यालय परिसरों और वहां उपलब्ध संसाधनों की सुरक्षा के लिए प्रत्येक विद्यालय में दो सुरक्षा कर्मियों की 12-12 घंटे की शिफ्ट में ड्यूटी लगनी थी। इसके लिए 400 रुपये प्रतिदिन यानी 12 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय निर्धारित किया गया है।
विज्ञापन
शासनादेश के अनुसार नियुक्ति में पीआरडी जवानों को प्राथमिकता दी जानी है। विभाग ने कई बार संबंधित अधिकारियों को पीआरडी जवान उपलब्ध कराने के लिए पत्र भेजे लेकिन अब तक पर्याप्त जवान नहीं मिल सके। कम मानदेय भी तैनाती में बाधा माना जा रहा है। इसके चलते सभी 20 पीएमश्री विद्यालय अभी भी सुरक्षा गार्ड से वंचित हैं।
विज्ञापन
डीसी निर्माण एमएल वर्मा ने बताया कि सुरक्षा गार्डों की तैनाती के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। पीआरडी जवान उपलब्ध कराने के लिए एक बार फिर संबंधित विभाग को पत्र भेजा गया है।
सुरक्षा गार्ड की तैनाती से मिलते लाभ
विद्यालयों में सुरक्षा गार्ड तैनात होने से चोरी, तोड़फोड़ और अनधिकृत प्रवेश जैसी घटनाओं पर प्रभावी रोक लगती है। आपात स्थिति में तत्काल सहायता मिलती है। गार्ड की मौजूदगी से छात्र-छात्राएं और शिक्षक सुरक्षित माहौल में पढ़ाई और शिक्षण कार्य कर पाते हैं। साथ ही विद्यालय प्रशासन और स्थानीय तंत्र के बीच बेहतर समन्वय भी बना रहता है।