महोबा। सेवारत शिक्षकों के लिए टीईटी (शिक्षक पात्रता परीक्षा) की अनिवार्यता के विरोध में सोमवार को शिक्षक सड़कों पर उतर आए। मशालें लेकर शिक्षकों ने विरोध जताया। बाद में प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा।
अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ के बैनर तले उप्र माध्यमिक शिक्षक संघ, विशिष्ट बीटीसी वेलफेयर एसोसिएशन, महिला शिक्षक संघ, अटेवा, पीएसपीएसए, यूटा, टीएससीटी, शिक्षामित्र संगठन, अनुदेशक और मृतक आश्रित शिक्षणेत्तर कर्मचारी संघ ने विरोध प्रदर्शन में हिस्सा लिया। सोमवार शाम पांच बजे से विशाल मशाल जुलूस समाज कल्याण विभाग कार्यालय से शुरू हुआ। जो हमीरपुर चुंगी, कचहरी चौराहा, परमानंद चौराहा, आल्हा चौक होते हुए तहसील पहुंचा।
बाद में शिक्षकों ने एसडीएम शिवध्यान पांडेय को ज्ञापन सौंपकर सेवारत शिक्षकों को टीईटी से छूट देने की मांग की। इस मौके पर महासंघ के जिला सचिव प्रशांत सक्सेना, शिक्षक नवीन गुप्ता, मनोज वर्मा, सुशील त्रिपाठी, नरेंद्र कुशवाहा, संदीप परिहार, राजेश गुप्ता, आशीष द्विवेदी, पंकज नगायच, कमलेश पाठक, रामप्रकाश सोनी, रोहित गंगेले, आशीष पटैरिया, रमेश त्रिपाठी, रमाकांत मिश्रा, राकेश शर्मा, अंकुश कुटार, प्रदीप पाराशर आदि शामिल रहे।