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Hathras News: सड़ी सब्जियों से बन रहा था अचार, छापा
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ड्रम में भरीं खराब गाजर। संवाद
- फोटो : Samvad
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मिलावटखोरों के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। कलवारी रोड स्थित महेरा एग्रो फूड्स फैक्टरी में सड़े-गले नीबू, गाजर और मिर्च से अचार तैयार किया जा रहा था। खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग की मंडलीय टीम ने मंगलवार को प्रतिष्ठान पर छापा मारा। जिसमें 63 क्विंटल खराब खाद्य सामग्री बरामद हुई, जिसे नष्ट कराया गया। मौके से सात नमूने भरे गए।
सहायक आयुक्त खाद्य अजय कुमार जायसवाल और मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी अनिल कुमार सिंह ने टीम का नेतृत्व किया। फैक्टरी में गंदगी और दुर्गंधयुक्त माहौल में अचार बन रहा था। टीम को 63 क्विंटल से अधिक सड़े-गले नीबू, गाजर और मिर्च मिले। जिसकी कीमत एक लाख 34 हजार 800 रुपये आंकी गई।
जनता के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए टीम ने खराब माल को मौके पर ही नष्ट करा दिया। टीम ने लाल मिर्च पाउडर, सरसों का तेल, पैकेटबंद हरी मिर्च और अन्य मसालों सहित सात नमूने लिए। इनको जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। रिपोर्ट आने के बाद कारोबारी के खिलाफ विधिक कार्रवाई होगी।
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स्थानीय टीम की लापरवाही
सहायक आयुक्त खाद्य अजय कुमार जायसवाल ने बताया कि एक वर्ष पहले भी इस फैक्टरी पर छापा पड़ा था, तब भी लापरवाही मिली थी और माल नष्ट कराया गया था। यह काम स्थानीय खाद्य विभाग के अधिकारियों की नाक के नीचे चल रहा था, इसलिए मंडलीय टीम को हरकत में आना पड़ा। खराब अचार लोगों की थाली तक पहुंचता तो गंभीर परिणाम होते।
दो दिन का अभियान चलाया जा रहा है, जिसके तहत अचार और सॉस फैक्टरियों की जांच की जा रही है। शिकायत सही पाई गई है। नमूने की जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। जनस्वास्थ्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
-अजय कुमार जायसवाल, सहायक आयुक्त खाद्य, अलीगढ़ मंडल।
फैक्टरी में जो माल खराब हो गया था, उसे नष्ट कराने के लिए रखा गया था। उससे अचार नहीं बनाया जा रहा था। माल को नष्ट भी करा दिया गया है।
-राजू मेहरा, फैक्टरी संचालक।
सहायक आयुक्त खाद्य अजय कुमार जायसवाल और मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी अनिल कुमार सिंह ने टीम का नेतृत्व किया। फैक्टरी में गंदगी और दुर्गंधयुक्त माहौल में अचार बन रहा था। टीम को 63 क्विंटल से अधिक सड़े-गले नीबू, गाजर और मिर्च मिले। जिसकी कीमत एक लाख 34 हजार 800 रुपये आंकी गई।
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जनता के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए टीम ने खराब माल को मौके पर ही नष्ट करा दिया। टीम ने लाल मिर्च पाउडर, सरसों का तेल, पैकेटबंद हरी मिर्च और अन्य मसालों सहित सात नमूने लिए। इनको जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। रिपोर्ट आने के बाद कारोबारी के खिलाफ विधिक कार्रवाई होगी।
स्थानीय टीम की लापरवाही
सहायक आयुक्त खाद्य अजय कुमार जायसवाल ने बताया कि एक वर्ष पहले भी इस फैक्टरी पर छापा पड़ा था, तब भी लापरवाही मिली थी और माल नष्ट कराया गया था। यह काम स्थानीय खाद्य विभाग के अधिकारियों की नाक के नीचे चल रहा था, इसलिए मंडलीय टीम को हरकत में आना पड़ा। खराब अचार लोगों की थाली तक पहुंचता तो गंभीर परिणाम होते।
दो दिन का अभियान चलाया जा रहा है, जिसके तहत अचार और सॉस फैक्टरियों की जांच की जा रही है। शिकायत सही पाई गई है। नमूने की जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। जनस्वास्थ्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
-अजय कुमार जायसवाल, सहायक आयुक्त खाद्य, अलीगढ़ मंडल।
फैक्टरी में जो माल खराब हो गया था, उसे नष्ट कराने के लिए रखा गया था। उससे अचार नहीं बनाया जा रहा था। माल को नष्ट भी करा दिया गया है।
-राजू मेहरा, फैक्टरी संचालक।