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Jalaun News: स्वदेशी जन जागरण अभियान को मजबूत करने पर दिया जोर
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उरई। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल की प्रदेश कार्यसमिति की आगामी बैठक को सफल बनाने के उद्देश्य से शनिवार को मंडपम सभागार में व्यापारियों की बैठक हुई। बैठक में व्यापारियों ने विभिन्न समस्याओं पर गहन चर्चा की। साथ ही स्वदेशी जन जागरण अभियान को और अधिक मजबूती देने पर जोर दिया।
प्रदेश महामंत्री डॉ. दिलीप सेठ ने बताया कि संगठन की प्रदेश कार्यसमिति की बैठक 29 जनवरी को श्यामा सरोवर पोर्टिको में आयोजित की जाएगी। उन्होंने कहा कि ऑनलाइन कारोबार के कारण स्थानीय व्यापारी प्रभावित हो रहे हैं। इस समस्या से निपटने के लिए उन्होंने ऑनलाइन ट्रेडिंग एवं ई-कॉमर्स कंपनियों को रेगुलेटिंग एक्ट के तहत लाने की मांग की। कहा कि इस मांग को लेकर धरना-प्रदर्शन एवं चरणबद्ध आंदोलन की रूपरेखा तैयार की जाएगी। उन्होंने वन नेशन, वन मंडी शुल्क की नीति अपनाने का सुझाव दिया जिसमें मंडी शुल्क को घटाकर 0.5 प्रतिशत किया जाए। उन्होंने नगर पालिका, नगर निगम एवं जिला पंचायत के गृहकर, जलकर एवं दुकानों के किराये में की जा रही बेतहाशा वृद्धि पर कड़ी नाराजगी जताते हुए कहा कि इसे किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
बैठक में इस बात पर भी बल दिया गया कि लगातार बढ़ रही ऑनलाइन खरीदारी से स्थानीय बाजारों की रौनक कम हो रही है जिस पर नियंत्रण आवश्यक है ताकि बाजारों में फिर से चहल-पहल लौट सके। यहां पर जिलाध्यक्ष अरुण त्रिपाठी, पूर्व पालिकाध्यक्ष अनिल बहुगुणा उमाशंकर सोनी, अवनीश चंद्र द्विवेदी, संजय गुप्ता, विपिन दीक्षित, पुरुषोत्तम दास आदि रहे।
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प्रदेश महामंत्री डॉ. दिलीप सेठ ने बताया कि संगठन की प्रदेश कार्यसमिति की बैठक 29 जनवरी को श्यामा सरोवर पोर्टिको में आयोजित की जाएगी। उन्होंने कहा कि ऑनलाइन कारोबार के कारण स्थानीय व्यापारी प्रभावित हो रहे हैं। इस समस्या से निपटने के लिए उन्होंने ऑनलाइन ट्रेडिंग एवं ई-कॉमर्स कंपनियों को रेगुलेटिंग एक्ट के तहत लाने की मांग की। कहा कि इस मांग को लेकर धरना-प्रदर्शन एवं चरणबद्ध आंदोलन की रूपरेखा तैयार की जाएगी। उन्होंने वन नेशन, वन मंडी शुल्क की नीति अपनाने का सुझाव दिया जिसमें मंडी शुल्क को घटाकर 0.5 प्रतिशत किया जाए। उन्होंने नगर पालिका, नगर निगम एवं जिला पंचायत के गृहकर, जलकर एवं दुकानों के किराये में की जा रही बेतहाशा वृद्धि पर कड़ी नाराजगी जताते हुए कहा कि इसे किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
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बैठक में इस बात पर भी बल दिया गया कि लगातार बढ़ रही ऑनलाइन खरीदारी से स्थानीय बाजारों की रौनक कम हो रही है जिस पर नियंत्रण आवश्यक है ताकि बाजारों में फिर से चहल-पहल लौट सके। यहां पर जिलाध्यक्ष अरुण त्रिपाठी, पूर्व पालिकाध्यक्ष अनिल बहुगुणा उमाशंकर सोनी, अवनीश चंद्र द्विवेदी, संजय गुप्ता, विपिन दीक्षित, पुरुषोत्तम दास आदि रहे।
