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Kannauj News: गंगा का जलस्तर 24 घंटे में दो सेंटीमीटर बढ़ा
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कन्नौज। सावन की बारिश के बीच सोमवार दोपहर दो बजे महादेवी घाट पर गंगा का जलस्तर 124.880 मीटर दर्ज किया गया। यह रविवार दोपहर दो बजे से दो सेंटीमीटर अधिक है। तटवर्ती गांवों और घाटों पर सतर्कता बढ़ाई गई है।
चौधरी चरण सिंह गंगा बैराज से 1,11,969 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। ऊपरी क्षेत्रों में हुई बारिश का असर आने वाले दिनों में गंगा के जलस्तर पर पड़ सकता है। प्रशासन नदी की गतिविधियों पर नजर बनाए हुए है और बाढ़ चौकियों को सतर्क रखा गया है। संवेदनशील क्षेत्रों पर विशेष निगरानी की जा रही है। गंगा अभी खतरे के निशान 125.970 मीटर से 1.09 मीटर नीचे है। यह सर्वोच्च बाढ़ स्तर 126.780 मीटर से करीब 1.90 मीटर कम है। इसके बावजूद नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए तटवर्ती इलाकों में सतर्कता बनी हुई है।
सावन के तीसरे सोमवार पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु महादेवी घाट और अन्य घाटों पर पहुंचे। जलस्तर बढ़ने के कारण घाटों की सीढ़ियों तक पानी पहुंचने लगा है। इससे लोगों की नजरें लगातार गंगा पर टिकी हुई हैं। घाटों पर बुजुर्गों से लेकर युवा तक गंगा के बढ़ते और घटते जलस्तर की चर्चा करते नजर आए।
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चौधरी चरण सिंह गंगा बैराज से 1,11,969 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। ऊपरी क्षेत्रों में हुई बारिश का असर आने वाले दिनों में गंगा के जलस्तर पर पड़ सकता है। प्रशासन नदी की गतिविधियों पर नजर बनाए हुए है और बाढ़ चौकियों को सतर्क रखा गया है। संवेदनशील क्षेत्रों पर विशेष निगरानी की जा रही है। गंगा अभी खतरे के निशान 125.970 मीटर से 1.09 मीटर नीचे है। यह सर्वोच्च बाढ़ स्तर 126.780 मीटर से करीब 1.90 मीटर कम है। इसके बावजूद नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए तटवर्ती इलाकों में सतर्कता बनी हुई है।
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सावन के तीसरे सोमवार पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु महादेवी घाट और अन्य घाटों पर पहुंचे। जलस्तर बढ़ने के कारण घाटों की सीढ़ियों तक पानी पहुंचने लगा है। इससे लोगों की नजरें लगातार गंगा पर टिकी हुई हैं। घाटों पर बुजुर्गों से लेकर युवा तक गंगा के बढ़ते और घटते जलस्तर की चर्चा करते नजर आए।
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