Auraiya: बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे पर हादसा, खड़े डंपर में पीछे से भिड़ा दूसरा डंपर, लगी आग; चालक घायल
Auraiya News: बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पर मंगलवार तड़के दो डंपरों की भिड़ंत के बाद एक में आग लग गई। हादसा अछल्दा थाना क्षेत्र के नगला धुंधे गांव के सामने हुआ। हादसे में एक चालक घायल हो गया, जबकि आग लगने के कारण एक्सप्रेसवे पर कुछ देर यातायात बाधित रहा।
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औरैया जिले के अछल्दा थाना क्षेत्र के अंतर्गत बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे पर मंगलवार तड़के एक भीषण सड़क हादसा हो गया। नगला धुंधे गांव के सामने दो डंपरों के बीच हुई जोरदार भिड़ंत के बाद एक डंपर में भीषण आग लग गई। इस घटना में डंपर का चालक गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के कारण एक्सप्रेस-वे पर कुछ समय के लिए यातायात पूरी तरह बाधित रहा।
खड़े डंपर में पीछे से मारी टक्कर
जानकारी के अनुसार, हादसा मंगलवार सुबह करीब चार बजे इटैली चौकी अंतर्गत किलोमीटर संख्या 277 पर हुआ। झांसी से इटावा की ओर जा रहा डंपर (UP 79 AT 5978) अचानक अनियंत्रित हो गया और एक्सप्रेस-वे पर पहले से खड़े दूसरे डंपर में पीछे से भीषण टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी जोरदार थी कि डंपर में तत्काल आग लग गई। आग की भयावह लपटें देखकर डंपर चालक ने किसी तरह कूदकर अपनी जान बचाई। एक्सप्रेस-वे पर आग और धुएं का गुबार देखकर आसपास के ग्रामीण मौके पर दौड़ पड़े और तत्काल पुलिस व फायर ब्रिगेड को सूचित किया।
अमेठी का चालक घायल, फायर ब्रिगेड ने पाया आग पर काबू
सूचना मिलते ही अछल्दा थाना प्रभारी सुरेशचंद्र सिंह, इटैली चौकी इंचार्ज विपिन पाल और यूपीडा के सीएसओ विजय सिंह अपनी टीम व फायर ब्रिगेड के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। दमकलकर्मियों ने काफी मशक्कत के बाद डंपर में लगी आग पर काबू पाया।
हादसे में घायल चालक की पहचान अमेठी निवासी मोहम्मद जमीर पुत्र समीर अहमद के रूप में हुई है। उसके सिर में गंभीर चोट आई थी, जिसके बाद उसे 108 एम्बुलेंस की मदद से भरथना सीएचसी में भर्ती कराया गया।
क्रेन से हटाए गए डंपर, एक घंटे देरी से पहुंची यूपीडा टीम: ग्रामीण
आग लगने और दुर्घटनाग्रस्त डंपरों के सड़क पर ही खड़े रहने के कारण एक्सप्रेस-वे पर कुछ देर के लिए जाम लग गया था। यूपीडा की क्रेन की सहायता से क्षतिग्रस्त डंपरों को सड़क से हटाकर किनारे किया गया, जिसके बाद यातायात सामान्य हो सका। हालांकि, मौके पर मौजूद कुछ ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि सूचना देने के लगभग एक घंटे बाद यूपीडा की टीम मौके पर पहुंची, जबकि घटनास्थल से टोल प्लाजा की दूरी महज 10 किलोमीटर ही है।