चकबंदी बनी मुसीबत: 27000 किसानों की सम्मान निधि अटकी; एक भी किसान की नहीं हो सकी फार्मर रजिस्ट्री, पढ़ें मामला
Kanpur News: चकबंदी के कारण भूमि रिकॉर्ड न मिलने से 27 हजार किसानों की फार्मर रजिस्ट्री नहीं हो सकी है, जिससे उनकी किसान सम्मान निधि की किस्तें कृषि विभाग ने रोक दी हैं।
विस्तार
प्रदेश में चल रही चकबंदी प्रक्रिया किसानों के लिए बड़ी मुसीबत बन गई है। इसके चलते 27 हजार से अधिक किसानों की किसान सम्मान निधि अटकी हुई है। फिलहाल नवंबर में 2.26 लाख किसानों को ही प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ मिला है। जिले में 2.53 लाख किसान योजना में पंजीकृत हैं। अभी जिले के 40 गांवों में चकबंदी का काम होना बाकी है। प्रदेश के 2402 गांवों में चकबंदी प्रक्रिया चल रही है।
इन गांवों में भूमि अभिलेखों का अंतिम निर्धारण नहीं होने के कारण किसानों की फार्मर रजिस्ट्री नहीं बन पा रही, जिससे कृषि विभाग ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की किस्त रोक दी है। जिले के 40 गांवों में चकबंदी के कारण एक भी किसान की फार्मर रजिस्ट्री नहीं हो सकी है। इन गांवों में किसानों की खतौनी तक नहीं निकल पा रही है। यहां शासन के निर्देश पर किसान पंजीकरण शिविर तो लगाए गए लेकिन तकनीकी दिक्कतों के चलते ज्यादा पंजीकरण नहीं हो सके।
972 गांवों में चकबंदी कार्य पूरा
जिले में कुल 1113 राजस्व ग्राम हैं जिनमें से 972 में चकबंदी प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। तहसीलवार आंकड़ों के अनुसार इसमें बिल्हौर में 411, सदर में 269, नरवल में 207 और घाटमपुर के 236 गांव शामिल हैं। वित्तीय वर्ष 2025-26 में जिले के 42 गांव चकबंदी प्रक्रिया में शामिल थे जिनमें दो गांवों में धारा 52 की कार्रवाई कर चकबंदी समाप्त कर दी गई।
खतौनी, वरासत की गलतियां भी फार्मर रजिस्ट्री में बाधा
फार्मर रजिस्ट्री अभियान की धीमी गति के पीछे आधार, खतौनी और वरासत में त्रुटियां पहले से ही बाधा बनी हुई हैं, ऊपर से चकबंदी सबसे बड़ा रोड़ा बनकर सामने आई है। नियम के तहत प्रत्येक 20 वर्ष में करीब 40 प्रतिशत कृषि प्रधान गांवों में चकबंदी की जाती है। मंडल के जिलों कानपुर देहात, औरैया, इटावा, कन्नौज और फर्रुखाबाद में भी चकबंदी का काम चल रहा है, जिससे समस्या व्यापक रूप ले चुकी है।
तहसीलवार वंचित किसानों का ब्योरा
तहसील किसान
बिल्हौर 9096
सदर 3400
घाटमपुर 6423
नरवल 7981
जिन गांवों में चकबंदी का काम चल रहा है उन गांव के किसानों की फार्मर रजिस्ट्री नहीं बन पाई है जिसकी वजह से योजना पर रोक लगा दी है। जैसे ही फार्मर रजिस्ट्री बनेंगी फिर से योजना का लाभ मिलने लगेगा। -आरएस वर्मा, कृषि उपनिदेशक