{"_id":"69c57f1249b357a55d048344","slug":"panchayat-secretary-suspended-for-financial-irregularities-kasganj-news-c-175-1-agr1054-145309-2026-03-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kasganj News: वित्तीय अनियमितता में पंचायत सचिव निलंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kasganj News: वित्तीय अनियमितता में पंचायत सचिव निलंबित
संवाद न्यूज एजेंसी, कासगंज
Updated Fri, 27 Mar 2026 12:16 AM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
कासगंज। सहावर विकास खंड की ग्राम पंचायत अलादीनपुर में वित्तीय अनियमितता में पंचायत सचिव को निलंबित कर दिया गया। वहीं, ग्राम प्रधान के वित्तीय अधिकार पहले ही सीज हो चुके हैं। मजदूरी भुगतान और प्रशासनिक व्यय में करीब साढ़े सात लाख रुपये की अनियमितता पाई गई है। जिलाधिकारी के आदेश पर ग्राम पंचायत के संचालन के लिए तीन सदस्यीय समिति का गठन पूर्व में किया जा चुका है।
गांव अलादीनपुर निवासी विजेंद्र सिंह ने ग्राम प्रधान पप्पू सिंह के खिलाफ पंचायत के खाते से अपने परिजन के खाते में भुगतान करने और हैंडपंप रिबोर में अनियमितता बरतने की शिकायत जिलाधिकारी से की थी। डीएम के आदेश पर जिला पूर्ति अधिकारी ने जांच की। डीएसओ ने 3 अक्तूबर 2025 को जांच रिपोर्ट पंचायत राज विभाग को भेजी। भुगतान में वित्तीय अनियमितता पाए जाने पर बीती जनवरी में ग्राम प्रधान के वित्तीय अधिकार सीज हुए थे। जांच में प्रधान ने अपने बेटे अखिलेश कुमार के खाते में 5,48,230 रुपये, कृष्ण कुमार के खाते में 57,300 रुपये और पिता राजवीर के खाते में 58,635 रुपये का भुगतान किया। प्रधान ने बताया था कि यह धनराशि विकास कार्य की मजदूरी के लिए भेजी गई थी। नियमों को ताक में रखकर अपने परिजन के खातों में भुगतान किया गया था। हैंडपंप रिबोर में अधिशासी अभियंता जल निगम की रिपोर्ट उपलब्ध नहीं कराई गई। स्वीकृति पत्र भी जांच अधिकारी को उपलब्ध नहीं कराए गए। हैंडपंप रिबोर के सभी बिलों के भुगतान में भी अनियमितता पाई गई थी। प्रशासनिक व्यय एवं कंप्यूटर मरम्मत, रख रखाव संबंधी भुगतान का कोई बिल नहीं पाया गया था। नवीन अभिलेख और साफ-सफाई कार्य के भुगतान का कोई भी साक्ष्य प्रस्तुत नहीं किया गया था। इन कार्य पर 90,000 रुपये का बिना बिल के भुगतान किया गया था।
डीएम के आदेश पर पंचायत सचिव राजीव कुलश्रेष्ठ को भी वित्तीय अनियमितता का दोषी मानते हुए जिला विकास अधिकारी ने निलंबित कर दिया है। जिला विकास अधिकारी विकल कुमार ने बताया कि पंचायत सचिव के निलंबन के मामले में खंड विकास अधिकारी को जांच अधिकारी नियुक्त किया है। वह जांच कर 15 दिन में आरोप पत्र दाखिल करेंगे।
Trending Videos
गांव अलादीनपुर निवासी विजेंद्र सिंह ने ग्राम प्रधान पप्पू सिंह के खिलाफ पंचायत के खाते से अपने परिजन के खाते में भुगतान करने और हैंडपंप रिबोर में अनियमितता बरतने की शिकायत जिलाधिकारी से की थी। डीएम के आदेश पर जिला पूर्ति अधिकारी ने जांच की। डीएसओ ने 3 अक्तूबर 2025 को जांच रिपोर्ट पंचायत राज विभाग को भेजी। भुगतान में वित्तीय अनियमितता पाए जाने पर बीती जनवरी में ग्राम प्रधान के वित्तीय अधिकार सीज हुए थे। जांच में प्रधान ने अपने बेटे अखिलेश कुमार के खाते में 5,48,230 रुपये, कृष्ण कुमार के खाते में 57,300 रुपये और पिता राजवीर के खाते में 58,635 रुपये का भुगतान किया। प्रधान ने बताया था कि यह धनराशि विकास कार्य की मजदूरी के लिए भेजी गई थी। नियमों को ताक में रखकर अपने परिजन के खातों में भुगतान किया गया था। हैंडपंप रिबोर में अधिशासी अभियंता जल निगम की रिपोर्ट उपलब्ध नहीं कराई गई। स्वीकृति पत्र भी जांच अधिकारी को उपलब्ध नहीं कराए गए। हैंडपंप रिबोर के सभी बिलों के भुगतान में भी अनियमितता पाई गई थी। प्रशासनिक व्यय एवं कंप्यूटर मरम्मत, रख रखाव संबंधी भुगतान का कोई बिल नहीं पाया गया था। नवीन अभिलेख और साफ-सफाई कार्य के भुगतान का कोई भी साक्ष्य प्रस्तुत नहीं किया गया था। इन कार्य पर 90,000 रुपये का बिना बिल के भुगतान किया गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन
डीएम के आदेश पर पंचायत सचिव राजीव कुलश्रेष्ठ को भी वित्तीय अनियमितता का दोषी मानते हुए जिला विकास अधिकारी ने निलंबित कर दिया है। जिला विकास अधिकारी विकल कुमार ने बताया कि पंचायत सचिव के निलंबन के मामले में खंड विकास अधिकारी को जांच अधिकारी नियुक्त किया है। वह जांच कर 15 दिन में आरोप पत्र दाखिल करेंगे।