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Lakhimpur Kheri News: ई-पंजीकरण और डिजिटल स्टांप के विरोध में अधिवक्ताओं का आंदोलन तेज
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Wed, 17 Jun 2026 11:56 PM IST
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सदर तहसील में कार्य बहिष्कार कर धरने पर बैठे अधिवक्ता। संवाद
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लखीमपुर खीरी/रमियाबहेड़ । ऑनलाइन दस्तावेज पंजीकरण नियमावली-2026 के तहत लागू ई-पंजीकरण और डिजिटल स्टांप व्यवस्था के विरोध में जिलेभर के अधिवक्ताओं का आंदोलन तेज हो गया है। बुधवार को लखीमपुर में तहसील बार एसोसिएशन ने कार्य बहिष्कार कर धरना दिया, जबकि निघासन में अधिवक्ताओं ने रजिस्ट्री कार्यालय का घेराव कर प्रदर्शन किया।
लखीमपुर तहसील परिसर में अधिवक्ताओं ने मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी को दिया। अधिवक्ताओं का कहना है कि नई व्यवस्था जनहित में नहीं है और इससे अधिवक्ताओं, बैनामा लेखकों तथा स्टांप विक्रेताओं के पारंपरिक व्यवसाय पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। उनका आरोप है कि नई प्रणाली से रोजगार का संकट खड़ा हो सकता है।
बार एसोसिएशन के मंत्री विकेश कुमार तिवारी ने कहा कि सरकार रोजगार उपलब्ध कराने के बजाय ऐसी व्यवस्था लागू कर रही है, जिससे लोगों के सामने बेरोजगारी की स्थिति पैदा होगी। उन्होंने ई-पंजीकरण प्रणाली वापस लेकर वर्तमान व्यवस्था यथावत रखने की मांग की।
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निघासन तहसील में अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष चंद्रकेश मिश्र के नेतृत्व में अधिवक्ताओं ने रजिस्ट्री कार्यालय का घेराव कर डिजिटल स्टांपिंग व्यवस्था का विरोध किया। अधिवक्ताओं ने कहा कि नई व्यवस्था लागू होने से वर्तमान प्रणाली प्रभावित होगी और रजिस्ट्री कार्यों से जुड़े कई लोगों के सामने रोजगार का संकट खड़ा हो सकता है।
अधिवक्ताओं ने चेतावनी दी कि मांगों पर विचार नहीं किया गया तो कार्य बहिष्कार जारी रहेगा और आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।
धरने और प्रदर्शन में ज्ञानेंद्र कुमार मिश्र, मनोज कुमार, अनुराग दिवाकर, संदीप कुमार, अनिल कुमार श्रीवास्तव सहित बड़ी संख्या में अधिवक्ता मौजूद रहे।
लखीमपुर तहसील परिसर में अधिवक्ताओं ने मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी को दिया। अधिवक्ताओं का कहना है कि नई व्यवस्था जनहित में नहीं है और इससे अधिवक्ताओं, बैनामा लेखकों तथा स्टांप विक्रेताओं के पारंपरिक व्यवसाय पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। उनका आरोप है कि नई प्रणाली से रोजगार का संकट खड़ा हो सकता है।
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बार एसोसिएशन के मंत्री विकेश कुमार तिवारी ने कहा कि सरकार रोजगार उपलब्ध कराने के बजाय ऐसी व्यवस्था लागू कर रही है, जिससे लोगों के सामने बेरोजगारी की स्थिति पैदा होगी। उन्होंने ई-पंजीकरण प्रणाली वापस लेकर वर्तमान व्यवस्था यथावत रखने की मांग की।
निघासन तहसील में अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष चंद्रकेश मिश्र के नेतृत्व में अधिवक्ताओं ने रजिस्ट्री कार्यालय का घेराव कर डिजिटल स्टांपिंग व्यवस्था का विरोध किया। अधिवक्ताओं ने कहा कि नई व्यवस्था लागू होने से वर्तमान प्रणाली प्रभावित होगी और रजिस्ट्री कार्यों से जुड़े कई लोगों के सामने रोजगार का संकट खड़ा हो सकता है।
अधिवक्ताओं ने चेतावनी दी कि मांगों पर विचार नहीं किया गया तो कार्य बहिष्कार जारी रहेगा और आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।
धरने और प्रदर्शन में ज्ञानेंद्र कुमार मिश्र, मनोज कुमार, अनुराग दिवाकर, संदीप कुमार, अनिल कुमार श्रीवास्तव सहित बड़ी संख्या में अधिवक्ता मौजूद रहे।

सदर तहसील में कार्य बहिष्कार कर धरने पर बैठे अधिवक्ता। संवाद