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Lakhimpur Kheri News: सहालग में बढ़ी हल्के बर्तनों की बिक्री
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Fri, 24 Apr 2026 12:07 AM IST
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बाजार में हो रही बर्तनों की खरीदारी। संवाद
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लखीमपुर खीरी। सहालग शुरू होते ही शहर के बाजारों में बर्तनों की दुकानों पर ग्राहकों की भीड़ बढ़ गई है। शादी-विवाह में उपहार स्वरूप दिए जाने वाले बर्तनों की खरीदारी तेज हुई है, लेकिन इस बार ग्राहकों का रुझान भारी और अधिक वजन वाले बर्तनों से हटता नजर आ रहा है।
धातुओं की बढ़ती कीमतों का सीधा असर ग्राहकों की जेब पर पड़ा है, इसके चलते लोग अब हल्के और छोटे बर्तनों को प्राथमिकता दे रहे हैं। पिछले वर्ष की तुलना में पीतल के बर्तनों के दाम 300 रुपये से अधिक और तांबे पर करीब 400 रुपये तक बढ़ गए हैं। वहीं स्टील और एल्युमिनियम के बर्तनों पर भी 200 से 300 रुपये तक की वृद्धि दर्ज की गई है।
सीमित बजट में निभाई जा रहीं रस्में
दुकानदारों के अनुसार पहले जहां लोग पांच किलो तक के भारी बर्तन खरीदते थे, अब ढाई से तीन किलो तक के हल्के बर्तनों पर ही जोर है। रंजीत, विजय सिंह और गोपाल सिंह बताते हैं कि ग्राहक अब बजट को ध्यान में रखकर खरीदारी कर रहे हैं। उनका कहना है कि सिर्फ सहालग में बर्तन बाजार 4 से 5 करोड़ रुपये तक जाता था, लेकिन अभी महंगाई के कारण अब कम बिक्री ही हो पा रही है।
नितिन अग्रवाल और तुषार के मुताबिक बाजार में रौनक तो है, लेकिन खरीदारी का तरीका बदल गया है। लोग कम कीमत में हल्के बर्तन लेकर रस्म निभा रहे हैं। व्यापारियों का कहना है कि सहालग के चलते कारोबार में तेजी आई है, लेकिन महंगाई का असर साफ तौर पर दिखाई दे रहा है।
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बाजार में बर्तनों के भाव...
स्टील बर्तन - 300 से 400 रुपये प्रति किलो
एल्युमिनियम बर्तन - 450 रुपये प्रति किलो
पीतल बर्तन - 1000 रुपये प्रति किलो
तांबे के बर्तन - 1500 रुपये प्रति किलो
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धातुओं की बढ़ती कीमतों का सीधा असर ग्राहकों की जेब पर पड़ा है, इसके चलते लोग अब हल्के और छोटे बर्तनों को प्राथमिकता दे रहे हैं। पिछले वर्ष की तुलना में पीतल के बर्तनों के दाम 300 रुपये से अधिक और तांबे पर करीब 400 रुपये तक बढ़ गए हैं। वहीं स्टील और एल्युमिनियम के बर्तनों पर भी 200 से 300 रुपये तक की वृद्धि दर्ज की गई है।
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सीमित बजट में निभाई जा रहीं रस्में
दुकानदारों के अनुसार पहले जहां लोग पांच किलो तक के भारी बर्तन खरीदते थे, अब ढाई से तीन किलो तक के हल्के बर्तनों पर ही जोर है। रंजीत, विजय सिंह और गोपाल सिंह बताते हैं कि ग्राहक अब बजट को ध्यान में रखकर खरीदारी कर रहे हैं। उनका कहना है कि सिर्फ सहालग में बर्तन बाजार 4 से 5 करोड़ रुपये तक जाता था, लेकिन अभी महंगाई के कारण अब कम बिक्री ही हो पा रही है।
नितिन अग्रवाल और तुषार के मुताबिक बाजार में रौनक तो है, लेकिन खरीदारी का तरीका बदल गया है। लोग कम कीमत में हल्के बर्तन लेकर रस्म निभा रहे हैं। व्यापारियों का कहना है कि सहालग के चलते कारोबार में तेजी आई है, लेकिन महंगाई का असर साफ तौर पर दिखाई दे रहा है।
बाजार में बर्तनों के भाव...
स्टील बर्तन - 300 से 400 रुपये प्रति किलो
एल्युमिनियम बर्तन - 450 रुपये प्रति किलो
पीतल बर्तन - 1000 रुपये प्रति किलो
तांबे के बर्तन - 1500 रुपये प्रति किलो

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