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Lalitpur News: ओलावृष्टि से फसल नुकसान पर मुआवजे की मांग, सपाइयों ने सौंपा ज्ञापन
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20 मार्च की बेमौसम बारिश से प्रभावित किसानों के सर्वे और राहत की उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
तालबेहट। समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने विधानसभा क्षेत्र अध्यक्ष मक्खन कुशवाहा के नेतृत्व में एसडीएम अभिजीत सिंह को ज्ञापन सौंपकर 20 मार्च को हुई बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से प्रभावित किसानों को मुआवजा दिलाने की मांग की।
ज्ञापन में बताया गया कि क्षेत्र का अधिकांश हिस्सा पथरीला और कंकड़ीला है, इसके बावजूद किसान कड़ी मेहनत से फसल तैयार करते हैं। पिछले कुछ वर्षों से फसल पकने के समय किसानों को प्राकृतिक आपदाओं का सामना करना पड़ रहा है। इस बार भी बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से कई गांवों में फसलों को भारी नुकसान हुआ है। सपाइयों ने प्रभावित क्षेत्रों का सर्वे कराकर किसानों को जल्द से जल्द मुआवजा दिए जाने की मांग की। इस दौरान मक्खन कुशवाहा, राजपाल सिंह यादव, मुकेश यादव, हरीराम, राजीव खैरा, कैलाश और विपिन रजक सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
एप पर शिकायत दर्ज न होने से बढ़ी किसानों की परेशानी
कुछ गांवों से आए किसानों ने एसडीएम को बताया कि फसल नुकसान की सूचना 72 घंटे के भीतर एप पर दर्ज करने का प्रावधान है। 20 मार्च को हुए नुकसान के बाद बैंकों की दो दिन की छुट्टी के कारण कई किसानों को बीमा पॉलिसी नंबर नहीं मिल सका। वहीं, जिन किसानों के पास नंबर था, वे भी तकनीकी दिक्कतों के चलते एप पर शिकायत दर्ज नहीं कर सके। ऐसे में किसानों को दोहरी मार झेलनी पड़ रही है। एक ओर उनका बीमा प्रीमियम कट चुका है, वहीं दूसरी ओर क्लेम मिलने को लेकर संशय की स्थिति बनी हुई है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
तालबेहट। समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने विधानसभा क्षेत्र अध्यक्ष मक्खन कुशवाहा के नेतृत्व में एसडीएम अभिजीत सिंह को ज्ञापन सौंपकर 20 मार्च को हुई बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से प्रभावित किसानों को मुआवजा दिलाने की मांग की।
ज्ञापन में बताया गया कि क्षेत्र का अधिकांश हिस्सा पथरीला और कंकड़ीला है, इसके बावजूद किसान कड़ी मेहनत से फसल तैयार करते हैं। पिछले कुछ वर्षों से फसल पकने के समय किसानों को प्राकृतिक आपदाओं का सामना करना पड़ रहा है। इस बार भी बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से कई गांवों में फसलों को भारी नुकसान हुआ है। सपाइयों ने प्रभावित क्षेत्रों का सर्वे कराकर किसानों को जल्द से जल्द मुआवजा दिए जाने की मांग की। इस दौरान मक्खन कुशवाहा, राजपाल सिंह यादव, मुकेश यादव, हरीराम, राजीव खैरा, कैलाश और विपिन रजक सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
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एप पर शिकायत दर्ज न होने से बढ़ी किसानों की परेशानी
कुछ गांवों से आए किसानों ने एसडीएम को बताया कि फसल नुकसान की सूचना 72 घंटे के भीतर एप पर दर्ज करने का प्रावधान है। 20 मार्च को हुए नुकसान के बाद बैंकों की दो दिन की छुट्टी के कारण कई किसानों को बीमा पॉलिसी नंबर नहीं मिल सका। वहीं, जिन किसानों के पास नंबर था, वे भी तकनीकी दिक्कतों के चलते एप पर शिकायत दर्ज नहीं कर सके। ऐसे में किसानों को दोहरी मार झेलनी पड़ रही है। एक ओर उनका बीमा प्रीमियम कट चुका है, वहीं दूसरी ओर क्लेम मिलने को लेकर संशय की स्थिति बनी हुई है।