{"_id":"5fbb7aaacab59209604a3736","slug":"marriage-muhurats-nine-muhurats-of-marriage-this-year-till-the-month-of-april-next-year","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"शादी के इस वर्ष ये हैं नौ शुभ मुहूर्त, फिर अप्रैल में गूंजेगी शहनाई, तैयारियां में जुटे विवाह मंडप संचालक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शादी के इस वर्ष ये हैं नौ शुभ मुहूर्त, फिर अप्रैल में गूंजेगी शहनाई, तैयारियां में जुटे विवाह मंडप संचालक
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बागपत
Published by: Dimple Sirohi
Updated Mon, 23 Nov 2020 02:32 PM IST
विज्ञापन
सांकेतिक
- फोटो : Unsplash
विज्ञापन
दो गज की दूरी, मास्क है जरूरी के एहतियात के साथ कोरोना से लडने की तैयार लोग दिनचर्या को दुरूस्त करने में जुट गए है। कोरोना काल में लॉकडाउन और कतिपय प्रतिबंधों के चलते स्थगित शादी समारोहों की तैयारी भी तेज हो गई है। इस वष शादी के नौ मुहूर्त, फिर अप्रैल में गूंजेगी शहनाई
इस वर्ष शादियों के केवल नौ मुहूर्त है। नवंबर में तीन और दिसंबर में छह तिथियां शादियों के लिए शुभ है। इसके बाद 12 अप्रैल के बाद ही शादियों के शुभ संयोग बन रहे है। त्योहारी सीजन खत्म होने के बाद अब शादियों का सीजन शुरू होने के चलते बाजारों में रौनक आने लगी है।
शादी की खरीदारी को लेकर बाजारों में ग्राहकों के बढने से दुकानदारों के चेहरों पर भी खुशी दिखाई दे रही है और ग्राहकों को लुभाने के लिए नये-नये डिजाइन की साडिय़ांए लहंगे व अन्य सामानों से दुकानों को सजाने लगे है विवाह समारोहों को लेकर लोगों में कितना उत्साह है।
Trending Videos
इस वर्ष शादियों के केवल नौ मुहूर्त है। नवंबर में तीन और दिसंबर में छह तिथियां शादियों के लिए शुभ है। इसके बाद 12 अप्रैल के बाद ही शादियों के शुभ संयोग बन रहे है। त्योहारी सीजन खत्म होने के बाद अब शादियों का सीजन शुरू होने के चलते बाजारों में रौनक आने लगी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
शादी की खरीदारी को लेकर बाजारों में ग्राहकों के बढने से दुकानदारों के चेहरों पर भी खुशी दिखाई दे रही है और ग्राहकों को लुभाने के लिए नये-नये डिजाइन की साडिय़ांए लहंगे व अन्य सामानों से दुकानों को सजाने लगे है विवाह समारोहों को लेकर लोगों में कितना उत्साह है।
ये है शुभ मुहूर्त
पंडित कुंदन भारद्वाज ने इस वर्ष नवंबर व दिसंबर में केवल शादी के नौ मुहूर्त है। उनका कहना है कि 25 नवंबर को देव उत्थान के बाद शादियां शुरू हो जाएंगी। नवंबर में 25, 27 व 30 को तो दिसंबर में 1, 4, 6, 7, 9 व 10 तारीख का मुहूर्त है। इसके बाद जनवरी व फरवरी में कोई मुहूर्त नहीं है।
हालांकि 16 फरवरी को बसंत पंचमी के दिन बिना मुहूर्त के कुछ शादियां होगी। इसके बाद 12 अप्रैल तक शादियों का कोई शुभ संयोग नहीं बन रहा है। कहा कि 17 जनवरी को गुरू अस्त व आठ फरवरी को शुक्र अस्त हो जाएगा। जिसके चलते 12 अप्रैल तक कोई भी शुभ कार्य नहीं हो सकेंगे।
ये बोले विवाह मंडप संचालक
बड़ौत विवाह मंडप एसोसिएशन के अध्यक्ष साधुराम जिंदल का कहना है कि कोरोना प्रकोप के कारण विवाह कार्यक्रम से जुडृ़े हजारों लोग चाहें वो वेटर हो, हलवाई हो, बैंड व घोड़ी वालें हो बेरोजगार हो गए थे, उनके सामने रोजी-रोटी की समस्या पैदा हो गई थी, लेकिन अब त्यौहारी सीजन व शादी का सीजन शुरू हो चुका है और इससे जुडे लोगों की रोजी-रोटी फिर से शुरू हो गयी है। मंडपों को सजाया जा रहा है।
बड़ौत एसोसिएशन के महामंत्री वरदान जैन का कहना है कि शादियां का सीजन शुरू हो चुका है, शासन की गाइडलाइन का पालन करते हुए पूरी तैयारियां की जा रही है।
पंडित कुंदन भारद्वाज ने इस वर्ष नवंबर व दिसंबर में केवल शादी के नौ मुहूर्त है। उनका कहना है कि 25 नवंबर को देव उत्थान के बाद शादियां शुरू हो जाएंगी। नवंबर में 25, 27 व 30 को तो दिसंबर में 1, 4, 6, 7, 9 व 10 तारीख का मुहूर्त है। इसके बाद जनवरी व फरवरी में कोई मुहूर्त नहीं है।
हालांकि 16 फरवरी को बसंत पंचमी के दिन बिना मुहूर्त के कुछ शादियां होगी। इसके बाद 12 अप्रैल तक शादियों का कोई शुभ संयोग नहीं बन रहा है। कहा कि 17 जनवरी को गुरू अस्त व आठ फरवरी को शुक्र अस्त हो जाएगा। जिसके चलते 12 अप्रैल तक कोई भी शुभ कार्य नहीं हो सकेंगे।
ये बोले विवाह मंडप संचालक
बड़ौत विवाह मंडप एसोसिएशन के अध्यक्ष साधुराम जिंदल का कहना है कि कोरोना प्रकोप के कारण विवाह कार्यक्रम से जुडृ़े हजारों लोग चाहें वो वेटर हो, हलवाई हो, बैंड व घोड़ी वालें हो बेरोजगार हो गए थे, उनके सामने रोजी-रोटी की समस्या पैदा हो गई थी, लेकिन अब त्यौहारी सीजन व शादी का सीजन शुरू हो चुका है और इससे जुडे लोगों की रोजी-रोटी फिर से शुरू हो गयी है। मंडपों को सजाया जा रहा है।
बड़ौत एसोसिएशन के महामंत्री वरदान जैन का कहना है कि शादियां का सीजन शुरू हो चुका है, शासन की गाइडलाइन का पालन करते हुए पूरी तैयारियां की जा रही है।