{"_id":"6a70e83120b9a334cb077477","slug":"advocates-accused-in-serious-cases-to-submit-details-of-firs-by-the-10th-mirzapur-news-c-192-1-svns1035-158720-2026-08-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mirzapur News: गंभीर मामलों के आरोपी अधिवक्ता 10 तक दें प्राथमिकियों का ब्योरा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mirzapur News: गंभीर मामलों के आरोपी अधिवक्ता 10 तक दें प्राथमिकियों का ब्योरा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हाईकोर्ट के आदेश पर डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन ने जारी की सूचना, जानकारी नहीं देने पर होगी कार्रवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
मिर्जापुर। डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन ने हाइकोर्ट के आदेश के बाद अधिवक्ताओं से उनके विरुद्ध दर्ज गंभीर आपराधिक प्राथमिकियों का विवरण मांगा है। इसके लिए 10 तक बार एसोसिएशन कार्यालय में जानकारी उपलब्ध कराने को कहा है। बार एसोसिएशन के सचिव जंग बहादुर सिंह की ओर से जारी सूचना में बताया है कि बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश के पत्र के क्रम में यह निर्देश जारी किया गया है। इसमें इलाहाबाद हाईकोर्ट की ओर से पारित आदेश के अनुपालन में ऐसे अधिवक्ताओं का विवरण मांगा गया है, इनके खिलाफ गंभीर अपराधों में एफआईआर दर्ज है, वे वांछित हैं।
सूचना में कहा गया है कि डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के सभी संबंधित सदस्य सात दिन के भीतर, अधिकतम 10 अगस्त तक, अपने विरुद्ध दर्ज प्राथमिकी की संख्या और विचाराधीन मामलों का पूरा विवरण बार एसोसिएशन कार्यालय में उपलब्ध करा दें। इसके बाद बार एसोसिएशन 11 अगस्त तक यह सूचना बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश को भेजेगा, ताकि हाइकोर्ट के आदेश का समय से पालन सुनिश्चित किया जा सके। बार एसोसिएशन ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई सदस्य निर्धारित समय में जानकारी उपलब्ध नहीं कराता है तो इसके लिए वह स्वयं व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार होगा।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
मिर्जापुर। डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन ने हाइकोर्ट के आदेश के बाद अधिवक्ताओं से उनके विरुद्ध दर्ज गंभीर आपराधिक प्राथमिकियों का विवरण मांगा है। इसके लिए 10 तक बार एसोसिएशन कार्यालय में जानकारी उपलब्ध कराने को कहा है। बार एसोसिएशन के सचिव जंग बहादुर सिंह की ओर से जारी सूचना में बताया है कि बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश के पत्र के क्रम में यह निर्देश जारी किया गया है। इसमें इलाहाबाद हाईकोर्ट की ओर से पारित आदेश के अनुपालन में ऐसे अधिवक्ताओं का विवरण मांगा गया है, इनके खिलाफ गंभीर अपराधों में एफआईआर दर्ज है, वे वांछित हैं।
सूचना में कहा गया है कि डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के सभी संबंधित सदस्य सात दिन के भीतर, अधिकतम 10 अगस्त तक, अपने विरुद्ध दर्ज प्राथमिकी की संख्या और विचाराधीन मामलों का पूरा विवरण बार एसोसिएशन कार्यालय में उपलब्ध करा दें। इसके बाद बार एसोसिएशन 11 अगस्त तक यह सूचना बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश को भेजेगा, ताकि हाइकोर्ट के आदेश का समय से पालन सुनिश्चित किया जा सके। बार एसोसिएशन ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई सदस्य निर्धारित समय में जानकारी उपलब्ध नहीं कराता है तो इसके लिए वह स्वयं व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार होगा।
विज्ञापन