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Pilibhit News: मारपीट के 23 साल पुराने मामले में चार सगे भाइयों को तीन साल का कारावास
Sun, 26 Jul 2026 12:21 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
Updated Sun, 26 Jul 2026 12:21 AM IST
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पीलीभीत। 23 पुराने गाली-गलौज और मारपीट के एक मामले में सिविल जज सीनियर डिवीजन/अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट समाली मित्तल ने चार सगे भाइयों को दोषी ठहराया है। न्यायालय ने प्रत्येक दोषी को तीन साल की कैद और साढ़े तीन हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। यह घटना 24 अगस्त 2003 को पूरनपुर थाना क्षेत्र में हुई थी।
मोहल्ला राजगंज देहात के नवाब ने नसरुद्दीन उर्फ गुड्डू, आजाद, शमशेर और शेर बहादुर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इन चारों सगे भाइयों पर गाली-गलौज करने और लाठी-डंडों से मारपीट कर घायल करने का आरोप था। पुलिस ने मामले की विवेचना के बाद आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था। सुनवाई के दौरान न्यायालय ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनीं।
इसके साथ ही पत्रावली में मौजूद साक्ष्यों का भी अवलोकन किया गया। सभी सबूतों और गवाहों के आधार पर न्यायालय ने चारों आरोपियों को दोषी पाया। इसी के बाद उन्हें दंडित करने का फैसला सुनाया गया। प्रत्येक दोषी को तीन साल की कारावास और 3500 रुपये का अर्थदंड लगाया गया है।
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मोहल्ला राजगंज देहात के नवाब ने नसरुद्दीन उर्फ गुड्डू, आजाद, शमशेर और शेर बहादुर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इन चारों सगे भाइयों पर गाली-गलौज करने और लाठी-डंडों से मारपीट कर घायल करने का आरोप था। पुलिस ने मामले की विवेचना के बाद आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था। सुनवाई के दौरान न्यायालय ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनीं।
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इसके साथ ही पत्रावली में मौजूद साक्ष्यों का भी अवलोकन किया गया। सभी सबूतों और गवाहों के आधार पर न्यायालय ने चारों आरोपियों को दोषी पाया। इसी के बाद उन्हें दंडित करने का फैसला सुनाया गया। प्रत्येक दोषी को तीन साल की कारावास और 3500 रुपये का अर्थदंड लगाया गया है।
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