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Pratapgarh News: गहरे दर्द पर आश्वासन का मरहम लगाकर लौटे फरियादी

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 18 Aug 2026 01:50 AM IST
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The complainants returned after the balm of reassurance was applied to their deep pain.
सुबह से हो रही रिमझिम बरसात में भीगते हुए सदर तहसील पहुंचे फरियादियों की मुख्य विकास अधिकारी डॉ. राम मोहन मीना ने व्यथा सुनी और निस्तारण का आश्वासन दिया। यह दौर सोमवार सुबह 11.30 बजे से दोपहर दो बजे तक चलता रहा।
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बड़ी उम्मीद लेकर संपूर्ण समाधान दिवस में आए शिकायतकर्ताओं ने साहब के सामने अपना दर्द बयां किया, मगर मौके पर उनकी शिकायत का निस्तारण नहीं हो सका। उन्हें आश्वासन देकर विदा कर दिया गया। शिकायत करने वाले अधिकांश लोग कुंडा, पट्टी व लालगंज की तहसीलों से आए थे। शिकायतकर्ताओं को उम्मीद थी कि जिलाधिकारी से मुलाकात होगी और समस्या का निराकरण हो जाएगा मगर ऐसा नहीं हो सका।
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इस दौरान पुलिस अधीक्षक दीपक भूकर और उप जिलाधिकारी सदर अनुष्का शर्मा मौजूद रहीं। सदर तहसील में प्राप्त 95 शिकायताें में छह का निस्तारण मौके पर किया गया। रानीगंज, लालगंज, कुंडा व पट्टी में संबंधित एसडीएम ने शिकायतों की सुनवाई की।
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केस-एक
सदर के खजुरनी बोदी पांडेय का पुरवा निवासी 64 साल के गंगा प्रसाद पांडेय सुबह 11 बजे संपूर्ण समाधान दिवस में अपनी फरियाद लेकर पहुंचे। उन्होंने बताया कि छह महीने से राशन कार्ड में नाम जुड़वाने के लिए जिला पूर्ति कार्यालय के 20 चक्कर काट चुके हैं लेकिन अभी तक नाम नहीं जुड़ सका। उन्होंने बताया कि बीते साल दुर्घटना में कूल्हा और पैर टूट गया, ऑपरेशन के बाद रॉड पड़ी है। ऐसे में बार-बार कार्यालय के चक्कर लगाने में मुश्किल होती है।


केस-दो
सिटी नगर पंचायत की लालमती अपनी बेटी अनीता को लेकर सदर तहसील पहुंचीं। उन्होंने बताया कि दो साल पहले उनकी सास को मिला सरकारी आवास जर्जर होकर गिर गया। अब वह रिश्तेदार के घर पर रह रही हैं। बेटी एक आंख से दिव्यांग है। ऑपरेशन के पैसे नहीं हैं। मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय से दिव्यांग प्रमाण पत्र भी नहीं बन रहा है। जिस कारण जीवनयापन मुश्किल हो गया है।

केस-तीन
कुंडा के कलहा टिकरिया निवासी रूपादेवी 50 किमी की सफर कर सदर तहसील पहुंचीं। उनकी सास सुनीता देवी की गोद में उनका नाती था, जिसके पैर में प्लास्टर बंधा था। उसे लेकर वह सीडीओ के सामने पहुंचीं और पुलिस पर मुकदमा दर्ज नहीं किए जाने का आरोप लगाया। उन्होंने बताया कि पड़ोसी ने कार से नाती को टक्कर मार दी। इलाज का भी पैसा नहीं दिया। सीडीओ ने समस्या के निस्तारण का आश्वासन दिया।
.....
संपूर्ण समाधान दिवस में आए फरियादियों की समस्याओं को सुनकर त्वरित निस्तारण के निर्देश संबंधित अफसरों को दिए हैं।
डॉ. राम मोहन मीणा, मुख्य विकास अधिकारी
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