{"_id":"6a31a8b497dd9c8bb40b8069","slug":"jalebis-and-pedas-to-become-the-districts-identity-raebareli-news-c-101-1-slko1033-160488-2026-06-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Raebareli News: जिले की पहचान बनेंगे जलेबी और पेड़े","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Raebareli News: जिले की पहचान बनेंगे जलेबी और पेड़े
संवाद न्यूज एजेंसी, रायबरेली
Updated Wed, 17 Jun 2026 01:19 AM IST
विज्ञापन
दुकान में सजी जलेबी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
रायबरेली। राज्य सरकार की एक जनपद एक व्यंजन योजना में जिले की पहचान के लिए जलेबी और पेड़ा का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। जल्द ही जिले को मिष्ठान के रूप में जलेबी और पेड़ा को ब्रांड घोषित किया जा सकता है। यह पहल स्थानीय खाद्य पदार्थों को बढ़ावा देने और उनकी पहचान को राष्ट्रीय स्तर पर स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
सरकार ने एक जनपद एक व्यंजन योजना शुरू की है। योजना का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक जिले के पारंपरिक और विशिष्ट उत्पादों को पहचान दिलाना है, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिले और रोजगार के अवसर बढ़ें। जिले में जलेबी और पेड़ा दोनों ही ऐसे मिष्ठान्न हैं, जिनकी अपनी एक विशिष्ट पहचान और स्वाद है।
डलमऊ में बनने वाला पेड़ा जिले के साथ ही आसपास के जनपदों के लोगों को भी काफी पसंद है। इसके अलावा शहर का लालपेड़ा और सलोन का सफेद पेड़ा भी लोगों के स्वाद को बढ़ा रहे हैं। जलेबी भी हर कस्बे में मिठाई की दुकानों की पहचान है। गांवों में लगने वाले मेलों में तो जलेबी की धूम रहती है। जिले में उद्योग विभाग दोनों मिष्ठान्नों की लोकप्रियता, उत्पादन की संभावनाओं और बाजार में उनकी स्वीकार्यता को देखते हुए प्रस्ताव तैयार करके शासन को भेजा है।
विज्ञापन
एक जनपद एक व्यंजन योजना के तहत जिले में जलेबी और पेड़ा का चयन किया गया है। शासन को प्रस्ताव भेजा गया है। जल्द ही जलेबी व पेड़ा को ब्रांड घोषित किया जा सकता है।
- परमहंस मौर्या, उपायुक्त, जिला उद्योग प्रोत्साहन एवं उद्यमिता विकास केंद्र
सरकार ने एक जनपद एक व्यंजन योजना शुरू की है। योजना का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक जिले के पारंपरिक और विशिष्ट उत्पादों को पहचान दिलाना है, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिले और रोजगार के अवसर बढ़ें। जिले में जलेबी और पेड़ा दोनों ही ऐसे मिष्ठान्न हैं, जिनकी अपनी एक विशिष्ट पहचान और स्वाद है।
विज्ञापन
विज्ञापन
डलमऊ में बनने वाला पेड़ा जिले के साथ ही आसपास के जनपदों के लोगों को भी काफी पसंद है। इसके अलावा शहर का लालपेड़ा और सलोन का सफेद पेड़ा भी लोगों के स्वाद को बढ़ा रहे हैं। जलेबी भी हर कस्बे में मिठाई की दुकानों की पहचान है। गांवों में लगने वाले मेलों में तो जलेबी की धूम रहती है। जिले में उद्योग विभाग दोनों मिष्ठान्नों की लोकप्रियता, उत्पादन की संभावनाओं और बाजार में उनकी स्वीकार्यता को देखते हुए प्रस्ताव तैयार करके शासन को भेजा है।
एक जनपद एक व्यंजन योजना के तहत जिले में जलेबी और पेड़ा का चयन किया गया है। शासन को प्रस्ताव भेजा गया है। जल्द ही जलेबी व पेड़ा को ब्रांड घोषित किया जा सकता है।
- परमहंस मौर्या, उपायुक्त, जिला उद्योग प्रोत्साहन एवं उद्यमिता विकास केंद्र