{"_id":"6a78ccb749bf5b15c203ed5a","slug":"anganwadi-workers-will-stage-a-sit-in-protest-if-no-action-is-taken-within-a-week-shamli-news-c-26-1-sal1002-171506-2026-08-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shamli News: एक सप्ताह में कार्रवाई नहीं हुई तो धरने पर बैठेंगी आंगनबाड़ी कर्मी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shamli News: एक सप्ताह में कार्रवाई नहीं हुई तो धरने पर बैठेंगी आंगनबाड़ी कर्मी
Mon, 10 Aug 2026 12:23 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
Updated Mon, 10 Aug 2026 12:23 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शामली। डीपीओ कार्यालय पर लगाए गए भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितता के आरोपों पर एक सप्ताह में कार्रवाई नहीं हुई तो आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ धरना-प्रदर्शन करेगा। संघ ने डीएम आलोक यादव समेत शासन के अधिकारियों को शिकायत भेजकर मामले की जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
संघ ने शिकायत में 13 बिंदुओं पर विजिलेंस जांच कराने, एफआईआर दर्ज करने और करीब दो वर्षों से लंबित भुगतानों को ब्याज समेत जारी कराने की मांग की है।
संघ का आरोप है कि हॉट कुक्ड मील योजना के तहत कन्वर्जन कॉस्ट और रसोइयों का मानदेय करीब दो वर्षों से लंबित है। इसके अलावा पोषण किट, समुदाय आधारित गतिविधियों के बजट, मृतक आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के बीमा दावे, केंद्रों के अनुरक्षण, स्टेशनरी, वजन मशीनों की खरीद और बिजली बिलों के भुगतान समेत अन्य मामलों में भी अनियमितता की गई है।
संघ की अध्यक्ष राकेश, बबीता,गीता ने जल्द कार्रवाई ने होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर मामले की शिकायत की है। डीपीओ यामिनी रंजन ने सभी आरोपों को बेबुनियाद बताया। उन्होंने कहा कि कार्यालय में किसी प्रकार की वित्तीय अनियमितता नहीं हुई है। उनके अनुसार कुछ लोग व्यक्तिगत और राजनीतिक कारणों से इस तरह के आरोप लगा रहे हैं।
विज्ञापन
जिलाधिकारी आलोक यादव ने कहा कि मामले की जांच कराई जाएगी। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
संघ ने शिकायत में 13 बिंदुओं पर विजिलेंस जांच कराने, एफआईआर दर्ज करने और करीब दो वर्षों से लंबित भुगतानों को ब्याज समेत जारी कराने की मांग की है।
संघ का आरोप है कि हॉट कुक्ड मील योजना के तहत कन्वर्जन कॉस्ट और रसोइयों का मानदेय करीब दो वर्षों से लंबित है। इसके अलावा पोषण किट, समुदाय आधारित गतिविधियों के बजट, मृतक आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के बीमा दावे, केंद्रों के अनुरक्षण, स्टेशनरी, वजन मशीनों की खरीद और बिजली बिलों के भुगतान समेत अन्य मामलों में भी अनियमितता की गई है।
विज्ञापन
संघ की अध्यक्ष राकेश, बबीता,गीता ने जल्द कार्रवाई ने होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर मामले की शिकायत की है। डीपीओ यामिनी रंजन ने सभी आरोपों को बेबुनियाद बताया। उन्होंने कहा कि कार्यालय में किसी प्रकार की वित्तीय अनियमितता नहीं हुई है। उनके अनुसार कुछ लोग व्यक्तिगत और राजनीतिक कारणों से इस तरह के आरोप लगा रहे हैं।
विज्ञापन
जिलाधिकारी आलोक यादव ने कहा कि मामले की जांच कराई जाएगी। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।