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Shravasti News: उमड़-घुमड़ कर चले गए बदरा, नहीं गिरी राहत की बूंद
Thu, 16 Jul 2026 12:15 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
Updated Thu, 16 Jul 2026 12:15 AM IST
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भिनगा में छाए काले बादल।
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श्रावस्ती। तराई में बादलों की बेरुखी तीसरे दिन भी जारी रही। बुधवार को आसमान बादलों से घिरा रहा, लेकिन राहत की एक बूंद तक नहीं गिरी। इससे किसानों की चिंता बढ़ गई है और किसान बेचैन हैं। कई किसानों ने डीजल पंप के सहारे धान की रोपाई शुरू कर दी है। वहीं, गरीब किसान अब भी धान की रोपाई के लिए आसमान की ओर टकटकी लगाए बारिश का इंतजार कर रहे हैं।
बुधवार सुबह से लेकर शाम तक आसमान बादलों से घिरा रहा और शाम को तेज बारिश की संभावना बनी। बावजूद इसके घने बादल बिना बरसे ही लौट गए। गिलौला निवासी किसान मनोहर लाल, आयुष तिवारी, रंजीत वर्मा, पीयूष गर्ग आदि ने बताया कि बारिश न होने से महंगे डीजल पंप का सहारा लेना पड़ रहा है। किसानों ने बताया कि उन्होंने खेत की सिंचाई कर धान की रोपाई करवा दी है, लेकिन अगर बारिश नहीं हुई तो धान में फिर से सिंचाई करनी पड़ेगी। इससे कृषि लागत बढ़ने के साथ-साथ उपज भी प्रभावित होगी।
बुधवार सुबह से लेकर शाम तक आसमान बादलों से घिरा रहा और शाम को तेज बारिश की संभावना बनी। बावजूद इसके घने बादल बिना बरसे ही लौट गए। गिलौला निवासी किसान मनोहर लाल, आयुष तिवारी, रंजीत वर्मा, पीयूष गर्ग आदि ने बताया कि बारिश न होने से महंगे डीजल पंप का सहारा लेना पड़ रहा है। किसानों ने बताया कि उन्होंने खेत की सिंचाई कर धान की रोपाई करवा दी है, लेकिन अगर बारिश नहीं हुई तो धान में फिर से सिंचाई करनी पड़ेगी। इससे कृषि लागत बढ़ने के साथ-साथ उपज भी प्रभावित होगी।
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