{"_id":"6a287f41b6ecbbd339088ead","slug":"the-tanks-are-boiling-in-the-sun-the-water-reaches-50-degrees-in-the-afternoon-siddharthnagar-news-c-227-1-sdn1031-159476-2026-06-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Siddharthnagar News: धूप से उबल रही टंकियां, दोपहर में 50 डिग्री तक पहुंच रहा पानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Siddharthnagar News: धूप से उबल रही टंकियां, दोपहर में 50 डिग्री तक पहुंच रहा पानी
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Wed, 10 Jun 2026 02:31 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
बढ़नी। भीषण गर्मी का असर अब घरों की पानी की टंकियों पर भी साफ दिखाई देने लगा है। नगर क्षेत्र में छतों पर रखी पानी की टंकियां तेज धूप के कारण इतनी गर्म हो रही हैं कि दोपहर के समय उनमें भरा पानी 45 से 50 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जा रहा है। इससे लोगों को नहाने, कपड़े धोने और अन्य घरेलू कार्यों में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों के अनुसार सुबह के समय टंकी का पानी सामान्य रहता है लेकिन दोपहर होते-होते वह इतना गर्म हो जाता है कि सीधे इस्तेमाल करना मुश्किल हो जाता है। कई घरों में लोग पानी को ठंडा होने का इंतजार करते हैं, जबकि कुछ लोग मजबूरी में गर्म पानी का ही उपयोग कर रहे हैं।
गर्मी के कारण दोपहर के समय टंकी से निकलने वाला पानी हाथों को झुलसाने जैसा महसूस होता है। सबसे अधिक दिक्कत बच्चों, बुजुर्गों और त्वचा संबंधी संवेदनशीलता वाले लोगों को हो रही है।
विज्ञापन
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि अत्यधिक गर्म पानी के लगातार उपयोग से त्वचा में जलन, खुजली, लाल चकत्ते और रैशेज जैसी समस्याएं हो सकती हैं। ऐसे में टंकी के पानी को कुछ देर ठंडा करने के बाद ही उपयोग करना चाहिए। विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि पानी की टंकियों को सीधे धूप से बचाने के लिए उन पर शेड लगाया जाए या उन्हें किसी प्रकार से ढककर रखा जाए। टंकी पर सफेद रंग कराने अथवा इंसुलेशन की व्यवस्था करने से भी पानी का तापमान कम किया जा सकता है।
भीषण गर्मी के चलते दिन में चार से पांच घंटे तक टंकी का पानी अत्यधिक गर्म बना रहता है, जिससे लोगों की दिनचर्या प्रभावित हो रही है। मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल गर्मी से राहत मिलने की संभावना कम है, इसलिए लोगों को सावधानी बरतने और पानी का उपयोग सोच-समझकर करने की सलाह दी जा रही है।
-- -- -- -- -- -- -
गर्म पानी से हो सकती हैं ये समस्याएं
त्वचा में जलन और खुजली
रैशेज और लाल चकत्तों की शिकायत
बच्चों और बुजुर्गों को अधिक परेशानी
नहाने और घरेलू कार्यों में असुविधा
-- -- -- -- -- -- --
बचाव के उपाय
टंकी पर शेड या छांव की व्यवस्था करें
टंकी को सफेद रंग से पेंट कराएं
इंसुलेशन का उपयोग करें
पानी को ठंडा होने के बाद ही इस्तेमाल करें
-- -- -- -- -- -- -- -- -- -- --
स्थानीय लोगों के अनुसार सुबह के समय टंकी का पानी सामान्य रहता है लेकिन दोपहर होते-होते वह इतना गर्म हो जाता है कि सीधे इस्तेमाल करना मुश्किल हो जाता है। कई घरों में लोग पानी को ठंडा होने का इंतजार करते हैं, जबकि कुछ लोग मजबूरी में गर्म पानी का ही उपयोग कर रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
गर्मी के कारण दोपहर के समय टंकी से निकलने वाला पानी हाथों को झुलसाने जैसा महसूस होता है। सबसे अधिक दिक्कत बच्चों, बुजुर्गों और त्वचा संबंधी संवेदनशीलता वाले लोगों को हो रही है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि अत्यधिक गर्म पानी के लगातार उपयोग से त्वचा में जलन, खुजली, लाल चकत्ते और रैशेज जैसी समस्याएं हो सकती हैं। ऐसे में टंकी के पानी को कुछ देर ठंडा करने के बाद ही उपयोग करना चाहिए। विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि पानी की टंकियों को सीधे धूप से बचाने के लिए उन पर शेड लगाया जाए या उन्हें किसी प्रकार से ढककर रखा जाए। टंकी पर सफेद रंग कराने अथवा इंसुलेशन की व्यवस्था करने से भी पानी का तापमान कम किया जा सकता है।
भीषण गर्मी के चलते दिन में चार से पांच घंटे तक टंकी का पानी अत्यधिक गर्म बना रहता है, जिससे लोगों की दिनचर्या प्रभावित हो रही है। मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल गर्मी से राहत मिलने की संभावना कम है, इसलिए लोगों को सावधानी बरतने और पानी का उपयोग सोच-समझकर करने की सलाह दी जा रही है।
गर्म पानी से हो सकती हैं ये समस्याएं
त्वचा में जलन और खुजली
रैशेज और लाल चकत्तों की शिकायत
बच्चों और बुजुर्गों को अधिक परेशानी
नहाने और घरेलू कार्यों में असुविधा
बचाव के उपाय
टंकी पर शेड या छांव की व्यवस्था करें
टंकी को सफेद रंग से पेंट कराएं
इंसुलेशन का उपयोग करें
पानी को ठंडा होने के बाद ही इस्तेमाल करें