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Sultanpur News: जुगाड़ से चल रही मेडिकल कॉलेज की अल्ट्रासाउंड व्यवस्था
संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर
Updated Fri, 16 Jan 2026 12:38 AM IST
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मेडिकल कॉलेज में भूतल पर अल्ट्रासाउंड सेंटर के बाहर चस्पा नोटिस। संवाद
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सुल्तानपुर। मेडिकल कॉलेज में अल्ट्रासाउंड व्यवस्था जुगाड़ के सहारे चल रही है। मरीज इलाज कराने आते हैं, तो उन्हें अल्ट्रासाउंड कराने के लिए चार दिन तक इंतजार करना पड़ता है।
यहां पर विरसिंहपुर के 100 बेड अस्पताल के रेडियोलॉजिस्ट को संबद्ध करके अल्ट्रासाउंड जांच करवाने का काम चलाया जा रहा है, जो हफ्ते में केवल दो दिन ही आते हैं। ऐसे में मजबूरन मरीज निजी डायग्नोस्टिक सेंटरों पर अधिक पैसा खर्च कर जांच कराते हैं।
मेडिकल कॉलेज में तैनात अस्थायी रेडियोलॉजिस्ट डॉ. आरपी सिंह ने बीते आठ अगस्त को अवकाश ले लिया, और कुछ दिन बाद स्वास्थ्य का हवाला देकर इस्तीफा दे दिया। जांच प्रभावित हुई तो सीएमओ ने अस्थायी व्यवस्था के तहत विरसिंहपुर 100 शय्या अस्पताल के रेडियोलॉजिस्ट डॉ. राधेश्याम यादव को पहले तीन दिन (सोमवार, मंगलवार और शनिवार) को मेडिकल कॉलेज में संबद्ध कर दिया। बाद में एक दिन कम करते हुए सोमवार व बुधवार की ड्यूटी लगा दी।
मेडिकल कॉलेज में मात्र दो दिन ही अल्ट्रासाउंड किया जा रहा है। इन दो दिनों में रेडियोलॉजिस्ट की अतिरिक्त ड्यूटी लग जाने पर सोमवार व बुधवार को भी अल्ट्रासाउंड नहीं होता है। बृहस्पतिवार को इलाज कराने आए राम सुख ने बताया कि पेट दर्द की समस्या को लेकर फिजिशियन को दिखाया। उन्होंने पथरी की आशंका व्यक्त करते हुए अल्ट्रासाउंड कराने की सलाह दी है, जांच के लिए सोमवार को आना पड़ेगा। जिससे दवा भी देर में शुरु हो पाएगी। राजेश ने बताया कि सप्ताह भर से पेट में दर्द हो रहा है। फिजिशियन ने अल्ट्रासाउंड कराने की सलाह दी है। दर्द अधिक होने पर जल्दी इलाज कराना चाहता था, इससे निजी सेंटर पर जाकर 800 रुपये खर्चकर अल्ट्रासाउंड कराया है।
प्राचार्य डॉ. सलिल श्रीवास्तव ने बताया कि रेडियोलॉजिस्ट की नियुक्ति के लिए पत्राचार हो रहा है। जल्द ही इसकी कमी दूर हो जाएगी और अल्ट्रासाउंड की व्यवस्था नियमित हो जाएगी।
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यहां पर विरसिंहपुर के 100 बेड अस्पताल के रेडियोलॉजिस्ट को संबद्ध करके अल्ट्रासाउंड जांच करवाने का काम चलाया जा रहा है, जो हफ्ते में केवल दो दिन ही आते हैं। ऐसे में मजबूरन मरीज निजी डायग्नोस्टिक सेंटरों पर अधिक पैसा खर्च कर जांच कराते हैं।
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मेडिकल कॉलेज में तैनात अस्थायी रेडियोलॉजिस्ट डॉ. आरपी सिंह ने बीते आठ अगस्त को अवकाश ले लिया, और कुछ दिन बाद स्वास्थ्य का हवाला देकर इस्तीफा दे दिया। जांच प्रभावित हुई तो सीएमओ ने अस्थायी व्यवस्था के तहत विरसिंहपुर 100 शय्या अस्पताल के रेडियोलॉजिस्ट डॉ. राधेश्याम यादव को पहले तीन दिन (सोमवार, मंगलवार और शनिवार) को मेडिकल कॉलेज में संबद्ध कर दिया। बाद में एक दिन कम करते हुए सोमवार व बुधवार की ड्यूटी लगा दी।
मेडिकल कॉलेज में मात्र दो दिन ही अल्ट्रासाउंड किया जा रहा है। इन दो दिनों में रेडियोलॉजिस्ट की अतिरिक्त ड्यूटी लग जाने पर सोमवार व बुधवार को भी अल्ट्रासाउंड नहीं होता है। बृहस्पतिवार को इलाज कराने आए राम सुख ने बताया कि पेट दर्द की समस्या को लेकर फिजिशियन को दिखाया। उन्होंने पथरी की आशंका व्यक्त करते हुए अल्ट्रासाउंड कराने की सलाह दी है, जांच के लिए सोमवार को आना पड़ेगा। जिससे दवा भी देर में शुरु हो पाएगी। राजेश ने बताया कि सप्ताह भर से पेट में दर्द हो रहा है। फिजिशियन ने अल्ट्रासाउंड कराने की सलाह दी है। दर्द अधिक होने पर जल्दी इलाज कराना चाहता था, इससे निजी सेंटर पर जाकर 800 रुपये खर्चकर अल्ट्रासाउंड कराया है।
प्राचार्य डॉ. सलिल श्रीवास्तव ने बताया कि रेडियोलॉजिस्ट की नियुक्ति के लिए पत्राचार हो रहा है। जल्द ही इसकी कमी दूर हो जाएगी और अल्ट्रासाउंड की व्यवस्था नियमित हो जाएगी।
