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Unnao News: उन्नाव एसडीएम की फर्जी आईडी से शातिर ने ठगी का बिछाया जाल

Thu, 04 Jun 2026 01:11 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Thu, 04 Jun 2026 01:11 AM IST
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उन्नाव। मूल रूप से सवोZदयनगर के रहने वाले उन्नाव के पुरवा एसडीएम प्रमेश श्रीवास्तव की फर्जी फेसबुक आईडी से शातिर ने कई लोगों से ठगी का प्रयास किया। उसने संतोष कुमार को सीआरपीएफ अधिकारी बताकर फेसबुक दोस्तों को मैसेज किया। कहा इन्होंने चार महीने पहले फ्रीज, टीवी, एसी, एलईडी, सोफा, बेड और अन्य सामान खरीदा था। अब इनका ट्रांसफर हो गया है। 95 हजार में सारा सामान घर भिजवा देंगे। एसडीएम को जैसे ही घटना की जानकारी हुई, उन्होंने एनसीआरपी की हेल्पलाइन पर शिकायत की।बुधवार की शाम करीब सात बजे पुरवा एसडीएम प्रमेश श्रीवास्तव के नाम से उनके फेसबुक दोस्तों के पास मैसेज आए। उसमें लिखा था सीआरपीएफ अधिकारी संतोष कुमार मेरे अच्छे दोस्त हैं। यह लखनऊ एयरपोर्ट में तैनात थे। इनका ट्रांसफर हो गया है। इन्होंने चार महीने पहले ही फ्रीज, एसी, एलईडी, बेड, सोफा, डायनिंग टेबल, अलमारी समेत अन्य सामान खरीदा था। ट्रांसफर होने की वजह से इन्हें जाना पड़ रहा है। सारा सामान बेहतर हालत में है। केवल 95 हजार रुपये में यह घर तक पहुंच जाएगा। मैसेज आने पर कुछ दोस्तों ने अपनी प्रतिक्रियाएं दी। कुछ ने ओके लिखा। कानपुर के एक युवक ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी। थोड़ी देर में उनके पास व्हाट्सएप कॉल आई। उसकी डीपी में सीआरपीएफ अधिकारी की यूनीफार्म में कोई नजर आ रहा था। उसने स्वयं को सीआरपीएफ अधिकारी संतोष कुमार बताया। युवक ने जैसे ही सामान की जानकारी की तो दूसरी ओर से फ्रीज, टीवी, सोफा समेत सभी की फोटो भेज दी गई। युवक ने रुपये देने का जरिया पूछा, जिस पर शातिर ने उनके कानपुर के घर का पता पूछा। कहा सीआरपीएफ के दो अफसर घर तक सामान पहुंचा देंगे। युवक ने एसडीएम को मामले की जानकारी दी। उन्होंने देखा और तुरंत फेसबुक पर लिखा कि यह कोई साइबर अपराधी है। इस मैसेज को ध्यान न दें। उन्होंने नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत की।
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हिंदी के नाम से फंसा

साइबर अपराधी ने एसडीएम का नाम मैसेंजर में हिंदी में प्रमेश कुमार लिखा था, जबकि उनकी वास्तविक आईडी अंग्रेजी में बनी हुई है। उनके दोस्तों ने पहली ही बार में ठगी की साजिश पकड़ ली।
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