{"_id":"6a27190deccc73d2ad080f50","slug":"unnao-news-unnao-news-c-221-1-uno1023-151898-2026-06-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Unnao News: चकबंदी में अनियमितताओं की डीएम से शिकायत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Unnao News: चकबंदी में अनियमितताओं की डीएम से शिकायत
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
सफीपुर। तहसील क्षेत्र के ओसिया गांव में चल रहे चकबंदी कार्य से असंतुष्ट किसानों ने डीएम को शिकायती पत्र सौंपा है। इसमें चकबंदी प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए इसकी निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।
गांव निवासी अखिलेश, नवरंग, शंभू, मुकेश सहित करीब 30 ग्रामीणों ने डीएम को शिकायती पत्र दिया है। आरोप है चकबंदी विभाग किसानों को निर्धारित पर्चा संख्या 41 और पर्चा संख्या 23 का समय पर वितरण नहीं कर रहा है। इससे किसानों को अपने अधिकारों और आपत्तियों की जानकारी नहीं मिल पा रही है। किसानों का कहना है कि कई मामलों में एसओसी और सीओ के न्यायालयों में मुकदमे लंबित होने के बावजूद भूमि की नाप-जोख कराई जा रही है जो नियमों के विपरीत है।
इसके अलावा किसानों की जमीन छोटे-छोटे चकों में विभाजित करने, प्रभावशाली लोगों को लाभ पहुंचाने के लिए सार्वजनिक भूमि को उनके खेतों में मिलाने, चकरोड का समुचित प्रावधान न करने, बाजार, खेल मैदान, पार्क, बारातघर, अस्पताल, श्मशान घाट की भूमि चिह्नित न करने के आरोप लगाए है। किसानों का कहना है कि लेखपाल व नाप टीम की लापरवाही से ग्रामीण को भविष्य में कई प्रकार की कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने डीएम से मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई करने व चकबंदी कार्य को नियमों के अनुरूप कराने की मांग की है।
विज्ञापन
Trending Videos
गांव निवासी अखिलेश, नवरंग, शंभू, मुकेश सहित करीब 30 ग्रामीणों ने डीएम को शिकायती पत्र दिया है। आरोप है चकबंदी विभाग किसानों को निर्धारित पर्चा संख्या 41 और पर्चा संख्या 23 का समय पर वितरण नहीं कर रहा है। इससे किसानों को अपने अधिकारों और आपत्तियों की जानकारी नहीं मिल पा रही है। किसानों का कहना है कि कई मामलों में एसओसी और सीओ के न्यायालयों में मुकदमे लंबित होने के बावजूद भूमि की नाप-जोख कराई जा रही है जो नियमों के विपरीत है।
विज्ञापन
विज्ञापन
इसके अलावा किसानों की जमीन छोटे-छोटे चकों में विभाजित करने, प्रभावशाली लोगों को लाभ पहुंचाने के लिए सार्वजनिक भूमि को उनके खेतों में मिलाने, चकरोड का समुचित प्रावधान न करने, बाजार, खेल मैदान, पार्क, बारातघर, अस्पताल, श्मशान घाट की भूमि चिह्नित न करने के आरोप लगाए है। किसानों का कहना है कि लेखपाल व नाप टीम की लापरवाही से ग्रामीण को भविष्य में कई प्रकार की कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने डीएम से मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई करने व चकबंदी कार्य को नियमों के अनुरूप कराने की मांग की है।